छोड़ सात समुंदर को
आया तेरी शरण में मां
मांगा कभी ना तुझसे कुछ
बिन मांगे सब पाया है मां
देखा लोगों को करते
पूजन अर्चन वंदन तेरा
दिया ज्ञान था तेरी भक्ति का
ज्योत जगा दी दिल में मेरे
लगन लगा दी मन में मेरे
विश्वास की डोर को थमा कर
तूने ही चलना सिखाया है मां 🙏 🙏 🙏🙏🌺🌸 जय जय श्री दादीजी की, हिसार धाम 🌸🌺🙏
#🕉️सनातन धर्म🚩 #🌞 Good Morning🌞