#🌷शुभ गुरुवार #❤️जीवन की सीख #📖जीवन का लक्ष्य🤔 #🌞 Good Morning🌞 ना किसी की हमसफर, ना किसी की यार हूँ मैं,
अपनी गरिमा और सम्मान का, खुद ही श्रृंगार हूँ मैं।
माता-पिता के आंगन की, वो चहकती हुई 'बेटी',
भाई-बहनों की ढाल, और भरोसे वाली 'दीदी'।
मगर जो रूह को सुकून दे, वो सबसे ऊंचा मकाम हूँ,
अपने बच्चों के लिए, मैं ममता का पूरा 'आसमान' हूँ।
दुनिया के रिश्तों की अब, कोई और चाहत नहीं मुझे,
इन पवित्र रिश्तों में ही सिमटा, मेरा सारा संसार है।