#akshayjamdagni

Akshay Jamdagni
507 views
3 days ago
AI indicator
#राशिफल 19 अप्रैल 2026: आज इन राशि के लोंग स्वास्थ्य के प्रति रहे सतर्क, जानें कैसा रहेगा आपका दिन आज 19 अप्रैल है और रविवार का दिन है। आए दिन ग्रह-नक्षत्रों की चाल बदलती है और इस असर हर एक राशि पर देखने को मिलता है। रविवार का दिन सूर्यदेव का है। इस दिन सूर्यदेव को सुबह-सुबह जल जरूर अर्पित करना चाहिए। सूर्य को अर्घ्य देने से जिंदगी में सकारात्मक बदलाव आते हैं। #मेष राशि जीवनसाथी के साथ रिश्ते में तनाव हो सकता है. आप किसी काम में दखल देने से बचें. अटके हुए मामलों में खर्च हो सकता है. आप मन को शांत करने के लिए घर से बाहर टहलने के लिए जा सकते हैं. वैवाहिक जीवन का आनंद लें. #वृषभ राशि वृषभ राशि वालों को धन हानि हो सकती है. जीवनसाथी आपको नीचा दिखा सकता है. आप इसे नजरअंदाज करें. आपको पैसों की तंगी के कारण परेशानी हो सकती है. #मिथुन राशि मिथुन राशि वाले लोग शारीरिक तौर पर थकान महसूस करेंगे. आपकी किसी पुराने दोस्त से बात हो सकती है इससे पुरानी यादे ताजा हो सकती हैं. वैवाहिक जीवन आपके लिए उदास रह सकता है. #कर्क राशि अच्छी सेहत के लिए आप योग कर सकते हैं. पैसों की बचत पर ध्यान दें. काम को जल्दी खत्म करें और परिवार के साथ समय बिताएं. आप खुद को अकेला महसूस कर सकते हैं. #सिंह राशि आपका कोई दूर का रिश्तेदार आपको मिल सकता है. प्रेम-संबंध के मामले में दिन मुश्किल भरा रहेगा. जीवनसाथी के साथ आपका विवाद हो सकता है. आप रिश्ते को बेहतर करने के लिए पार्टनर के साथ डिनर के लिए बाहर जा सकते हैं. #कन्या राशि कन्या राशि वाले लोग खाली समय का उपयोग करें. परिवार के सदस्यों के साथ समय बिताएं. जीवनसाथी नाराज हो सकता है. इससे आपका मन उदास हो सकता है. आप शांत मन के लिए योग कर सकते हैं. #तुला राशि तुला राशि वाले धार्मिक यात्रा पर जा सकते हैं. आपको आर्थिक मुनाफा हो सकता है. गैर-जरूरी चीजों पर आपका खर्च हो सकता है. जीवनसाथी नाराज हो सकता है. पार्टनर से प्यार का इजहार करें. इससे रिश्ता मजबूत होगा. #वृश्चिक राशि वृश्चिक राशि वालों का खर्च बढ़ सकता है. आपको बजट प्लान करके चलने की जरूर है. वरना आर्थिक तौर पर परेशान होना पड़ सकता है. जीवनसाथी के साथ आप समय बिता सकते हैं. #धनु राशि धनु राशि वालों के लिए दिन अच्छा रहेगा. रिश्ते में लापरवाही विवाद का कारण बन सकती है. आप जाने-अनजाने कुछ ऐसा बोल सकते हैं जिससे परिवार के लोग नाराज हो सकते हैं. #मकर राशि मकर राशि वालों को संतान पक्ष से आर्थिक लाभ हो सकता है. आप व्यस्त रह सकते हैं. आपका मन शांत रहेगा इससे घर का माहौल अच्छा रहेगा. आपके लिए दिन अच्छा रहेगा. #कुंभ राशि ज्यादा काम होने के कारण आपको परेशान होना पड़ सकता है. आपको पैसे की बचत करनी होगी. भविष्य में पैसा आपके काम आएगा. मन को शांत रखें और वैवाहिक जीवन का आनंद लें. #मीन राशि अच्छी सेहत और मानसिक शांति के लिए आप योग और ध्यान कर सकते हैं. आपकी आर्थिक स्थिति में सुधार आएगा. जीवनसाथी आपको परेशान कर सकता है. #astrovastukosh #akshayjamdagni #AkshayTritiya #hindu #aajkarashifal ##akshayjamdagni #❤️जीवन की सीख #🙏शाम की आरती🪔 #🙏 माँ वैष्णो देवी
Akshay Jamdagni
552 views
10 days ago
AI indicator
🚩 *~ वैदिक हिंदू पंचांग Astro Vastu Kosh ~* 🚩 🌤️ *दिनांक - 12 अप्रैल 2026* 🌤️ *दिन - रविवार* 🌤️ *विक्रम संवत 2083 (गुजरात अनुसार 2082)* 🌤️ *शक संवत -1948* 🌤️ *अयन - उत्तरायण* 🌤️ *ऋतु - वसंत ॠतु* 🌤️ *मास - वैशाख (गुजरात-महाराष्ट्र अनुसार चैत्र)* 🌤️ *पक्ष - कृष्ण* 🌤️ *तिथि - दशमी 13 अप्रैल रात्रि 01:16 तक तत्पश्चात एकादशी* 🌤️ *नक्षत्र - श्रवण शाम 03:14 तक तत्पश्चात धनिष्ठा* 🌤️ *योग - साध्य शाम 06:16 तक तत्पश्चात शुभ* 🌤️*राहुकाल - शाम 05:22 से शाम 06:57 तक* 🌤️ *सूर्योदय - 06:23* 🌤️ *सूर्यास्त - 06:55* 👉 *दिशाशूल - पश्चिम दिशा मे* 🚩 *व्रत पर्व विवरण- 💥 *विशेष - रविवार के दिन तिल का तेल खाना और लगाना निषिद्ध है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-38)* 💥 *रविवार के दिन मसूर की दाल, अदरक और लाल रंग का साग नहीं खाना चाहिए।(ब्रह्मवैवर्त पुराण, श्रीकृष्ण खंडः 75.90)* 💥 *रविवार के दिन काँसे के पात्र में भोजन नहीं करना चाहिए।