Jaya sharma
745 views
अनंत चतुर्दशी की हार्दिक शुभकामनाएं 🙏🏻 ​अनंत चतुर्दशी, जिसे अनंत चौदस भी कहते हैं, गणेशोत्सव का आखिरी दिन होता है। यह गणेश चतुर्थी के दस दिन बाद मनाई जाती है और इस दिन भगवान गणेश की मूर्ति का विसर्जन (जल में विसर्जन) किया जाता है। यह त्योहार भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी को आता है। ​यह दिन विशेष रूप से इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि: ​गणेश विसर्जन: इस दिन भक्तगण, ढोल-नगाड़ों और नाच-गाने के साथ, भगवान गणेश की मूर्ति को विसर्जित करते हैं। यह माना जाता है कि भगवान गणेश अपने निवास स्थान, कैलाश पर्वत, पर वापस लौट जाते हैं। ​अनंत देव का व्रत: इस दिन भगवान विष्णु के अनंत रूप की पूजा भी की जाती है। भक्त 'अनंत सूत्र' नामक एक धागा अपनी कलाई पर बांधते हैं, जिसमें 14 गांठें होती हैं, जो 14 लोकों का प्रतीक मानी जाती हैं। यह धागा रक्षा और समृद्धि का प्रतीक माना जाता है। ​अनंत चतुर्दशी न केवल गणेश जी की विदाई का दिन है, बल्कि यह अनंत सुख, समृद्धि और रक्षा के लिए भगवान विष्णु के अनंत रूप की पूजा का भी दिन है। यह त्योहार भक्तों के लिए गणेश चतुर्थी से शुरू हुए उत्सव का एक भावनात्मक और महत्वपूर्ण अंत होता है। #मेरी सहेली(My True Friend) #🌺 श्री गणेश #🌺 श्री गणेश विसर्जन 👋 #🪔अनंत चतुर्दशी🌸 #🥻गणेश पूजा लुक 2025🚹