डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी पुण्य स्मृति दिवस

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4 months ago
शत शत नमन — उन लोगों, धरातल और आदर्शों को सौ-सौ बार प्रणाम जो हमारे समाज में सत्‍कार, बलिदान और संस्कार जगाते हैं; एक छोटी सी स्मरणीय पंक्ति: "तुम्हारी आभा में मेरा सिर झुका है, शत-शत नमन हर सच्चे दिल का ठेका है" 🙏✨। व्याकरणिक रूप से मूल शब्द शत (सौ) है इसलिए लेखन और उच्चारण में "शत-शत नमन" अधिक शुद्ध माना जाता है — यह रूढ़ि और भाव की पुनरावृत्ति दर्शाता है, न कि किसी अलगार्थक सूचक का प्रयोग; यही कारण है कि भाषा-परिचर्चा में यह फ़ॉर्म प्राथमिकता पाता है। सोशल और साहित्यिक स्रोतों में यह वाक्यांश कविता, नारे और श्रद्धांजलियों में व्यापक है, जहाँ इसे मातृभूमि, राष्ट्रपिता या महान व्यक्तियों को श्रद्धांजलि देने के लिए अपनाया गया है। तर्क/विज्ञान की नजर से देखा जाए तो किसी भावनात्मक अभिव्यक्ति की प्रभावशीलता में आवृत्ति (repetition) का बड़ा रोल होता है — बार-बार बोले गए शब्द मस्तिष्क में सिमटा कर उसे भावनात्मक भार देता है, इसलिए "शत-शत" जैसा जत्था या पुनरुक्ति संदेश की गहराई और यादगारपन बढ़ाती है। अंत में एक स्मृति संचयन योग्य पंक्ति जो आप साझा कर सकते हैं: "श्रद्धा की नाप न हो सकती — पर नमन की गूँज सबको बदल देती है" 🌺🙏 #शतशतनमन #नमन #श्रद्धा #स्नेह #सच्चीभक्ति @नमन @नमन @नमन सिह @🌷नमन❣ @नमन राज़ कतिसोर #शत शत नमन #बाबू मूलचंद की जयंती पर शत कोटि नमन #लोह पुरुष को शत-शत नमन देश वासियों के ओर से #🇮🇳गांधी जी एवं शास्त्री जी की जयंती पर उन्हें शत-शत नमन🇮🇳💐 #डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी जी की जयंती पर उन्हें शत शत नमन