(ब्रह्मवैवर्त पुराण, श्रीकृष्ण खंडः 75)* 💥 *स्कंद पुराण के अनुसार रविवार के दिन बिल्ववृक्ष का पूजन करना चाहिए। इससे ब्रह्महत्या आदि महापाप भी नष्ट हो जाते हैं।* 🚩~*Astro Vastu Kosh*🚩 👉🏻 *10 हजार वर्ष की तपस्या का पुण्य यह एक सुरक्षा कवच है* 🌷 *एकादशी व्रत के लाभ* 🌷 ➡️ *12 अप्रैल 2026 रविवार को रात्रि 01:16 यानी (13 अप्रैल 01:16 AM) से 13 अप्रैल, सोमवार को रात्रि 01:08 यानी (14 अप्रैल 01:08 AM) तक एकादशी है ।* 💥 *विशेष - 13 अप्रैल, सोमवार को एकादशी का व्रत (उपवास) रखे।* 🙏🏻 *एकादशी व्रत के पुण्य के समान और कोई पुण्य नहीं है ।* 🙏🏻 *जो पुण्य सूर्यग्रहण में दान से होता है, उससे कई गुना अधिक पुण्य एकादशी के व्रत से होता है ।* 🙏🏻 *जो पुण्य गौ-दान सुवर्ण-दान, अश्वमेघ यज्ञ से होता है, उससे अधिक पुण्य एकादशी के व्रत से होता है ।* 🙏🏻 *एकादशी करनेवालों के पितर नीच योनि से मुक्त होते हैं और अपने परिवारवालों पर प्रसन्नता बरसाते हैं ।इसलिए यह व्रत करने वालों के घर में सुख-शांति बनी रहती है ।* 🙏🏻 *धन-धान्य, पुत्रादि की वृद्धि होती है ।* 🙏🏻 *कीर्ति बढ़ती है, श्रद्धा-भक्ति बढ़ती है, जिससे जीवन रसमय बनता है ।* 🙏🏻 *परमात्मा की प्रसन्नता प्राप्त होती है ।पूर्वकाल में राजा नहुष, अंबरीष, राजा गाधी आदि जिन्होंने भी एकादशी का व्रत किया, उन्हें इस पृथ्वी का समस्त ऐश्वर्य प्राप्त हुआ ।भगवान शिवजी ने नारद से कहा है :एकादशी का व्रत करने से मनुष्य के सात जन्मों के पाप नष्ट हो जाते हैं, इसमे कोई संदेह नहीं है । एकादशी के दिन किये हुए व्रत, गौ-दान आदि का अनंत गुना पुण्य होता है ।* 🚩 *~ Astro Vastu Kosh~* 🚩 🌷 *एकादश .......विष्णु सहस्त्र नाम नहीं हो तो १० माला गुरुमंत्र का जप कर लें l अगर घर में झगडे होते हों, तो झगड़े शांत हों जायें ऐसा संकल्प करके विष्णु सहस्त्र नाम पढ़ें तो घर के झगड़े भी शांत होंगे l* 🚩 *~Astro Vastu Kosh ~* 🚩 🌷 *एकादशी के दिन ये सावधानी रहे* 🌷 🙏🏻 *महीने में १५-१५ दिन में एकादशी आती है एकादशी का व्रत पाप और रोगों को स्वाहा कर देता है लेकिन वृद्ध, बालक और बीमार व्यक्ति एकादशी न रख सके तभी भी उनको चावल का तो त्याग करना चाहिए एकादशी के दिन जो चावल खाता है... तो धार्मिक ग्रन्थ से एक- एक चावल एक- एक कीड़ा खाने का पाप लगता है...ऐसा डोंगरे जी महाराज के भागवत में डोंगरे जी महाराज ने कहा* 📲 प्रतिदिन अपडेट्स के लिए हमसे जुड़ें प्रतिदिन अपने मोबाइल पर सटीक पंचांग, शुभ मुहूर्त और ज्योतिषीय उपायों को सीधे पाने के लिए हमारे व्हाट्सएप ग्रुप या चैनल से जरूर जुड़ें। जुड़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: 🔹 WhatsApp Group: https://chat.whatsapp.com/BsWPoSt9qSj7KwBvo9zWID 🔹 WhatsApp Channel: https://whatsapp.com/channel/0029Va51s5wLtOj7SaZ6cL2E #🙏 माँ वैष्णो देवी #❤️जीवन की सीख #🙏शाम की आरती🪔 ##akshayjamdagni
Akshay Jamdagni
529 views
11 days ago
AI indicator
卐~ आज का वैदिक हिन्दू पंचांग ~卐 by Astro Vastu Kosh ✍️ 🌞 दिनांक - 11 अप्रैल 2026 ⛅दिन - शनिवार ⛅विक्रम संवत् - 2083 ⛅अयन - उत्तरायण ⛅ऋतु - वसंत ⛅मास - वैशाख ⛅पक्ष - कृष्ण ⛅तिथि - नवमी मध्यरात्रि 12:37 तक तत्पश्चात् दशमी ⛅नक्षत्र - उत्तराषाढा दोपहर 01:39 तक तत्पश्चात् श्रवण ⛅योग - सिद्ध शाम 06:39 तक तत्पश्चात् साध्य ⛅राहुकाल - सुबह 09:19 से सुबह 10:54 तक (उज्जैन मानक समयानुसार) ⛅सूर्योदय - 06:10 ⛅सूर्यास्त - 06:46 (सूर्योदय एवं सूर्यास्त उज्जैन मानक समयानुसार) ⛅दिशा शूल - पूर्व दिशा में ⛅ब्रह्ममुहूर्त - प्रातः 04:39 से प्रातः 05:24 तक (उज्जैन मानक समयानुसार) ⛅अभिजीत मुहूर्त - दोपहर 12:03 से दोपहर 12:53 तक (उज्जैन मानक समयानुसार) ⛅निशिता मुहूर्त - मध्यरात्रि 12:05 से मध्यरात्रि 12:50 तक (उज्जैन मानक समयानुसार) 🌥️व्रत पर्व विवरण - सर्वार्थसिद्धि योग (दोपहर 01:39 से प्रातः 06:09 अप्रैल 12 तक) 🌥️विशेष - नवमी को लौकी खाना गोमांस के सामन त्याज्य है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंड: 27.29-34) 🌹 शनिवार के दिन विशेष प्रयोग 🌹 🌹 शनिवार के दिन पीपल के वृक्ष का दोनों हाथों से स्पर्श करते हुए 'ॐ नमः शिवाय' मंत्र का 108 बार जप करने से दुःख, कठिनाई एवं ग्रहदोषों का प्रभाव शांत हो जाता है । (ब्रह्म पुराण) 🌹 हर शनिवार को पीपल कीç जड़ में जल चढ़ाने और दीपक जलाने से अनेक प्रकार के कष्टों का निवारण होता है । (पद्म पुराण) 🔹आर्थिक कष्ट निवारण हेतु🔹 🔹एक लोटे में जल, दूध, गुड़ और काले तिल मिलाकर हर शनिवार को पीपल के मूल में चढ़ाने तथा ‘ॐ नमो भगवते वासुदेवाय' मंत्र जपते हुए पीपल की ७ बार परिक्रमा करने से आर्थिक कष्ट दूर होता है । 