कुल भूषण भार्गव
522 views
1 days ago
. *मल्टी-एसेट FOF, पेसिव मल्टी-एसेट और ओमनी: सरल भाषा में पूरा गाइड* *परिचय* — मल्टी-एसेट स्कीमें अलग-अलग एसेट (इक्विटी, डेट, गोल्ड आदि) में पैसा बांटकर रिस्क कम करती हैं — फर्क बस यह है कि कौन, कैसे और कितनी फ्रीडम के साथ यह बंटवारा करता है। *1) मल्टी-एसेट FOF (Fund of Funds)* *क्या है:* यह ऐसा फंड है जो सीधे शेयर/बॉन्ड में नहीं, बल्कि दूसरे म्युचुअल फंड्स में निवेश करता है — यानी “फंड का फंड”। *कैसे काम करता है:* फंड मैनेजर अलग-अलग एक्टिव/पेसिव फंड्स चुनता है (इक्विटी फंड, डेट फंड, गोल्ड ETF आदि) और उनमें एलोकेशन देता है। *फायदे:* आसान डायवर्सिफिकेशन, प्रोफेशनल सेलेक्शन, अलग-अलग मैनेजर का फायदा। *नुकसान:* खर्च (expense ratio) थोड़ा ज्यादा हो सकता है क्योंकि दूसरे फंड्स की लागत भी जुड़ सकती है। *आगे पढ़ें:* https://bhargavafinancialandinsuranceservices.blogspot.com/2026/03/fof.html https://www.facebook.com/share/p/1Jnk4ZPBLf/ #MultiAsset #FOF #FundOfFunds #PassiveInvesting #OmniAllocation #ActiveFunds #SIP #WealthPlanning #FinancialAdvice #Investment #Bhargava Financial And Insurance Services