#सतभक्ति संदेश
पाप कर्म-
संत रामपाल जी
शास्त्र विधि त्यागकर मनमाना आचरण करके भक्ति कर्म करना, चोरी, परस्त्री से बलात्कार, परस्त्री को दोष दृष्टि से देखना, माँस-मदिरा, नशीली वस्तुओं का सेवन, रिश्वत लेना, डाके मारना, हिंसा करना आदि-आदि अशुभ कर्म हैं यानि पाप कर्म हैं।
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