🔹अकाल मृत्यु व घर में बार बार मृत्यु होने पर🔹 🔸जिसे मौत का भय होता है या घर में मौतें बार-बार होती हों, तो शनिवार को "ॐ नमः शिवाय" का जप करें और पीपल को दोनों हाथों से स्पर्श करें । खाली १०८ बार जप करें तो दीर्घायुष्य का धनी होगा । अकाल मृत्यु व एक्सिडेंट आदि नहीं होगा । ऐसा १० शनिवार या २५ शनिवार करें, नहीं तो कम से कम ७ शनिवार तो जरूर करें । 🔸विघ्न-बाधाओं व दुर्घटना से बचने का उपाय🔸 ॐ त्र्यम्बकं यजामहे सुगंधिं पुष्टिवर्धनम्। उर्वारुकमिव बन्धनान्मृत्योर्मुक्षीय मामृतात्।। 🔸रोज सुबह उठने पर अथवा घर से बाहर जाते समय एक बार इस मंत्र का जप कर लें तो विघ्न-बाधारहित, दुर्घटनारहित गाड़ी अपने रास्ते सफर करती रहेगी । और जीवन की शाम होने से पहले रोज उस (परमात्मा) में थोड़ी देर शांत रहा करो । 📲 प्रतिदिन अपडेट्स के लिए हमसे जुड़ें प्रतिदिन अपने मोबाइल पर सटीक पंचांग, शुभ मुहूर्त और ज्योतिषीय उपायों को सीधे पाने के लिए हमारे व्हाट्सएप ग्रुप या चैनल से जरूर जुड़ें। जुड़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: 🔹 WhatsApp Group: https://chat.whatsapp.com/BsWPoSt9qSj7KwBvo9zWID 🔹 WhatsApp Channel: https://whatsapp.com/channel/0029Va51s5wLtOj7SaZ6cL2E #❤️जीवन की सीख ##akshayjamdagni #🙏शाम की आरती🪔 #🙏 माँ वैष्णो देवी
Akshay Jamdagni
608 views
19 days ago
AI indicator
🚩 *~ आज का वैदिक हिंदू पंचांग by Astro Vastu Kosh ~* 🚩 🌤️ *दिनांक - 03 अप्रैल 2026* 🌤️ *दिन - शुक्रवार* 🌤️ *विक्रम संवत 2083 (गुजरात अनुसार 2082)* 🌤️ *शक संवत -1948* 🌤️ *अयन - उत्तरायण* 🌤️ *ऋतु - वसंत ॠतु* 🌤️ *मास - वैशाख (गुजरात-महाराष्ट्र अनुसार चैत्र)* 🌤️ *पक्ष - कृष्ण* 🌤️ *तिथि - प्रतिपदा सुबह 08:42 तक तत्पश्चात द्वितीया* 🌤️ *नक्षत्र - चित्रा शाम 07:25 तक तत्पश्चात स्वाती* 🌤️ *योग - व्याघात दोपहर 02:09 तक तत्पश्चात हर्षण* 🌤️*राहुकाल - सुबह 11:09 से दोपहर 12:42 तक* 🌤️ *सूर्योदय - 06:31* 🌤️ *सूर्यास्त - 06:52* 👉 *दिशाशूल - पश्चिम दिशा मे* 🚩 *व्रत पर्व विवरण- 💥 *विशेष - प्रतिपदा को कूष्माण्ड (कुम्हड़ा पेठा) न खाएं क्योकि यह धन का नाश करने वाला है (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-38)* 🌷 *आरती में कपूर का उपयोग* 🌷 🔥 *कपूर – दहन में बाह्य वातावरण को शुद्ध करने की अदभुत क्षमता है | इसमें जीवाणुओं, विषाणुओं तथा सूक्ष्मतर हानिकारक जीवाणुओं को नष्ट करने की शक्ति है | घर में नित्य कपूर जलाने से घर का वातावरण शुद्ध रहता है, शरीर पर बीमारियों का आक्रमण आसानी से नहीं होता, दु:स्वप्न नहीं आते और देवदोष तथा पितृदोषों का शमन होता है |* 🌷 *वैशाख मास माहात्म्य* 🌷 🙏🏻 *वैशाख मास सुख से साध्य, पापरूपी ईंधन को अग्नि की भाँति जलानेवाला, अतिशय पुण्य प्रदान करनेवाला तथा धर्म, अर्थ, काम, मोक्ष - चारों पुरुषार्थों को देनेवाला है ।* 🙏🏻 *देवर्षि नारदजी राजा अम्बरीष से कहते हैं : ‘‘राजन् ! जो वैशाख में सूर्योदय से पहले भगवत्-चिंतन करते हुए पुण्यस्नान करता है, उससे भगवान विष्णु निरंतर प्रीति करते हैं ।* 🙏🏻 *पाप तभी तक गरजते हैं जब तक जीव यह पुण्यस्नान नहीं करता ।* 🙏🏻 *वैशाख मास में सब तीर्थ आदि देवता बाहर के जल (तीर्थ के अतिरिक्त) में भी सदैव स्थित रहते हैं । सब दानों से जो पुण्य होता है और सब तीर्थों में जो फल होता है, उसीको मनुष्य वैशाख में केवल जलदान करके पा लेता है । यह सब दानों से बढकर हितकारी है ।* 🌷 *वैशाख मास* 🌷 🙏🏻 *(इस मास में भक्तिपूर्वक किये गये दान, जप, हवन, स्नान आदि शुभ कर्मों का पुण्य अक्षय तथा सौ करोड़ गुना अधिक होता है। - पद्म पुराण)* *Astro Vastu Kosh: आपकी प्रगति का साथी 🚩* *अब रोज़ाना का पंचांग, शुभ मुहूर्त और सटीक उपाय सीधे आपके फोन पर उपलब्ध हैं। अपने दिन की शुरुआत सकारात्मक ऊर्जा और सही योजना के साथ करें।* *✅ हमसे जुड़ें और अपडेट रहें:* *🔹 WhatsApp Group:* https://chat.whatsapp.com/BsWPoSt9qSj7KwBvo9zWID *🔹 WhatsApp Channel:* https://whatsapp.com/channel/0029Va51s5wLtOj7SaZ6cL2E #🙏 माँ वैष्णो देवी #🙏शाम की आरती🪔 #❤️जीवन की सीख ##akshayjamdagni #📝गणपति भक्ति स्टेटस🌺
