#GodMorningFriday
छप्पन भोग
नर से फिर पशुवा कीजै, गधा, बैल बनाई।
छप्पन भोग कहां मन बौरे, कहीं कुरड़ी चरने जाई।।
मनुष्य जीवन में हम कितने अच्छे अर्थात 56 प्रकार के भोजन खाते हैं। भक्ति न करने से या शास्त्र विरुद्ध साधना करने से गधा बनेगा, फिर ये 56 प्रकार के भोजन कहां प्राप्त होंगे कहीं कुरड़ीयो पर पेट भरने के लिए घास खाने जाएगा। इसी प्रकार बैल आदि-आदि पशुओं की योनियों में कष्ट पर कष्ट उठाएगा।
#santrampaljimaharaj