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Deepak Kumar
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Deepak Kumar
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​दौलत यहीं रह जाती है हाथ में... इंसान मिल जाता है खाक में... सोच कर तो देख बंदे, क्या है तेरे हाथ में... ✨ ​जीवन की सबसे बड़ी सच्चाई यही है कि हम खाली हाथ आए थे और खाली हाथ ही जाएंगे। न यह धन-दौलत साथ जाएगी, न ही यह सांसारिक अहंकार। अगर साथ जाएगा तो सिर्फ हमारा अच्छा व्यवहार, हमारे अच्छे कर्म और दूसरों को दी गई खुशियाँ। ​समय रहते इस सच्चाई को समझें, अपनों से प्यार करें, नेक राह पर चलें और हर पल को खुशी से जिएं। #📖जीवन का लक्ष्य🤔 #❤️जीवन की सीख
Deepak Kumar
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7 hours ago
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​📜 आज का इतिहास (19 मई): एक नज़र अतीत के पन्नों पर 📜 ​आज का दिन इतिहास के पन्नों में कई महत्वपूर्ण घटनाओं, महान हस्तियों के जन्म और उनके अवसान के लिए दर्ज है। आइए जानते हैं आज के दिन की कुछ प्रमुख बातें: ​🌟 प्रमुख घटनाएँ (Major Events) ​1536: इंग्लैंड के राजा हेनरी अष्टम की दूसरी पत्नी ऐन बोलिन को व्यभिचार के आरोप में मौत के घाट उतार दिया गया था। यह इतिहास की सबसे चर्चित शाही घटनाओं में से एक है। ​1971: सोवियत संघ ने अपने मार्स-2 अंतरिक्ष यान को मंगल ग्रह की ओर रवाना किया था। ​2008: भारतीय मूल के लेखक सलमान रुश्दी को उनकी प्रसिद्ध किताब 'मिडनाइट्स चिल्ड्रन' के लिए 'बेस्ट ऑफ बुकर' पुरस्कार से नवाजा गया था। ​🎂 आज जन्मे प्रमुख व्यक्तित्व (Birthdays) ​1910: महात्मा गांधी की हत्या करने वाले नाथूराम गोडसे का जन्म आज ही के दिन हुआ था। ​1913: भारत के प्रसिद्ध राष्ट्रपति नीलम संजीव रेड्डी के भाई और प्रसिद्ध राजनीतिज्ञ नीलम संजीव रेड्डी (जिन्होंने देश के छठे राष्ट्रपति के रूप में सेवा दी, उनका जन्म भी मई के महीने में ही हुआ, लेकिन आज के दिन प्रसिद्ध लेखक और राजनेता टी. प्रकाशम जैसी हस्तियों को याद किया जाता है)। ​1934: बच्चों के चहेते और भारत के प्रसिद्ध अंग्रेजी लेखक रस्किन बॉन्ड (Ruskin Bond) का जन्म आज ही के दिन हुआ था। उनकी कहानियों ने कई पीढ़ियों का मनोरंजन किया है। ​1938: तमिल फिल्मों के दिग्गज अभिनेता और राजनेता गिरीश कर्नाड का जन्म आज ही हुआ था। ​🕯️ पुण्यतिथि (Anniversaries) ​1904: भारत के महान उद्योगपति और टाटा समूह के संस्थापक जमशेदजी टाटा का आज ही के दिन निधन हुआ था। उन्होंने भारत के औद्योगिक विकास की नींव रखी थी। ​1996: भारत के प्रसिद्ध स्वतंत्रता सेनानी और राजनेता नीलम संजीव रेड्डी (भारत के छठे राष्ट्रपति) का आज ही के दिन निधन हुआ था। ​आज का विचार: "महान कार्य करने का एकमात्र तरीका यह है कि आप जो करते हैं उससे प्यार करें।" — जमशेदजी टाटा को सादर नमन। #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #❤️Love You ज़िंदगी ❤️ #📖जीवन का लक्ष्य🤔 #❤️जीवन की सीख
Deepak Kumar
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12 hours ago
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जय श्री राम! 🔱 अजर-अमर, अतुलित बल के धाम, भगवान श्री हनुमान जी के दिव्य दर्शन से अपने "शुभ मंगलवार" की शुरुआत करें। संकटमोचन की कृपा आप सब पर हमेशा बनी रहे और आपके सभी संकट दूर हों। मंगलवार की हार्दिक शुभकामनाएं! 🙏 ✨ #📖जीवन का लक्ष्य🤔 #❤️जीवन की सीख #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #❤️Love You ज़िंदगी ❤️
