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Deepak Kumar
@4637549
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Deepak Kumar
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4 hours ago
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*!! प्रातः नमन !!* *=========* *दुध, दही, छाछ, माखन, घी* *सब एक ही कुल के हो कर भी* *सबकी कीमत अलग अलग है,* *क्योंकि...* *"श्रेष्ठता" जन्म से नही,* *बल्कि अपने कर्म,अपनी* *कला, और अपने गुणोंं से प्राप्त होती है!!* 🙏🏻🏵️ *सुप्रभात* 🏵️🙏 #❤️जीवन की सीख #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #🙏गीता ज्ञान🛕
Deepak Kumar
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22 hours ago
💢💢💢💢💢 *किसी ने सही कहा है...!* *किताब से सीखे तो नींद आती है....!* *जिंदगी सिखाएं तो नींद उड़ जाती है....!* * "जब तक है जिंदा तब तक है निंदा"....!*_ *बुराई से डरो बुरा करने से डरो* जो दोगे वही वापस मिलेगा l जय श्री कृष्ण 🙏🙏 💢💢💢💢 #🙏गीता ज्ञान🛕 #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #❤️जीवन की सीख
Deepak Kumar
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1 days ago
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✨ “खुद पर विश्वास रखो, क्योंकि यही वो ताकत है जो असंभव को भी संभव बना देती है।” 💪 #❤️जीवन की सीख #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #🙏गीता ज्ञान🛕
Deepak Kumar
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2 days ago
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⚜️ *आज की प्रेरणा* ⚜️ यदि आप दृढ संकल्प और पूर्णता के साथ काम करेंगे तो सफलता ज़रूर मिलेगी। *आज से हम* सफलता पाने के लिए अपने संकल्पों में दृढ़ता लायें.... जय श्री कृष्ण #❤️जीवन की सीख #🙏🏻आध्यात्मिकता😇
Deepak Kumar
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2 days ago
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आज 3 अप्रैल है। इतिहास के झरोखों से देखें तो आज का दिन कई महत्वपूर्ण वैश्विक और राष्ट्रीय घटनाओं का गवाह रहा है। ​आज का इतिहास: 3 अप्रैल ​📱 मोबाइल क्रांति की शुरुआत (1973) ​आज ही के दिन मार्टिन कूपर ने दुनिया का पहला पोर्टेबल सेल फोन कॉल किया था। उन्होंने न्यूयॉर्क की एक सड़क पर खड़े होकर मोटोरोला के 'DynaTAC' फोन से अपने प्रतिद्वंद्वी को फोन किया था। उस फोन का वजन लगभग 1.1 किलोग्राम था। ​🏇 छत्रपति शिवाजी महाराज की पुण्यतिथि (1680) ​महान मराठा शासक और 'हिंदवी स्वराज्य' के संस्थापक छत्रपति शिवाजी महाराज का निधन आज ही के दिन रायगढ़ किले में हुआ था। उनकी रणनीति और साहस आज भी भारतीय इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में दर्ज है। ​🎖️ सैम मानेकशॉ का जन्म (1914) ​भारत के पहले फील्ड मार्शल सैम मानेकशॉ का जन्म आज ही के दिन हुआ था। 1971 के भारत-पाक युद्ध में उनके नेतृत्व में भारत ने ऐतिहासिक जीत दर्ज की थी। उन्हें उनके बेबाक अंदाज और बहादुरी के लिए 'सैम बहादुर' के नाम से जाना जाता है। ​🚀 अंतरिक्ष में भारत का कदम (1984) ​भारत के पहले अंतरिक्ष यात्री राकेश शर्मा ने सोवियत संघ के अंतरिक्ष यान 'सोयुज टी-11' से अंतरिक्ष के लिए उड़ान भरी थी। इसी मिशन के दौरान उन्होंने तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी को कहा था— "सारे जहाँ से अच्छा हिंदोस्ताँ हमारा।" ​💡 अन्य महत्वपूर्ण घटनाएँ: ​1903: प्रसिद्ध समाज सुधारक और स्वतंत्रता सेनानी कमलादेवी चट्टोपाध्याय का जन्म हुआ। ​1922: जोसेफ स्टालिन को सोवियत कम्युनिस्ट पार्टी का महासचिव नियुक्त किया गया। ​आज के दिन की आपको हार्दिक शुभकामनाएँ! #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #❤️जीवन की सीख
