ShareChat
click to see wallet page
👉माँ तू सच कहा करती थीं👌 #ममता से भरी मेरी मा #आई #🙏🌺!!आई साहेब!!🌺🙏 #माझी आई #✍🏽 माझ्या लेखणीतून
ममता से भरी मेरी मा - मा माँ नू सच कहा करती थीं दिन तू चली अपना खयाल खुदरखा करएक तुझे कोइ नहीं पूछेगा कैसा है तू खाना जाएगी खाया कोइ परेशानी तो नहीं तेरे जाने के बाद अब मैं अकेला सा पड़ गया याद दिल हूतेरी मे बसी है तुझे सोचकर जी लेता हू तेरी ue मे आशु बहा लेता हू पूरे घर मे तेरी यादो को सजा के रखता हू तेरी सारी चीजें गले से लगा के रखता हू इस उम्मीद मे बैठा रहता हू तू आयेगी एक दिन हम लोग फिर सेजी   उठेंगे ना चली गई है मैं तुझे जाने तू कितनी कोसों दूर ढूंढ नहीं पा रहा अब कोइ अपना नहीं हू मेरा है तेरे सिवा तेरे बिना अब जी नहीं पा रहा हू माँ तू क्यों छोडकर गई तू तो मेरे Mn 31 ತl बिना जी नहीं पाती थीं जाते वक़्त एक बार नहीं लगा तेरे जाने के बाद मेरा क्या होगा कोइ अपने कलेजे के टुकड़े को ऐसे छोडकर जाता एच॰एन॰टोंपे निलंगा है क्या शिवभक्त मा माँ नू सच कहा करती थीं दिन तू चली अपना खयाल खुदरखा करएक तुझे कोइ नहीं पूछेगा कैसा है तू खाना जाएगी खाया कोइ परेशानी तो नहीं तेरे जाने के बाद अब मैं अकेला सा पड़ गया याद दिल हूतेरी मे बसी है तुझे सोचकर जी लेता हू तेरी ue मे आशु बहा लेता हू पूरे घर मे तेरी यादो को सजा के रखता हू तेरी सारी चीजें गले से लगा के रखता हू इस उम्मीद मे बैठा रहता हू तू आयेगी एक दिन हम लोग फिर सेजी   उठेंगे ना चली गई है मैं तुझे जाने तू कितनी कोसों दूर ढूंढ नहीं पा रहा अब कोइ अपना नहीं हू मेरा है तेरे सिवा तेरे बिना अब जी नहीं पा रहा हू माँ तू क्यों छोडकर गई तू तो मेरे Mn 31 ತl बिना जी नहीं पाती थीं जाते वक़्त एक बार नहीं लगा तेरे जाने के बाद मेरा क्या होगा कोइ अपने कलेजे के टुकड़े को ऐसे छोडकर जाता एच॰एन॰टोंपे निलंगा है क्या शिवभक्त - ShareChat

More like this