सुप्रभात
काव्य शास्त्र विनोदेन
कालो गच्छति धीमताम्।
व्यसनेन तु मूर्खाणां
निद्रया कलहेन वा॥
*भावार्थः- बुद्धिमानों का समय काव्य, शास्त्र एवं अन्य सार्थक कलाओं से आनंद प्राप्त करने में व्यतीत होता है, जबकि मूर्खों का समय व्यसन, नींद, परनिंदा, शंका और कलह में व्यतीत होता है।* #☝अनमोल ज्ञान #🙏सुविचार📿 #☝ मेरे विचार #📒 मेरी डायरी #👫 हमारी ज़िन्दगी