Akshay Jamdagni
653 views
29 days ago
AI indicator
🏵️ 🌷 वर्षों बाद बुधवारी अष्टमी 2026 का अत्यंत शक्तिशाली संयोग | नवरात्रि के अंतिम 3 दिनों के चमत्कारी फल 🔱 माँ कालरात्रि की कृपा से भय और शत्रुओं का नाश 🚩 📝 25–26 मार्च, 2026: बुधवारी अष्टमी का दुर्लभ खगोलीय संयोग—जिसे सूर्य ग्रहण के समान पुण्यदायी माना जाता है। नवरात्रि के अंतिम तीन दिनों के महत्व, माँ कालरात्रि की पूजा की सही विधि, और मंत्र जाप, दान-पुण्य तथा गुड़ का भोग लगाने से प्राप्त होने वाले चमत्कारी लाभों के बारे में जानें। 🌷 बुधवारी अष्टमी 2026 का दुर्लभ संयोग 🙏🏻 बुधवार, 25 मार्च, 2026 को दोपहर 1:50 बजे से लेकर 26 मार्च को सूर्योदय तक, बुधवारी अष्टमी नामक एक विशेष खगोलीय संयोग बन रहा है। इस विशिष्ट चंद्र तिथि (तिथि) को अत्यंत शक्तिशाली माना जाता है। 🙏🏻 इस अवधि के दौरान किए गए मंत्र जाप (जप), ध्यान, पवित्र स्नान, दान-पुण्य, या श्राद्ध (पितृ कर्म) जैसे कोई भी कार्य अक्षय माने जाते हैं—अर्थात् इनसे अविनाशी और शाश्वत पुण्य की प्राप्ति होती है। (संदर्भ: शिव पुराण, विद्येश्वर संहिता, अध्याय 10) शास्त्रों में कहा गया है कि सोमवती अमावस्या (सोमवार को पड़ने वाली अमावस्या), रविवारी सप्तमी (रविवार को पड़ने वाली सप्तमी), मंगलवारी चतुर्थी (मंगलवार को पड़ने वाली चतुर्थी), और बुधवारी अष्टमी (बुधवार को पड़ने वाली अष्टमी) का महत्व सूर्य ग्रहण के समान होता है। ऐसे दिन किया गया प्रत्येक शुभ कार्य शाश्वत और अक्षय फलों की प्राप्ति कराने वाला माना जाता है। 🔱 मंत्र जाप और आध्यात्मिक साधना के लिए एक शुभ समय यह विशिष्ट चंद्र तिथि उन आध्यात्मिक साधकों (साधकों) के लिए विशेष महत्व रखती है, जो अपने जीवन में उन्नति, शांति और आध्यात्मिक शक्ति प्राप्त करने की अभिलाषा रखते हैं। 👉 इस दिन किए जाने वाले कार्य: मंत्र जाप और ध्यान पवित्र स्नान दान-पुण्य और नेक कार्य पूर्वजों के लिए श्राद्ध कर्म इस शुभ काल में लिए गए संकल्प (व्रत) व्यक्ति के जीवन में स्थायी और सकारात्मक बदलाव लाने वाले माने जाते हैं। 🌷 नवरात्रि के अंतिम 3 दिनों का महत्व 👉🏻 यदि कोई व्यक्ति नवरात्रि के दौरान पूरे नौ दिनों का व्रत (उपवास) रखने में असमर्थ है, तो उसे कम से कम अंतिम तीन दिनों का व्रत अवश्य रखना चाहिए। इस प्रथा का पालन करने से उतना ही आध्यात्मिक पुण्य प्राप्त होता है, जितना कि पूरे नौ दिनों की नवरात्रि का। अंतिम तीन दिनों सप्तमी, अष्टमी, और नवमी तिथियों (चंद्र दिवसों)—के दौरान व्रत रखना, संपूर्ण नवरात्रि व्रत रखने के बराबर माना जाता है। विशेष रूप से, सप्तमी बुधवार, 25 मार्च को; अष्टमी गुरुवार, 26 मार्च को; और नवमी शुक्रवार, 27 मार्च को पड़ रही है। 📅 तिथियाँ: सप्तमी: 25 मार्च, 2026 (बुधवार) अष्टमी: 26 मार्च, 2026 (गुरुवार) नवमी: 27 मार्च, 2026 (शुक्रवार) इन तीन दिनों के दौरान व्रत रखने से पूरे नवरात्रि व्रत के बराबर आध्यात्मिक फल प्राप्त होते हैं। यह एक सरल, फिर भी अत्यंत प्रभावशाली आध्यात्मिक अभ्यास है। 🌺 सप्तमी के दिन यह विशेष अनुष्ठान करें 🙏🏻 नवरात्रि की सप्तमी तिथि (सातवें दिन) पर, माँ दुर्गा को भोग (पवित्र नैवेद्य) के रूप में गुड़ अर्पित करें। ऐसा करने से आपकी प्रत्येक इच्छा और मनोकामना पूर्ण हो सकती है। 👉 लाभ: इच्छाएँ और मनोकामनाएँ पूर्ण होती हैं। जीवन में मधुरता और स्थिरता का संचार होता है। पारिवारिक सुख और समृद्धि में वृद्धि होती है। 