मैं अपनी आत्मा को तेरे ही हाथ में सौंप देता हूँ; हे यहोवा, हे विश्वासयोग्य परमेश्वर,
तूने मुझे मोल लेकर मुक्त किया है।
(भजन संहिता 31:5)
दाऊद का जीवन खतरे, विश्वासघात और लगातार पीछा किए जाने से भरा था, फिर भी उसने समर्पण का रहस्य सीख लिया। जब राजा शाऊल उसका पीछा कर रहा था, तब दाऊद के पास अवसर था कि वह अपने हाथों से बदला ले, यहाँ तक कि शाऊल को मार भी सकता था। परन्तु उसने परमेश्वर के समय और उसकी सुरक्षा पर भरोसा किया। अपनी आत्मा को परमेश्वर के हाथों में सौंपकर दाऊद ने यह स्वीकार किया कि उसका जीवन परमेश्वर के नियंत्रण में ही सबसे सुरक्षित है। परमेश्वर ने उसे शत्रुओं, भय और निराशा से छुड़ाया और अंततः उसे राजा ठहराया। यह पद हमें स्मरण दिलाता है कि सच्ची शांति पूर्ण समर्पण में है।
डॉ. जॉनसन चेरियन #😇 എന്റെ യേശു #✝ ബൈബിൾ വചനം #🙏🏼 ഭക്തി