Deepak Kumar
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1 days ago
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भीषण गर्मी में मानवता की एक सुंदर तस्वीर! 🐦💧 ​इस तपती गर्मी में जहां हम इंसान बेहाल हैं, ज़रा सोचिए इन बेजुबान पक्षियों का क्या हाल होता होगा। प्यास से व्याकुल इस छोटी सी चिड़िया को पानी पिलाकर इस व्यक्ति ने इंसानियत की एक बेहतरीन मिसाल पेश की है। ​छोटा सा प्रयास भी किसी की जान बचा सकता है। आइए इस गर्मी में हम सब मिलकर एक छोटा सा संकल्प लें: ​अपने घर की छत, बालकनी या आंगन में मिट्टी के बर्तनों में साफ पानी ज़रूर रखें। ​पानी को रोज़ बदलें ताकि मच्छरों का प्रकोप न बढ़े। ​संभव हो तो पक्षियों के लिए थोड़ा अनाज या दाना भी डालें। ​आपकी बालकनी में रखा पानी का एक कटोरा, किसी बेजुबान की प्यास बुझाकर उसकी जान बचा सकता है। पुण्य के इस काम में अपना योगदान दें और दूसरों को भी प्रेरित करें! 🙏✨ #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #❤️Love You ज़िंदगी ❤️
Deepak Kumar
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1 days ago
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कर्म और भक्ति का अटूट संबंध! 🪔✨ "ईश्वर के दरबार में आपकी नीयत देखी जाती है, कर्म का आकार नहीं।" अगस्त्य मुनि और राजा भद्राश्व का यह प्रसंग सिद्ध करता है कि सच्चे मन से की गई छोटी सी सेवा भी महापुण्य का कारण बनती है। श्री हरि विष्णु के दीपदान का महत्व समझाने वाली यह बेहद खूबसूरत पौराणिक कथा एक बार अवश्य पढ़ें। 🌟 *सतयुग की बात है. एक समय में भद्राश्व नामक महान राजा हुआ करते थे. भद्राश्व इतने शक्तिशाली राजा थे कि उनके नाम पर भद्राश्ववर्ष पड़ा.* *एक बार उनके राज्य में अगस्त्य मुनि पहुंचे. वे राजमहल में भी पधारे. राजा ने खूब आवभगत की.* *अगस्त्य बोले- भद्राश्व मैं तुम्हारे वहां सात दिन रुकूंगा. राजा ने उनके ठहरने का विधिवत प्रबंध किया और अपने सेवकों इत्यादि को उनकी सेवा में लगा दिया.* *उन्होंने अपनी रानियों से उनके दर्शन लाभ लेने को कहा.* *राजा भद्राश्व की रानी कांतिमती अत्यंत सुंदरी थी. कहते हैं उसके चेहरे की चमक बारह सूर्यों के समान चौंधिया देने वाली थी.* *रानी कांतिमति के अलावा राजा के रनिवास में पचास हजार अन्य रानियां भी थी पर कांतिमती की कोई बराबरी नहीं थी.* *पहले ही दिन रानी कांतिमती मुनि अगस्त्य के दर्शन के लिये आयी. अगस्त्य मुनि ने कांतिमति को देखा तो देखते रह गये.* *उन्होंने कहा.. राजा तू बड़ा ही भाग्यवान है, तू धन्य है.* *दूसरे दिन कांतिमती फिर आयी तो उसे देखकर अगस्त्य बोले.. ओह, सारा संसार वंचित रह गया.* *तीसरे दिन कहा.. ये लोग तो उस गोविंद की माया को भी नहीं जानते जिसने एक दिन की प्रसन्नता में इन्हें क्या कुछ नहीं दे दिया.* *चौथे दिन जब कांतिमती मुनि दर्शन के लिये पहुंची तो वे अपने दोनों हाथ ऊपर उठा कर बोले.. हे जगन्नाथ आप धन्य हैं. आपकी लीला महान है.* *इसी तरह पांचवें दिन बोले.. भद्राश्व तुम्हें बहुत बहुत धन्यवाद, हे अगस्त्य तू धन्य हुआ.* *इसी तरह छठे दिन भी उन्होंने कांतिमती को देख कर प्रशंसात्मक टिप्पणियां की.* *सातवें दिन तो गज़ब ही हो गया. वे बोले कि राजा ही नहीं उसकी रानी, सेवक सभी मूर्ख हैं जो मेरी बात नहीं समझते.