Jan-Kranti hindi news bulletin
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9 days ago
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ईरान - इज़राइल -संयुक्त राज्य अमेरिका महायुद्ध आज 23 मार्च कुछ नये दौर पर जनक्रांति कार्यालय से केंद्रीय ब्यूरो चीफ प्रमोद कुमार सिन्हा की रिपोर्ट ईरान ने कहा है ट्रम्प का पीछे हटना उनकी कायरता की निशानी है। इंडिया जनक्रांति न्यूज़ डेस्क (जनक्रांति हिन्दी न्यूज़ बुलेटिन कार्यालय न्यूज़ डेस्क 23 मार्च, 2026)। ईरान इज़राइल अमेरिका महायुद्ध कुछ नये मोर पर खड़ा दीख रहा है। जहाँ अमेरिकन राष्ट्र पति ट्रम्प का दाबा है युद्ध समाप्ति की दिशा में सकारात्मक बातचीत जारी है अब युद्ध समाप्त की ओर है। वहीँ दुसरी ओर ईरान ने दाबा किया है ऐसी कोई बातचीत नहीं हुई है। ये अमेरिका का शगुफा है, युद्ध जारी है औऱ जारी रहेगा।ज़ब तक हमारे हर्जाने का हक़ हमें नहीं मिलेगा तबतक हम होर्मूज का रास्ता बन्द रखेंगे दुश्मनों क़े लिये। इधर ये भी सुनने में आ रहा है की भारत ने गैस पर कोई बढ़ोतरी तो नहीं करेगा गैस का पहले की ही भाँति रकम रहेगा। लेकिन गैस की मात्रा में कमी कर देगा जैसे पहले चौदह किलो की मात्रा रही है उसे घटाकर दस किलो मात्रा कर दिया जायेगा जो प्रत्यक्ष रूप से बढ़ोतर्री और कमरतोड़ महंगाई हो जायेगा। इधर ईरान ने कहा है ट्रम्प का पीछे हटना उनकी कायरता की निशानी है। मिडिल इष्ट में जंग लगातार जारी है ट्रम्प साँप - छूछन्दर क़े फेर में पड़ गये हैँ ना उनसे निगलते बन रहा है ना उगलते बन रहा है स्पष्ट तौर पर वे कायर नजर आ रहे हैँ उनका कहना है पाँच दिन हम पॉवर प्लांट पर हमला नहीं करेंगे इंफ़्रा स्ट्रेक्चर पर भी कोई हमला नहीं होगा वहीं दुसरी ओर ईरान ने खुर्रम शहर पर मिसाइल से अटैक किया है ईरानी मिडिया क़े अनुसार ट्रम्प से इस मुद्दे पर कोई बातचीत नहीं हुई है ईरान ने अपने मिसाइल पर ट्रम्प का फोटो चिपकाया है जिस पर ट्रम्प का कथन को मजाक बना दिया है ईरान ने कहा है हम अमेरिकन मिलेट्री वेश पर हमला करेंगे। पुनः अब खाड़ी युद्ध पानी पर आ गयी है पानी क़े प्लांट पर हमला करने से ईरान का व्यान आया है पानी क़े बिना पुरा खाड़ी देश में ह्ड़कंप मच गया है इधर भारतीय प्रधान मंत्री की नियत औऱ नियति में काफ़ी फ़र्क़ दीख रहा है इनकी पालिसी अंग्रेजों बाला है फुट डालो औऱ राज करो कभी हिन्दू मुस्लिम तो कभी बैकवर्ड - फॉरवर्ड इसके सिबा इनकी कोई पालिसी ही नहीं है जितना राम मंदिर बनने में खर्च हुआ उतना में विश्व स्तरीय बड़े हॉस्पिटल बन सकते थे इनकी नियत औऱ नियति मेनकाफी फर्क दीख रहा है शुरुआत में नोटबंदी कर लोगों को लाइन में लगबाकर मारा अब गैस क़े लिये लाइन में लगबाकर मार रहे हैँ महंगाई चरम चोटी पर बढ़ते जा रहे हैं बेरोजगारी भी चरम चोटी पर है सिर्फ कुर्सी बचाने क़े लिये वे तरह तरह करतव कर रहे हैँ जितना खर्च उनके विदेश दौरे पर हुआ शायद ही किसी प्रधान मंत्री क़े कार्यकाल में हुआ हो। 👆उपरोक्त न्यूज़ प्रकाशन हेतु प्रमोद कुमार सिन्हा, केंद्रीय ब्यूरो चीफ, जनक्रांति हिन्दी न्यूज़ बुलेटिन द्वारा संप्रेषित व समस्तीपुर जनक्रांति प्रधान कार्यालय से प्रकाशित व प्रसारित। #moj_content ##Eran -israil - America yudh ##political