🔥 माँ कालरात्रि की दिव्य महिमा 🙏🏻 माँ कालरात्रि शत्रुओं का संहार करने वाली हैं। वे महाशक्ति (माँ दुर्गा) का सातवाँ स्वरूप हैं। माँ कालरात्रि काल (समय/मृत्यु) का नाश करने वाली हैं; इसी कारण उन्हें कालरात्रि के नाम से जाना जाता है। माँ कालरात्रि की पूजा करते समय, भक्त को अपना ध्यान भानु चक्र (जिसे आज्ञा चक्र या तीसरी आँख भी कहा जाता है) पर केंद्रित करना चाहिए, जो माथे के मध्य में स्थित होता है। इस पूजा के परिणामस्वरूप, भानु चक्र की सुप्त शक्तियाँ जागृत हो जाती हैं। माँ कालरात्रि के प्रति भक्ति हमारे मन से हर प्रकार के भय को मिटा देती है। यह जीवन की किसी भी समस्या को पल भर में सुलझाने की शक्ति प्रदान करती है। शत्रुओं का नाश करने वाली माँ कालरात्रि, अपने भक्तों को हर परिस्थिति में विजय दिलाती हैं। 👉 साधना का मुख्य बिंदु: ध्यान करते समय, भक्त को अपना ध्यान *भानु चक्र* (जो माथे के मध्य में स्थित है) पर केंद्रित करना चाहिए। 👉 लाभ: सभी प्रकार के भय समाप्त हो जाते हैं। नकारात्मक ऊर्जा दूर हो जाती है। शत्रुओं पर विजय प्राप्त होती है। जीवन की बाधाएँ शीघ्रता से दूर हो जाती हैं। माँ कालरात्रि अपने भक्तों को अत्यंत कठिन परिस्थितियों में भी अडिग और अविचल बने रहने की शक्ति प्रदान करती हैं। 🚩 निष्कर्ष बुधवारी अष्टमी और नवरात्रि के अंतिम तीन दिनों का एक साथ आना, एक अत्यंत शक्तिशाली आध्यात्मिक अवसर प्रस्तुत करता है। यदि इन दिनों में पूर्ण श्रद्धा और अनुशासन के साथ साधना की जाए, तो व्यक्ति के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन स्पष्ट रूप से दिखाई देने लगते हैं। यह काल केवल पूजा-अर्चना का समय ही नहीं है, बल्कि यह अपने अंतर्मन को जागृत करने का एक अवसर है—एक ऐसा समय जब Astro Vastu Kosh: आपकी प्रगति का साथी 🚩 अब रोज़ाना का पंचांग, शुभ मुहूर्त और सटीक उपाय सीधे आपके फोन पर उपलब्ध हैं। अपने दिन की शुरुआत सकारात्मक ऊर्जा और सही योजना के साथ करें। ✅ हमसे जुड़ें और अपडेट रहें: 🔹 WhatsApp Group: https://chat.whatsapp.com/BsWPoSt9qSj7KwBvo9zWID 🔹 WhatsApp Channel: https://whatsapp.com/channel/0029Va51s5wLtOj7SaZ6cL2E जय माता दी! शुभ नववर्ष! 🙏🚩 #नवरात्रि2026 #हिंदू_नववर्ष #संवत्सर2083 #ज्योतिष #ChaitraNavratri #AstroVastuKosh #Rashifal2026 #AstroUpdate #VedicAstrology #akshayjamdagni #astrovastukosh क्या आप अपनी कुंडली के अनुसार इस अधिकमास में किए जाने वाले विशेष दान या उपायों के बारे में विस्तार से जानना चाहेंगे? #astrovastukosh #❤️जीवन की सीख ##akshayjamdagni #🙏शाम की आरती🪔 #🙏 माँ वैष्णो देवी
Akshay Jamdagni
586 views
1 months ago
AI indicator
🚩 *~ आज 23 मार्च 2026 का #वैदिक #हिंदू #panchag पंचांग Astro Vastu Kosh~* 🚩 https://chat.whatsapp.com/BsWPoSt9qSj7KwBvo9zWID?mode=gi_t 🌤️ *दिनांक - 23 मार्च 2026* 🌤️ *दिन - सोमवार* 🌤️ *#विक्रम #संवत 2083 (गुजरात अनुसार 2082)* 🌤️ *#शक संवत -1948* 🌤️ *#अयन - उत्तरायण* 🌤️ *#ऋतु - वसंत ॠतु* 🌤️ *#मास - चैत्र* 🌤️ *#पक्ष - शुक्ल* 🌤️ *#तिथि - पंचमी शाम 06:38 तक तत्पश्चात षष्ठी* 🌤️ *#नक्षत्र - कृत्तिका रात्रि 08:49 तक तत्पश्चात #रोहिणी* 🌤️ *#योग - विष्कंभ रात्रि 12:22 तक तत्पश्चात प्रीति* 🌤️*#राहुकाल - सुबह 08:10 से सुबह 09:41 तक* 🌤️ *#सूर्योदय - 06:41* 🌤️ *#सूर्यास्त - 06:49* 👉 *#दिशाशूल - पूर्व दिशा मे* 🚩 *व्रत पर्व विवरण- श्री पंचमी,स्कन्द षष्ठी* 💥 *विशेष - पंचमी को बेल खाने से कलंक लगता है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-34)* 🚩~ ~🚩 🌷 *#चैत्र #नवरात्रि* 🌷 🙏🏻 *अभी नवरात्रि चल रही हैं । इसमें देवी मां को प्रसन्न करने के लिए लोग अलग-अलग तरीके अपनाते हैं। श्रीमद्देवीभागवत महापुराण में कुछ ऐसे ही उपायों के बारे में बताया है, जिसे नवरात्रि में नवमी या अष्टमी को अपनाकर आप भी सुख, समृद्धि और शांति पा सकते हैं। साथ ही बुरी नजर से लेकर कलह जैसी बाकी समस्याओं को भी दूर कर सकते हैं।* 💰 *#समृद्धि के लिए* *माता के मंदिर में जाकर मूर्ति के सामने एक पान के पत्ते पर केसर में इत्र व घी मिलाकर स्वस्तिक बनाएं ।अब उस पर कलावा लपेटकर एक सुपारी रखें।* 💶 *#पैसों की तंगी के लिए* *नवमी तिथि या अष्टमी तिथि को माता का ध्यान कर घर के मंदिर में गाय के गोबर के उपले पर पान, लौंग, कर्पूर, व इलायची गूगल के साथ ही कुछ मीठा डालकर माता को धुनी (हवन) दें ।* 🚶🏻 *#रुकावटें दूर करने के लिए* *माता के मंदिर में पान बीड़ा चढ़ाएं, इस पान में कत्था, गुलकंद, सौंफ, खोपरे का बूरा और सुमन कतरी के साथ ही लौंग का जोड़ा रखें । सुपारी व चूना न डालें।