* *इतना कहने के बाद वे उठे और सबके बीच, राजा भद्राश्व के सामने ही भाव विभोर हो नाचने लगे.* *सात दिनों तक रानी के जाने पर उसकी प्रशंसा और अब यह सभी उपस्थित लोगों के सामने ही धीर गंभीर रहने वाले मुनि का नृत्य.* *कुछ देर तो राजा अचरज में रहा फिर उसने विनम्रता से हाथ जोड़कर अगस्त्य मुनि से इसका कारण पूछा.* *राजा के आश्चर्य और प्रश्न के उत्तर में मुनि ने कहा.. राजन आप पूर्वजन्म में हरिदत्त नामक एक धनवान पर धर्म कर्म में विश्वास रखने वाले वैश्य के दास थे.* *उसकी सेवा सुरक्षा आपका काम था. यह कांतिमती तब भी आपकी पत्नी थी. कांतिमती भी वैश्य के यहां दासी का काम करते थी.* *एक बार वैश्य ने फैसला किया कि वह अश्विन मास की द्वादशी का व्रत रख कर भगवान विष्णु के मंदिर में विधिवत पूजा करेगा.* . *समय आने पर वैश्य ने सारी तैयारियां कर मंदिर के लिये प्रस्थान किया* *तुम दोनों उसके भरोसेमंद नौकर थे सो इसलिये उसने न सिर्फ तुम दोनों को अपने साथ लिया बल्कि पूजा प्रबंध में भी साथ रखा.* *जब पूजा समाप्त हो गयी और शाम को वैश्य घर लौटने लगा तो उसने तुम दोनों को जिम्मेदारी दी की तुम लोग भगवान विष्णु के आगे जलाये दीपक को बुझने न दोगे.* *तुम दोनों पति पत्नी ने रात भर दीपक के सामने बैठ कर काटा. दीपक को एक क्षण के लिये भी बुझने न दिया.* *जब तक पूरी तरह सवेरा न हुआ, न उठे. तुम दोनों ने रक्षपाल की भूमिका बहुत ध्यानपूर्वक निभाया.* *बहुत काल बाद उम्र पूरी होने पर तुम दोनों थोड़े से ही अंतराल पर मृत्य को प्राप्त हुए.* *राजा तुम तो महान राजा प्रियव्रत के वहां पैदा हुये, राजकुमार बने और उस जन्म में दासी रही यह कांतिमती भी उस पुण्य के प्रताप से आज तुम्हारी रानी है.* *वह दीपक तो वैश्य का था, उसके यत्न और धन से जला था, तुमने तो बस उसको जलते रहने की देखरेख ही की थी.* *यदि केवल इतने से ही का पुण्य प्रताप यह फल दे सकता है तो जो विष्णु मंदिर में स्वयं दीपक जलाएंगे उनको कितना पुण्य मिलेगा.* *इसीलिये मैंने कहा था कि सब संसार इससे वंचित रह गया, सबको मूर्ख मैंने इसलिये कहा कि सब कुछ को देखते हुए भगवान विष्णु के दीपदान के महत्व को लोग नहीं जानते.* *अपने को धन्यवाद इसलिये दिया कि मुझे सब कार्यों में महज श्रीविष्णु ही सूझते हैं और तुम्हें और कांतिमती को धन्य इसलिये कहा कि तुमने दूसरे के जलाये दीप की रक्षा भी इस तरह मन लगा कर किया.* *राजा भद्राश्व अगस्त्य का उत्तर सुन कर संतुष्ट हुए और उन्होंने अगस्त्य् मुनि का धन्यवाद देते हुए कहा..* *मुनिवर कुछ दिन और रुकें और हमें उपदेश दे कर जायें.* *अगस्त्य मुनि ने भद्राश्व को शीघ्र ही योग्य पुत्र का पिता बनने का आशीर्वाद दिया और कहा कि कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर मुझे पुष्कर में उपस्थित होना है इसलिये अब मैं वहाँ के लिये प्रस्थान करूंगा.* #नीला आसमान 🌌 #❤️जीवन की सीख #📖जीवन का लक्ष्य🤔 #❤️Love You ज़िंदगी ❤️ #🙏🏻आध्यात्मिकता😇
Deepak Kumar
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1 days ago