Deepak Kumar
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3 days ago
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मन का शान्त रहना, भाग्य है, मन का वश में रहना, सौभाग्य है, मन से किसी को याद करना, अहो भाग्य है, मन से कोई आपको याद करे, परम सौभाग्य है...!! 🙏 *जयश्रीकृष्णा*🙏 #🙏गीता ज्ञान🛕 #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #❤️जीवन की सीख
Deepak Kumar
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3 days ago
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आज 2 अप्रैल है। इतिहास के झरोखों से देखें तो आज का दिन कई महत्वपूर्ण वैश्विक और राष्ट्रीय घटनाओं का गवाह रहा है। ​📜 आज का इतिहास: 2 अप्रैल ​🇮🇳 भारत की प्रमुख घटनाएँ ​1970: मेघालय का पुनर्गठन - असम के भीतर ही 'मेघालय' को एक स्वायत्त राज्य का दर्जा दिया गया था। बाद में 1972 में यह पूर्ण राज्य बना। ​1984: अंतरिक्ष में पहले भारतीय - विंग कमांडर राकेश शर्मा ने सोवियत संघ के अंतरिक्ष यान 'सोयुज टी-11' से अंतरिक्ष की यात्रा शुरू की, जिससे वे अंतरिक्ष में जाने वाले पहले भारतीय बने। ​2011: विश्व कप विजय - भारत ने 28 साल के लंबे इंतजार के बाद श्रीलंका को हराकर दूसरी बार ICC क्रिकेट वर्ल्ड कप जीता था। महेंद्र सिंह धोनी का वो आखिरी छक्का आज भी हर भारतीय के जहन में ताजा है। ​🌍 विश्व की प्रमुख घटनाएँ ​1805: हंस क्रिश्चियन एंडरसन का जन्म - प्रसिद्ध डेनिश लेखक, जिन्होंने 'द लिटिल मरमेड' और 'द अगली डकलिंग' जैसी कालजयी कहानियाँ लिखीं। ​1917: प्रथम विश्व युद्ध - अमेरिकी राष्ट्रपति वुड्रो विल्सन ने जर्मनी के खिलाफ युद्ध की घोषणा के लिए कांग्रेस से मंजूरी मांगी थी। ​1982: फ़ॉकलैंड युद्ध - अर्जेंटीना ने फ़ॉकलैंड द्वीप पर आक्रमण किया, जिससे ब्रिटेन के साथ उसका युद्ध शुरू हुआ। ​💡 आज का विशेष दिवस ​विश्व ऑटिज़्म जागरूकता दिवस (World Autism Awareness Day): ऑटिज़्म से पीड़ित लोगों के जीवन की गुणवत्ता में सुधार करने और उन्हें समाज का अभिन्न हिस्सा बनाने के लिए जागरूकता फैलाने हेतु यह दिन मनाया जाता है। #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #🙏गीता ज्ञान🛕
Deepak Kumar
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3 days ago
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हनुमान जन्मोत्सव की हार्दिक शुभकामनाएं! पवनपुत्र हनुमान का जन्म साहस, भक्ति और समर्पण का प्रतीक है। ​🚩 हनुमान जन्मोत्सव: जन्म की पौराणिक कथा 🚩 ​हनुमान जी के जन्म की कथा अत्यंत दिव्य है। इसका उल्लेख विभिन्न पुराणों में मिलता है, जिनमें से सबसे प्रचलित कथा इस प्रकार है: ​🌸 माता अंजना का तप और वरदान ​त्रेतायुग में, अंजना नाम की एक अप्सरा थीं, जिन्हें एक ऋषि के श्राप के कारण वानर रूप में पृथ्वी पर जन्म लेना पड़ा था। इस श्राप से मुक्ति पाने के लिए उन्होंने भगवान शिव की घोर तपस्या की। उनकी भक्ति से प्रसन्न होकर भगवान शिव ने उन्हें पुत्र प्राप्ति का वरदान दिया। ​🍯 खीर का वह दिव्य अंश ​उसी समय अयोध्या में राजा दशरथ अपनी रानियों के साथ पुत्र प्राप्ति के लिए पुत्रकामेष्टि यज्ञ कर रहे थे। यज्ञ के अंत में अग्नि देव ने राजा को दिव्य खीर का पात्र दिया। ​कहा जाता है कि उस खीर का एक छोटा सा अंश एक चील झपट कर ले उड़ी। जब वह चील माता अंजना के आश्रम के ऊपर से गुजर रही थी, तब वायु देव की सहायता से वह अंश माता अंजना के हाथों में गिर