* 💰 *#व्यापार वृद्धि के लिए* *किसी भी देवी मंदिर में जाकर अपनी गल्तियों के लिए माफी मांगे । माता को पान बीड़ा चढ़ाएं और 9 मीठे पान कन्याओं को दान करें ।* 🙄 *#बुरी #नजर के लिए* *माता के मंदिर में पान रखकर नजर लगे व्यक्ति को पान में गुलाब की 7 पंखुड़ियां रखकर खिलाएं । नजर दोष दूर होगा ।* ☺ *#आकर्षण शक्ति बढ़ाने के लिए* *पान के पत्ते की जड़ को माता भुनेश्वरी का ध्यान करते हुए घिसकर तिलक लगाएं ऐसा करने से आपकी आकर्षण शक्ति बढ़ने लगेगी ।* 🤵🏻👰🏻 *#पति #पत्नी में अनबन हो तो* *नवमी की रात चंदन और केसर पाउडर मिलाकर पान के पत्ते पर रखें । फिर दुर्गा माताजी की फोटो के सामने बैठ कर चंडी स्तोत्र का पाठ करें ।रोजाना इस पाउडर का तिलक लगाएं ।* 🚩 *~ ~*🚩 🌷 *#नवरात्रियों की #सप्तमी तिथि* 🌷 🙏🏻 *नवरात्रियों के दिनों में जप, सुमिरन विशेष किया जाता है | और वृत्तोत्सव ग्रंथ के अनुसार और भविष्यपुराण में आता है कि, चैत्र मास के शुक्ल पक्ष की सप्तमी को जप करें | मंत्र इसप्रकार है – ॐ धात्रेय नम: | ॐ धात्रेय नम: | ॐ धात्रेय नम: | ॐ धात्रेय नम: |* *इस मंत्र से भगवान का पूजन, सूर्यनारायण को अर्घ्य देने से आयु, आरोग्य और ऐश्वर्य की विशेष वृद्धि होती है |* 💥 *विशेष - 25 मार्च 2026 बुधवार को चैत्र मास के शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि है।* 🚩 *~ ~* 🚩 🌷 *#चैत्र #नवरात्रि 🌷 🙏🏻 *भय का नाश करती हैं मां कात्यायनी* *नवरात्रि के षष्ठी तिथि पर आदिशक्ति दुर्गा के कात्यायनी स्वरूप की पूजा करने का विधान है। महर्षि कात्यायनी की तपस्या से प्रसन्न होकर आदिशक्ति ने उनके यहां पुत्री के रूप में जन्म लिया था। इसलिए वे कात्यायनी कहलाती हैं। नवरात्रि के छठे दिन इनकी पूजा और आराधना होती है। माता कात्यायनी की उपासना से आज्ञा चक्र जाग्रृति की सिद्धियां साधक को स्वयंमेव प्राप्त हो जाती हैं। वह इस लोक में स्थित रहकर भी अलौलिक तेज और प्रभाव से युक्त हो जाता है तथा उसके रोग, शोक, संताप, भय आदि सर्वथा विनष्ट हो जाते हैं।* 🚩 *~ ~* 🚩 🌷 *चैत्र नवरात्रि* 🌷 🙏🏻 *नवरात्र की षष्ठी तिथि यानी छठे दिन माता दुर्गा को शहद का भोग लगाएं ।इससे धन लाभ होने के योग बनने हैं ।* https://chat.whatsapp.com/BsWPoSt9qSj7KwBvo9zWID?mode=gi_t #astrovastukosh #akshayjamdagni #नवरात्रि #hindu #हिंदू #mahadev #🙏 माँ वैष्णो देवी #🙏शाम की आरती🪔 #❤️जीवन की सीख ##akshayjamdagni #astrovastukosh
Akshay Jamdagni
938 views
1 months ago
*卐~ आज का वैदिक हिन्दू पंचांग by Astro Vastu Kosh~卐* *🌸 🚩 ब्रह्मा जी द्वारा सृष्टि रचना के पावन पर्व 'रौद्र' नामक नूतन संवत्सर 2083 एवं हिंदू नव वर्ष की मंगलमयी शुभकामनाएँ! 🌸✨ 🌸* *🔱 आज का वैदिक पंचांग एवं वास्तु विशेष 🔱* *​प्रतिदिन शुभ मुहूर्त, राहुकाल और धर्म-शास्त्रों की विशेष जानकारी के लिए हमारे आधिकारिक व्हाट्सएप ग्रुप में शामिल हों।* ​Join Now: https://chat.whatsapp.com/BsWPoSt9qSj7KwBvo9zWID *🌞दिनांक - 19 मार्च 2026* *⛅दिन - गुरुवार* *⛅विक्रम संवत् - 2083* *⛅अयन - उत्तरायण* *⛅ऋतु - वसंत* *⛅मास - चैत्र* *⛅पक्ष - शुक्ल* *⛅तिथि - अमावस्या प्रातः 06:52 तक, तत्पश्चात् प्रतिपदा प्रातः 04:52 मार्च 20 तक, तत्पश्चात् द्वितीया* *⛅नक्षत्र - उत्तर भाद्रपद प्रातः 04:05 मार्च 20 तक तत्पश्चात् रेवती* *⛅योग - शुक्ल मध्यरात्रि 01:17 तक तत्पश्चात् ब्रह्म* *⛅राहुकाल - दोपहर 02:05 से दोपहर 03:36 तक (उज्जैन मानक समयानुसार)* *⛅सूर्योदय - 06:32* *⛅सूर्यास्त - 06:37 (सूर्योदय एवं सूर्यास्त उज्जैन मानक समयानुसार)* *⛅दिशा शूल - दक्षिण दिशा में* *⛅ब्रह्ममुहूर्त - प्रातः 04:57 से प्रातः 05:44 तक (उज्जैन मानक समयानुसार)* *⛅अभिजीत मुहूर्त - दोपहर 12:11 से दोपहर 12:59 तक (उज्जैन मानक समयानुसार)* *⛅निशिता मुहूर्त - मध्यरात्रि 12:11 से मध्यरात्रि 12:58 तक (उज्जैन मानक समयानुसार)* *🌥️व्रत पर्व विवरण - चैत्री नूतन वर्ष वि. सं.‌ 2083 प्रारम्भ, गुडी पड़वा, चैत्री नवरात्रि प्रारंभ* *🌥️विशेष - प्रतिपदा को कूष्माण्ड (कुम्हड़ा, पेठा) न खाये क्योंकि यह धन का नाश करने वाला है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंड: 27.29-34)* *🔹गृह के समीपस्थ वृक्ष 🔹* *🔸 ईशान में आँवला शुभदायक है ।