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​ आज का इतिहास: 18 मई (Today in History) ​आज का दिन इतिहास के पन्नों में बेहद खास और गौरवशाली है, खासकर भारत के लिए। आइए जानते हैं आज ही के दिन दुनिया और देश में क्या बड़ी घटनाएं घटी थीं: ​1. 🇮🇳 भारत बना परमाणु शक्ति (1974) ​आज ही के दिन 1974 में भारत ने राजस्थान के पोखरण में अपना पहला भूमिगत परमाणु परीक्षण किया था। इस गोपनीय मिशन का कोडनेम था "स्माइलिंग बुद्धा" (Smiling Buddha)। इस परीक्षण के साथ ही भारत दुनिया का छठा परमाणु शक्ति संपन्न देश बन गया था। ​2. 🕊️ अंतरराष्ट्रीय संग्रहालय दिवस (International Museum Day) ​आज पूरी दुनिया में 'अंतरराष्ट्रीय संग्रहालय दिवस' मनाया जाता है। इसकी शुरुआत 1977 में हुई थी। यह दिन हमारे इतिहास, संस्कृति और विरासत को सहेज कर रखने वाले संग्रहालयों (Museums) के महत्व को याद दिलाने के लिए समर्पित है। ​3. 🌋 माउंट सेंट हेलेंस का ऐतिहासिक विस्फोट (1980) ​18 मई 1980 को अमेरिका के वाशिंगटन में स्थित 'माउंट सेंट हेलेंस' ज्वालामुखी में एक भयानक विस्फोट हुआ था। इसे अमेरिकी इतिहास का सबसे विनाशकारी ज्वालामुखी विस्फोट माना जाता है, जिसने प्रकृति की असीम शक्ति से दुनिया को रूबरू कराया था। ​आज का विचार: इतिहास हमें यह नहीं सिखाता कि हम अतीत में ही जिएं, बल्कि यह सिखाता है कि हम अतीत के अनुभवों से सीखकर एक बेहतर भविष्य का निर्माण करें। ​ #❤️जीवन की सीख #नीला आसमान 🌌
Deepak Kumar
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2 days ago
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आज का इतिहास (16 May) | History of the Day 🌟 ​आज का दिन इतिहास के पन्नों में कई महत्वपूर्ण घटनाओं के लिए दर्ज है। आइए जानते हैं आज ही के दिन देश और दुनिया में क्या कुछ खास हुआ था: ​🇮🇳 भारत की महत्वपूर्ण घटनाएँ: ​सिक्किम का विलय (1975): आज ही के दिन सिक्किम अधिकारिक रूप से भारत का 22वाँ राज्य बना था। इससे पहले यहाँ राजशाही थी। ​पोखरण परमाणु परीक्षण (1998): भारत ने आज ही के दिन पोखरण में अपना पांचवां परमाणु परीक्षण कर दुनिया को अपनी ताकत का अहसास कराया था। ​ऐतिहासिक चुनावी जीत (2014): साल 2014 में आज ही के दिन लोकसभा चुनाव के नतीजे आए थे, जिसमें नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भाजपा ने पूर्ण बहुमत के साथ ऐतिहासिक जीत दर्ज की थी। ​🌍 वैश्विक घटनाएँ: ​पहला ऑस्कर अवॉर्ड (1929): हॉलीवुड में आज ही के दिन पहली बार 'Academy Awards' (ऑस्कर पुरस्कार) दिए जाने की शुरुआत हुई थी। ​एवरेस्ट पर पहली महिला (1975): जापान की जुन्को ताबेई आज ही के दिन माउंट एवरेस्ट पर फतह हासिल करने वाली दुनिया की पहली महिला बनी थीं। ​पहला लेजर प्रदर्शन (1960): थियोडोर मेमन ने आज ही के दिन दुनिया के पहले सफल लेजर (Laser) का प्रदर्शन किया था। ​सोच बदलो, इतिहास बदलो! आज का दिन हमें याद दिलाता है कि दृढ़ संकल्प से किसी भी शिखर को छुआ जा सकता है। ​ #❤️जीवन की सीख #नीला आसमान 🌌
Deepak Kumar
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4 days ago
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आज 15 मई है। इतिहास के झरोखों से देखें तो आज का दिन कई महत्वपूर्ण घटनाओं, उपलब्धियों और उतार-चढ़ाव का साक्षी रहा है। ​ ​आज का इतिहास (15 मई) ​1. भारत के 'लौह पुरुष' का साथ और पहली कैबिनेट ​1952: स्वतंत्र भारत के इतिहास में आज ही के दिन जी. वी. मावलंकर को पहली लोकसभा का अध्यक्ष (Speaker) चुना गया था। उन्होंने भारतीय संसदीय परंपराओं की नींव रखने में अहम भूमिका निभाई। ​2. सिक्किम बना भारत का 22वां राज्य ​1975: आज ही के दिन आधिकारिक रूप से सिक्किम भारतीय संघ का 22वां राज्य बना। इससे पहले यहाँ राजशाही थी, जिसे जनमत संग्रह के बाद समाप्त कर भारत में