गया। माता ने इसे ईश्वर का प्रसाद समझकर ग्रहण कर लिया। ​⚡ महादेव के अंशावतार का जन्म ​इसी दिव्य अंश और भगवान शिव के वरदान के फलस्वरूप, चैत्र मास की पूर्णिमा को माता अंजना और वानर राज केसरी के घर हनुमान जी का जन्म हुआ। चूँकि वायु देव ने उस प्रसाद को माता तक पहुँचाया था, इसलिए हनुमान जी को 'पवनपुत्र' भी कहा जाता है। वह साक्षात भगवान शिव के 11वें रुद्रावतार हैं। ​🔱 हनुमान जी के जीवन की सीख ​अतुलित बल: शारीरिक और मानसिक शक्ति का संतुलन। ​अटूट भक्ति: प्रभु श्री राम के प्रति पूर्ण समर्पण। ​बुद्धि: संकट के समय चतुराई और विवेक का उपयोग। #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #🙏रामायण🕉 #❤️जीवन की सीख
Deepak Kumar
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4 days ago
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*पांच तत्व का पुतला प्राणी* *सूरत सबकी न्यारी* *कलाकार है कैसा भगवन* *उससे दुनियाँ हारी* *जैसी करनी वैसी भरनी* *कर्मण की गति न्यारी* *लोभ मोह अहंकार ना छोड़े* *कैसे मिले मुरारी* *तज के इन दोषो को मन तू प्यारे* *भज ले रे मन सदा श्री कृष्ण गिरधारी*। *राधे राधे राधे जी*...🕉 #💓 मोहब्बत दिल से #❤️Love You ज़िंदगी ❤️
Deepak Kumar
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4 days ago
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अप्रैल फूल डे (April Fools' Day) पूरी दुनिया में हंसी-मजाक और शरारतों के लिए जाना जाता है। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि इसकी शुरुआत कैसे हुई? इसका इतिहास काफी दिलचस्प है और इसके पीछे कई थ्योरीज हैं। अप्रैल फूल का इतिहास (History of April Fools' Day) ​1. कैलेंडर में बदलाव (The Gregorian Calendar Theory) ​सबसे लोकप्रिय कहानी 1582 की है। इससे पहले फ्रांस में 'जूलियन कैलेंडर' चलता था, जहाँ नया साल 1 अप्रैल के आसपास मनाया जाता था। जब फ्रांस ने 'ग्रेगोरियन कैलेंडर' अपनाया, तो नया साल 1 जनवरी को शिफ्ट हो गया। ​मूर्ख कौन बना?: जिन लोगों को इस बदलाव की खबर नहीं मिली या जिन्होंने इसे मानने से इनकार कर दिया, वे 1 अप्रैल को ही नया साल मनाते रहे। ​मजाक: बाकी लोगों ने उनका मजाक उड़ाना शुरू कर दिया और उन्हें 'अप्रैल फूल्स' कहा जाने लगा। ​2. हिलेरिटी (Hilaria - Ancient Rome) ​प्राचीन रोम में 'हिलेरिया' नामक एक उत्सव मनाया जाता था। यह मार्च के अंत में होता था। इसमें लोग वेश बदलकर एक-दूसरे के साथ मजाक करते थे और खेल खेलते थे। माना जाता है कि यही परंपरा आगे चलकर अप्रैल फूल बनी। ​3. वसंत का आगमन (Vernal Equinox) ​कुछ इतिहासकारों का मानना है कि यह प्रकृति से जुड़ा है। वसंत ऋतु की शुरुआत में मौसम बहुत अनिश्चित होता है—कभी धूप तो कभी अचानक बारिश। ऐसा माना जाता था कि प्रकृति इंसानों को 'बेवकूफ' बना रही है, इसलिए लोग इस दिन को मजाक के तौर पर मनाने लगे। क्या आप जानते हैं कि हम 'अप्रैल फूल' क्यों मनाते हैं? 🤔 इसके पीछे सदियों पुराना इतिहास है! 1582 में जब कैलेंडर बदला गया, तो जो लोग पुराने ढर्रे पर चले उन्हें 'मूर्ख' कहा गया। आज यह दिन केवल खुशियाँ और हंसी बांटने का जरिया है। किसी के साथ प्यारी सी शरारत करें और मुस्कुराएं! 😊✨ सावधान! 📢 आज के दिन किसी पर भरोसा न करें, यहाँ तक कि अपने कैलेंडर पर भी नहीं! 😂 अप्रैल फूल की ढेरों शुभकामनाएं। याद रहे, मजाक ऐसा हो जिससे किसी का दिल न दुखे, बस चेहरा खिल उठे! 🃏 ​"मजाक वहीं तक अच्छा है जहाँ तक वह किसी को नुकसान न पहुँचाए। सुरक्षित और मजेदार अप्रैल फूल मनाएं!" 🤡 #❤️जीवन की सीख #❤️Love You ज़िंदगी ❤️ #💓 मोहब्बत दिल से