hey mere girdhar hey gopal hare Krishn hre

sn vyas
718 views
20 days ago
. #🪔मेरे तो गिरधर गोपाल (जय श्री कृष्णा राधे राधे) “ गोपालजी की सेवा ” घर में लड्डू गोपाल जी एवं भगवद सेवा है तो आप इस बातों का विशेष ध्यान रखें– 01–प्रथम तो यह बात मन में बैठाना बहुत आवश्यक है कि जिस भी घर में लड्डू गोपाल जी का प्रवेश हो जाता है वह घर लड्डू गोपाल जी का हो जाता है, इसलिए मेरा घर का भाव मन से समाप्त होना चाहिये अब वह लड्डू गोपाल जी का घर है। 02–दूसरी विशेष बात यह कि लड्डू गोपाल जी अब आपके परिवार के सदस्य है, सत्य तो यह है कि अब आपका परिवार लड्डू गोपाल जी का परिवार है। अतः लड्डू गोपाल जी को परिवार के एक सम्मानित सदस्य का स्थान प्रदान किया जाए। 03–परिवार के सदस्य की आवश्यकताओं के अनुसार ही लड्डू गोपाल जी की हर एक आवश्यकता का ध्यान रखा जाए। 04–एक विशेष बात यह कि लड्डू गोपाल जी किसी विशेष ताम झाम के नहीं आपके प्रेम और आपके भाव के भूखे हैं, अतः उनको जितना प्रेम जितना भाव अर्पित किया जाता है वह उतने आपके अपने होते हैं। 05–प्रति दिन प्रातः लड्डू जी को स्नान अवश्य कराएं, किन्तु स्नान कराने के लिए इस बात का विशेष ध्यान रखें कि जिस प्रकार घर का कोई सदस्य सर्दी में गर्म पानी व गर्मी में ठन्डे पानी से स्नान करता है, उसी प्रकार से लड्डू गोपाल जी के स्नान के लिए मौसम के अनुसार पानी का चयन करें। स्नान के बाद प्रतिदिन धुले स्वस्छ वस्त्र पहनायें। 06–जिस प्रकार आपको भूख लगती है उसी प्रकार लड्डू गोपाल जी को भी भूख लगती है अतः उनके भोजन का ध्यान रखें, भोजन के अतिरिक्त, सुबह का नाश्ता और शाम के चाय नाश्ते आदि का भी ध्यान रखें। 07–घर में कोई भी खाने की वस्तु आए लड्डू गोपाल जी को हिस्सा भी उसमे अवश्ये होना चाहिये। 08–प्रत्येक मौसम के अनुसार लड्डू गोपाल जी के लिए सर्दी गर्मी से बचाव का प्रबन्ध करना चाहिये, मौसम के अनुसार ही वस्त्र पहनाने चाहिये। 09–लड्डू गोपाल जी को खिलौने बहुत प्रिये हैं। ऐसी ही अनेकानेक पोस्ट पाने के लिये हमारे फेसबुक पेज ‘श्रीजी की चरण सेवा’ को फॉलो और लाईक करें तथा हमारा व्हाट्सएप चैनल ज्वॉइन करें। चैनल का लिंक हमारी फेसबुक पर देखें। उनके लिए खिलौने अवश्य लेकर आएं और उनके साथ खेलें भी। 10–समय समय पर लड्डू गोपाल जी को बाहर घुमाने भी अवश्य लेकर जायें। 11–लड्डू गोपाल जी से कोई ना कोई नाता अवश्य कायम करें, चाहे वह भाई, पुत्र, मित्र, गुरु आदि कोई भी क्यों ना हो, जो भी नाता लड्डू गोपाल जी से बनाये उसको प्रेम और निष्ठा से निभायें। 12–अपने लड्डू गोपाल जी को कोई प्यारा सा नाम अवश्य दें। 13–लड्डू गोपाल से प्रेम पूर्वक बाते करें, उनके साथ खेलें, जिस प्रकार घर के सदस्य को भोजन कराते हैं उसी प्रकार उनको भी प्रेम से भोजन कराएं। पहले लड्डू गोपाल को भोजन कराएँ उसके बाद स्वयं भोजन करें। 14–प्रतिदिन रात्री में लड्डू गोपाल जी को शयन अवश्य कराएं, जिस प्रकार एक छोटे बालक को प्रेम से सुलाते हैं उसी प्रकार से उनको भी सुलायें, थपथाएँ, लोरी सुनाएँ। 15–प्रतिदिन प्रातः प्रेम पूर्वक पुकार कर उनको जगायें। 16–किसी भी घर में प्रवेश के साथ ही लड्डू गोपाल जी में प्राण प्रतिष्ठा हो जाती है इसलिए उनको मात्र प्रतिमा ना समझ कर घर के एक सदस्य के रूप में ही उनके साथ व्यवहार करें। यूँ तो और भी बहुत से कार्य हैं जो भक्त अपनी श्रद्धा के अनुसार करते हैं, किन्तु यदि इन बातों पर ध्यान दिया जाए तो लड्डू गोपाल जी को सरलता से प्रसन्न किया जा सकता है। विजयते् श्रीबालकृष्ण प्रभु.... .