ᵛ͢ᵎᵖ𝄟 🇲.🇩✮͢🦋⃟≛⃝M̤ṳj̤i̤b̤_̤ a̤n̤s̤a̤r̤i̤_̤786
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11 hours ago
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जंगे बदर यौम-ए-फुरकान: हक और बातिल का पहला मुकाबला" यही वह ऐतिहासिक सरज़मीन है जिसे 'मैदान-ए-बदर' कहा जाता है। आज से लगभग 1400 साल पहले, 17 रमज़ानुल मुबारक, 2 हिजरी को इसी मैदान में इस्लाम की सबसे पहली और सबसे अज़ीम जंग लड़ी गई थी। इस जंग की कुछ खास बातें जो हर मुसलमान का ईमान ताज़ा कर देती हैं: ✨ बेमिसाल मुकाबला: एक तरफ अल्लाह के रसूल ﷺ की कयादत में सिर्फ 313 निहत्थे सहाबा थे, और दूसरी तरफ कुरैश का 1000 का लश्कर जो हथियारों और घोड़ों से लैस था। ✨ अल्लाह की नुसरत: इसी मैदान में अल्लाह के नबी ﷺ ने सजदे में गिरकर दुआ मांगी थी, जिसके बाद आसमान से फरिश्तों की फौज उतारी गई और हक को बातिल पर ऐसी जीत मिली जिसने तारीख बदल दी। ✨ नतीजा: इस जंग ने साबित कर दिया कि जीत तादाद से नहीं, बल्कि ईमान की ताकत और अल्लाह की मदद से मिलती है। आज भी इस मैदान की खामोशी उस अज़ीम फतह की गवाही देती है। अल्लाह रब्बुल इज़्ज़त हमें बदर के शहीदों और सहाबा-ए-किराम के नक्श-ए-कदम पर चलने वाला बनाए और हमारे ईमान को वैसी ही मजबूती अता फरमाए। 🤲 आमीन, सुम्मा आमीन। 📍 मैदान-ए-बदर, सऊदी अरब 🌙 17 रमज़ान मुबारक #☪️रमजान Status⏳ #🛐 बदर दिवस Status🤲 #md Mujib Ansari 786 ki shayriyan #🤲इस्लाम की प्यारी बातें #✍️रमजान शायरी और कोट्स🤔💭