* *🔸 ईशान - पूर्व में कटहल एवं आम शुभदायक हैं ।* *🔸 (३) घरके पास काँटेवाले, दूधवाले तथा फलवाले वृक्ष स्त्री और सन्तान की हानि करनेवाले हैं । यदि इन्हें काटा न जा सके तो इनके पास शुभ वृक्ष लगा दें ।* *🔸 काँटेवाले वृक्ष शत्रु से भय देनेवाले, दूधवाले वृक्ष धनका नाश करनेवाले और फलवाले वृक्ष सन्तानका नाश करनेवाले हैं । इनकी लकड़ी भी घरमें नहीं लगानी चाहिये-* *आसन्नाः कण्टकिनो रिपुभयदाः क्षीरिणोऽर्थनाशाय ।* *फलिनः प्रजाक्षयकरा दारूण्यपि वर्जयेदेषाम् ॥* *(बृहत्संहिता ५३। ८६)* *(४) बदरी कदली चैव दाडिमी बीजपूरिका।* *प्ररोहन्ति गृहे यत्र तद्गृहं न प्ररोहति ॥* *🔸 (समरांगणसूत्रधार ३८ । १३१) 'बेर, केला, अनार तथा नींबू जिस घरमें उगते हैं, उस घर की वृद्धि नहीं होती । '* *🔸 अश्वत्थं च कदम्बं च कदलीबीजपूरकम् । गृहे यस्य प्ररोहन्ति स गृही न प्ररोहति ॥* *🔸 (बृहद्दैवज्ञ० ८७ ९) 'पीपल, कदम्ब, केला, बीजू नींबू ये जिस घरमें होते हैं, उसमें रहनेवाले की वंशवृद्धि नहीं होती ।'* *🔸 (५) घर के भीतर लगायी हुई तुलसी मनुष्यों के लिये कल्याणकारिणी, धन-पुत्र प्रदान करनेवाली, पुण्यदायिनी तथा हरिभक्ति देनेवाली होती है । प्रातःकाल तुलसीका दर्शन करनेसे सुवर्ण दानका फल प्राप्त होता है ।* *(ब्रह्मवैवर्तपुराण, कृष्ण० १०३ । ६२-६३ )* https://chat.whatsapp.com/BsWPoSt9qSj7KwBvo9zWID?mode=gi_t #astrovastukosh #🙏शाम की आरती🪔 #❤️जीवन की सीख ##akshayjamdagni #🙏 माँ वैष्णो देवी
Akshay Jamdagni
624 views
1 months ago
Chaitra Navratri 2026: हर इच्छा पूरी करने वाला Shubh Muhurat और घटस्थापना की Puja Vidhi विधि! 🌸✨ कल 19 मार्च 2026, गुरुवार से Chaitra Navratri 🌸 का पावन पर्व शुरू हो रहा है। इसी दिन से Hindu New Year (Vikram Samvat 2083) 🚩 का भी मंगलमय आरंभ होगा। Ghatasthapana (कलश स्थापना) के Shubh Muhurat 🏺✨ माता की चौकी सजाने और कलश स्थापना के लिए ये समय सबसे Best हैं: 🌅 Main Muhurat (Morning): सुबह 06:52 से 07:43 तक। (यह सबसे श्रेष्ठ समय है) ☀️ Abhijit Muhurat (Afternoon): दोपहर 12:05 से 12:53 तक। (सबसे शुभ घड़ी) ⏰ Choghadiya Muhurat: सुबह 06:52 से 10:10 तक। Mata Ka Vahan: डोली (Palki) 🧘‍♀️🏮 चूंकि नवरात्रि Thursday 🗓️ से शुरू हो रही है, इसलिए शास्त्रों के अनुसार मां दुर्गा का आगमन Doli (पालकी) पर हो रहा है। "शशिसूर्ये गजारूढ़ा शनिभौमे तुरंगमे। गुरौ शुक्रे च दोलायां बुधे नौका प्रकीर्त्तिता॥" 📜 Doli पर आगमन का क्या होगा फल? 🧐 देवी भागवत पुराण के अनुसार, माता का डोली पर आना कुछ विशेष संकेत (Indications) देता है: 🤒 Health Care: इसे बीमारियों के प्रति सतर्क रहने का संकेत माना जाता है। 📉 Economic Status: देश-दुनिया की Economy में थोड़ी उथल-पुथल रह सकती है। 🌪️ Natural Alerts: यह समय अपनी सुरक्षा और स्वास्थ्य के प्रति सावधान रहने का है। Mata Ki Vidai: हाथी (Gaj) 🐘🌊 नवरात्रि का समापन 27 मार्च, शुक्रवार को होगा। शुक्रवार को विदाई होने के कारण माता Elephant पर सवार होकर जाएंगी। ✅ Result: हाथी पर विदाई Extremely Lucky मानी जाती है! 🌧️ यह अच्छी बारिश और जीवन में Prosperity 💰 का प्रतीक है। Maa Shailputri Puja (Day 1) 🏔️🙏 💛 Lucky Color: कल पूजा के लिए Yellow Color के कपड़े पहनना बहुत अच्छा रहेगा। 🍯 Bhog: मां को गाय का शुद्ध घी अर्पित करें, इससे अच्छी सेहत (Good Health) का आशीर्वाद मिलता है। कलश स्थापना की अत्यंत सरल विधि (Ghatasthapana Step-by-Step) 🏺🙌 तैयारी: उत्तर-पूर्व (ईशान कोण) दिशा को साफ कर गंगाजल छिड़कें। 🧭 ज्वारे बोना: मिट्टी के बर्तन में साफ मिट्टी भरकर जौ (Barley) के बीज डालें। 🌾 कलश तैयार करें: तांबे या मिट्टी के कलश पर स्वास्तिक बनाएं और मौली बांधें। कलश में जल, सिक्का, सुपारी और अक्षत डालें। 💧 पल्लव और नारियल: कलश पर आम के 5 पत्ते रखें। एक नारियल को लाल चुनरी में लपेटकर कलश के ऊपर स्थापित करें। 🥥 स्थापना: कलश को जौ वाले पात्र के बीच में रखें और वरुण देव का आह्वान करें। सच्चे मन और सही मुहूर्त में की गई यह पूजा आपकी हर मनोकामना पूर्ण करने वाली होगी। ✨ #AkshayJamdagni #AstroVastuKosh #ChaitraNavratri2026 #Ghatasthapana #ShubhMuhurat #MataKaVahan #VedicAstrology #HinduNewYear2083 #NavratriSpecial #VastuTips #🙏 माँ वैष्णो देवी ##akshayjamdagni #🙏शाम की आरती🪔 #❤️जीवन की सीख #astrovastukosh
