उत्तर प्रदेश #मुजफ्फरनगर#

Parmod Jain
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4 days ago
उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर में गोमूत्र को फेंकने के बजाय उसे कमाई का साधन बनाया जा रहा है। एक अनूठी पहल के तहत, 10 रुपये प्रति लीटर की दर से गोमूत्र खरीदा जा रहा है, जिससे पशुपालकों और खासकर ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक लाभ मिल रहा है। उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर में पशुपालकों की आमदनी बढ़ाने के लिए एक अनोखी पहल शुरू की गई है। यहां गोमूत्र को बेकार समझकर फेंकने के बजाय उसे कमाई का साधन बनाने की कोशिश हो रही है। स्याना तहसील के नरसैना गांव से शुरू हुए पायलट प्रोजेक्ट में किसान उत्पादक संगठन (FPO) 10 रुपये प्रति लीटर की दर से गोमूत्र खरीद रहा है। फिलहाल आसपास के 15 गांव इस व्यवस्था से जुड़े हैं और रोजाना करीब 500 लीटर गोमूत्र एकत्र किया जा रहा है। गाँव मे ही होगी गोमूत्र की खरीद इस योजना को गांवों तक पहुंचाने के लिए स्थानीय स्तर पर संग्रह की व्यवस्था तैयार की गई है। अलग-अलग गांवों में 200 लीटर क्षमता वाले टैंक लगाए गए हैं, जहां पशुपालक गोमूत्र जमा कर सकते हैं। इससे उन्हें इसे बेचने के लिए किसी दूसरे स्थान पर जाने की जरूरत नहीं पड़ती। संग्रह के बाद गोमूत्र को निर्धारित केंद्रों तक पहुंचाया जाता है, जहां आगे इसका इस्तेमाल कृषि से जुड़े उत्पाद तैयार करने में किया जा रहा है। भविष्य में खरीद की दर बढ़ाने की योजना भी बताई गई है। 300 महिलाओं को कमाई का मौका इस पहल का एक बड़ा हिस्सा ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक रूप से जोड़ना भी है। योजना से करीब 300 महिलाओं को शेयरहोल्डर बनाया गया है। गोमूत्र के संग्रह में सहयोग करने वाली महिलाओं को प्रति लीटर दो रुपये कमीशन देने की व्यवस्था की गई है। यानी पशुपालन के साथ-साथ महिलाओं के लिए भी गांव में रहते हुए अतिरिक्त आय का रास्ता तैयार किया जा रहा है। इस मॉडल के जरिए गो संरक्षण, ग्रामीण रोजगार और महिला सशक्तीकरण को एक ही व्यवस्था से जोड़ने की कोशिश की जा रही है। जड़ी बूटियों से तैयार होंगी दवाएं एकत्र किए गए गोमूत्र को जड़ी-बूटियों के साथ मिलाकर खेती में इस्तेमाल होने वाले उत्पाद तैयार किए जा रहे हैं। परियोजना से जुड़े लोगों के अनुसार, इन उत्पादों का इस्तेमाल प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के उद्देश्य से किया जा रहा है. तैयार उत्पादों को समितियों के माध्यम से किसानों तक पहुंचाने की व्यवस्था है। इस प्रयोग के सफल होने पर इसे उत्तर प्रदेश के दूसरे इलाकों में भी लागू करने की योजना है. फिलहाल बुलंदशहर के गांवों में चल रहा यह मॉडल गोमूत्र के व्यावसायिक उपयोग की नई संभावनाएं दिखा रहा है। #उत्तर प्रदेश
Parmod Jain
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5 days ago
फ्री का सामान नहीं मिला तो... दुकान बंद कराने पहुंची पुलिस.? उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद की खोड़ा कॉलोनी में एक छोटी सी दुकान है। वहाँ दो पुलिसकर्मी आए, फ्रूटी और बिस्कुट लिए। जब महिला दुकानदार ने पैसे मांगे तो देने से मना कर दिया। उलटे धमकी देने लगे – दुकान बंद करवा देंगे। महिला विधवा है। पति नहीं है, दो छोटे बच्चे हैं। इसी छोटी सी दुकान से घर का चूल्हा जलता है। रोज़ी-रोटी का एकमात्र सहारा। जो लोग सुरक्षा देने वाले हैं, वही गरीब की मेहनत पर डाका डालें… ये कैसा सिस्टम है? #उत्तर प्रदेश
Parmod Jain
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5 days ago
तत्काल प्रभाव से संज्ञान मे ले योगी जी की छवि धूमिल करने का प्रयास ना करें। #उत्तर प्रदेश
Naman News
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9 days ago
#🤯अतीक अहमद के बेटे की दर्दनाक मौत #अतीक अहमद #उत्तर प्रदेश #यूपी ब्रेकिंग न्यूज 😥 माफिया अतीक अहमद के छोटे बेटे अबान की कथित तौर पर सड़क हादसे में मौत हो गई। बताया जा रहा है कि अबान अपने बड़े भाई से मिलने झांसी जेल जा रहा था, इसी दौरान वह हादसे का शिकार हो गया।
Parmod Jain
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11 days ago
बारिश में भी यूरिया के लिए तरसे किसान, घंटों लाइन में खड़े रहने को मजबूर उत्तर प्रदेश के गोंडा जिले से किसानों की परेशानी की तस्वीर सामने आई है। रेतवागाड़ा साधन सहकारी समिति में यूरिया खाद लेने के लिए सुबह से ही महिला और पुरुष किसानों की लंबी कतारें लग गईं। बारिश लगातार होती रही, लेकिन किसानों को घंटों भीगते हुए अपनी बारी का इंतजार करना पड़ा। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में किसान बारिश के बीच लाइन में खड़े नजर आ रहे हैं। सवाल यह है कि खेती के सबसे महत्वपूर्ण समय में भी किसानों को यूरिया के लिए इतनी मशक्कत क्यों करनी पड़ रही है? समय पर खाद उपलब्ध कराना आखिर किसकी जिम्मेदारी है? #उत्तर प्रदेश
Parmod Jain
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11 days ago
ट्रैफिक पुलिस ने कावड़ रूट को तय समय s एफल ही वन वे के दिया, ये वो स्मार्ट शहर है जो हल्की बारिश के बाद जाम को झेलते है ऐसे में वन वे किए जाने के बाद से शहर और उसके लोग दो दिनों के जाम से कराह उठे है। मजाल है कि व्यवस्था दुरुस्त हो जाए। वीडियो मेरठ तिराहे के पास NH 9 लिंक रोड का है। #उत्तर प्रदेश