विलय कर लिया गया। ​3. विश्व परिवार दिवस (International Day of Families) ​1993: संयुक्त राष्ट्र महासभा ने 15 मई को 'अंतरराष्ट्रीय परिवार दिवस' के रूप में घोषित किया। यह दिन परिवारों के महत्व और समाज में उनकी भूमिका के प्रति जागरूकता फैलाने के लिए मनाया जाता है। ​4. विज्ञान और अंतरिक्ष की दुनिया ​1958: सोवियत संघ ने स्पुतनिक-3 अंतरिक्ष यान लॉन्च किया था। यह उस समय का एक बड़ा वैज्ञानिक कदम था जिसने अंतरिक्ष अनुसंधान की दिशा बदल दी। ​5. महान हस्तियों का जन्म और निधन ​1907: महान क्रांतिकारी सुखदेव थापर का जन्म हुआ था। उन्होंने भगत सिंह और राजगुरु के साथ मिलकर देश की आजादी के लिए अपने प्राण न्योछावर कर दिए। ​1817: प्रसिद्ध समाज सुधारक और ब्रह्म समाज के संस्थापक देवेन्द्रनाथ टैगोर का जन्म आज ही के दिन हुआ था। ​आज का विचार: "परिवार केवल एक महत्वपूर्ण चीज नहीं है, यह सब कुछ है।" — माइकल जे. फॉक्स ​ #📖जीवन का लक्ष्य🤔 #❤️Love You ज़िंदगी ❤️ #नीला आसमान 🌌 #❤️जीवन की सीख
Deepak Kumar
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5 days ago
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क्या आप जानते हैं? जुगनू एक ऐसा जीव है जो बिना खाए-पिए जीवित रह सकता है। प्रकृति की बनावट वाकई हैरान कर देने वाली है! 🌟✨ #❤️Love You ज़िंदगी ❤️ #📖जीवन का लक्ष्य🤔 #नीला आसमान 🌌 #❤️जीवन की सीख
Deepak Kumar
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5 days ago
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आज 13 मई है। इतिहास के झरोखों से देखें तो आज का दिन भारत और विश्व के लिए कई महत्वपूर्ण घटनाओं का साक्षी रहा है। विशेष रूप से भारतीय लोकतंत्र के लिए आज का दिन "प्रथम मील का पत्थर" माना जाता है। ​ ​🇮🇳 भारत का इतिहास ​1952: स्वतंत्र भारत की पहली संसद: आज ही के दिन स्वतंत्र भारत के इतिहास में संसद के दोनों सदनों (लोकसभा और राज्यसभा) का प्रथम सत्र आयोजित किया गया था। यह भारतीय लोकतंत्र के लिए एक ऐतिहासिक मोड़ था। ​1962: डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन: महान दार्शनिक और शिक्षाविद डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन ने भारत के दूसरे राष्ट्रपति के रूप में शपथ ली थी। ​1998: पोखरण परमाणु परीक्षण: भारत ने राजस्थान के पोखरण में दो और सफल परमाणु परीक्षण किए (11 मई के तीन परीक्षणों के बाद), जिससे भारत एक पूर्ण परमाणु शक्ति संपन्न राष्ट्र बन गया। ​2001: आर.के. नारायण का निधन: भारतीय अंग्रेजी साहित्य के दिग्गज लेखक और 'मालगुडी डेज' के रचयिता आर.के. नारायण का आज ही के दिन निधन हुआ था। ​🌎 विश्व का इतिहास ​1981: पोप जॉन पॉल द्वितीय पर हमला: वेटिकन सिटी के सेंट पीटर्स स्क्वायर में एक बंदूकधारी ने पोप जॉन पॉल द्वितीय पर जानलेवा हमला किया था, जिसमें वे गंभीर रूप से घायल हो गए थे। ​1648: लाल किले का निर्माण: दिल्ली के प्रसिद्ध लाल किले (Red Fort) का निर्माण कार्य 13 मई को ही पूरा हुआ था, जिसे मुगल बादशाह शाहजहाँ ने बनवाया था। ​1912: रॉयल फ्लाइंग कोर: ब्रिटेन में रॉयल फ्लाइंग कोर की स्थापना हुई, जो बाद में 'रॉयल एयर फोर्स' (RAF) बनी। ​💡 आज का विचार ​"लोकतंत्र केवल सरकार का एक रूप नहीं है; यह प्राथमिक रूप से साथ रहने और साझा अनुभव का एक तरीका है।" ​ #☝ मेरे विचार #नीला आसमान 🌌 #❤️Love You ज़िंदगी ❤️ #📖जीवन का लक्ष्य🤔 #❤️जीवन की सीख