Akshay Jamdagni
818 views
1 months ago
📅🪔🌞 Danik Vaidik संपूर्ण Panchang पंचांग (Astro Vastu Kosh) 📅 17 मार्च 2026, मंगलवार | स्थान: मुजफ्फरनगर (उ.प्र.) 📚 आज के सभी शुभ-अशुभ समय, तिथि और नक्षत्रों की विस्तृत जानकारी नीचे दी गई है। अपनी दिनचर्या को ग्रहों के अनुकूल बनाएं। 🌅 दिनांक व समय 🌤️ सूर्योदय:👉 सुबह 06:27 🌤️ सूर्यास्त:👉 शाम 06:29 🌤️ चन्द्रोदय:👉 रात 05:55 🌤️ चन्द्रास्त:👉 PM 04:47 🗓️ पंचांग विवरण 🌤️ वार:👉 मंगलवार (हनुमान जी का दिन) 🌤️ विक्रम संवत:👉 2082 🌤️ अयन:👉 उत्तरायण 🌤️ मास (हिन्दी):👉 चैत्र 🌤️ पक्ष:👉 कृष्ण पक्ष 🌤️ तिथि:👉 त्रयोदशी – सुबह 09:23 तक, तत्पश्चात चतुर्दशी 🌤️ नक्षत्र:👉 शतभिषा – सुबह 06:09 तक, तत्पश्चात पूर्व भाद्रपद 🌤️ योग:👉 सिद्ध – सुबह 08:15 तक, तत्पश्चात साध्य 🌤️ करण:👉 वणिज – सुबह 09:23 तक, तत्पश्चात विष्टि (भद्रा) ✅ शुभ मुहूर्त 🌤️ अभिजीत मुहूर्त:👉 दोपहर 12:05 – 12:53 🌤️ विजय मुहूर्त:👉 दोपहर 02:28 – 03:16 🌤️ अमृत काल:👉 रात में 11:01 – 12:36 ✨ 🌤️ रवि योग:👉 नहीं 🌤️ सर्वार्थ सिद्धि योग:👉 नहीं ⚠️ अशुभ समय 🌤️ राहुकाल:👉 दोपहर 03:28 – 04:58 🐍 🌤️ यमगण्ड:👉 सुबह 09:27 – 10:58 ☠️ 🌤️ गुलिक काल:👉 दोपहर 12:28 – 01:58 ⏳ 🌤️ वर्ज्य काल:👉 दोपहर 01:30 – 03:05 🌤️ भद्रा:👉 सुबह 09:23 से रात्रि 08:59 तक 🌤️ भद्रावास:👉 मृत्यु - 09:23 सुबह से 08:59 रात्रि तक ✨ विशेष योग 🌤️ गण्डमूल:👉 नहीं 🌤️ पंचक:👉 पूरे दिन 🌤️ दिशा शूल:👉 उत्तर दिशा 🌤️ अग्नि वास:👉 पृथ्वी - 09:23 सुबह तक 🌤️ शिव वास:👉 भोजन में - 09:23 सुबह तक 🔍 करण फल सुबह 09:23 तक वणिज करण व्यापार और लेन-देन के लिए शुभ है। इसके बाद विष्टि (भद्रा) प्रारंभ होगी, जिसमें मांगलिक कार्य वर्जित हैं। 🪔 आज का उपाय मंगलवार को हनुमान जी की कृपा पाने हेतु लाल चंदन का तिलक करें और बजरंग बाण का पाठ करें। 🙏 आज का सुविचार "साहस और विश्वास से किया गया कार्य ही जीवन में विजय दिलाता है।" 📱 हमें फॉलो करें: ऐसी ही दैनिक जानकारी और सटीक ज्योतिषीय समाधान के लिए अभी हमारे पेज को फॉलो करें। 📍 Astro Vastu Kosh - Akshay Jamdagni मुजफ्फरनगर, उत्तर प्रदेश (Muzaffarnagar, Uttar Pradesh) #Panchang #DailyPanchang #AstroVastuKosh #AkshayJamdagni #Muzaffarnagar #Astrology #VedicWisdom #ShubhMuhurat #FridayVibes #SuccessTips #Jyotish #🙏 माँ वैष्णो देवी #🙏शाम की आरती🪔 #❤️जीवन की सीख ##akshayjamdagni #astrovastukosh
Akshay Jamdagni
714 views
1 months ago
🚩~ आज का वैदिक पंचांग ~ 🚩 https://chat.whatsapp.com/BsWPoSt9qSj7KwBvo9zWID?mode=gi_t 🌤️ *दिनांक - 11 मार्च 2026* 🌤️ *दिन - बुधवार* 🌤️ *विक्रम संवत 2082* 🌤️ *शक संवत -1947* 🌤️ *अयन - उत्तरायण* 🌤️ *ऋतु - वसंत ॠतु* 🌤️ *मास - चैत्र ( गुजरात-महाराष्ट्र-फाल्गुन)* 🌤️ *पक्ष - कृष्ण* 🌤️ *तिथि - अष्टमी 12 मार्च प्रातः 04:19 तक तत्पश्चात नवमी* 🌤️ *नक्षत्र - ज्येष्ठा रात्रि 10:00 तक तत्पश्चात मूल* 🌤️ *योग - वज्र सुबह 09:12 तक तत्पश्चात सिद्धि* 🌤️*राहुकाल - दोपहर 12:47 से दोपहर 02:17 तक* 🌤️ *सूर्योदय - 06:52* 🌤️ *सूर्यास्त - 06:45* 👉 *दिशाशूल - उत्तर दिशा मे* 🚩 *व्रत पर्व विवरण- बुधवारी अष्टमी,(सूर्योदय से 12 मार्च प्रातः 04:19 तक)* 💥 *विशेष - *अष्टमी को नारियल का फल खाने से बुद्धि का नाश होता है (ब्रह्मवैवर्त पुराण ब्रह्म खण्ड: 27,29,34)* *🚩🌷व्यतिपात योग🌷~🚩* ➡️ *12 मार्च 2026 सुबह 09:59 से 13 मार्च सुबह 10:32 तक व्यतिपात योग है।* 🙏🏻 *व्यतिपात योग की ऐसी महिमा है कि उस समय जप पाठ प्राणायम, माला से जप या मानसिक जप करने से भगवान की और विशेष कर भगवान सूर्यनारायण की प्रसन्नता प्राप्त होती है जप करने वालों को, व्यतिपात योग में जो कुछ भी किया जाता है उसका १ लाख गुना फल मिलता है।* 🙏🏻 *वाराह पुराण में ये बात आती है व्यतिपात योग की।* 🚩~** ~🚩 #astrovastukosh #akshayjamdagni #ProfessionalAstrologer #dailypanchang #हिंदू #hindu #mahadev #महाकाल #mahakal #🙏 माँ वैष्णो देवी ##akshayjamdagni #🙏शाम की आरती🪔 #astrovastukosh #❤️जीवन की सीख