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#📖 कविता और कोट्स✒️ #☝आज का ज्ञान #☝ मेरे विचार
📖 कविता और कोट्स✒️ - बासी फूल मुस्कराया नहीं करते, बातों में वक़्त ज़ाया नहीं करते। गुज़री अंधरों को ज़रूसत है रोशनी की, उजालों में दीपक जलाया नहीं करते। मिली है नई सुबह फिर नसीब से মলক পা লা মলিল 3াল ক তুলালা মী आन का सफ़र कल पर मत टाली उलझाओ अपनी लिंदगी सवालों मे। 9 बासी फूल मुस्कराया नहीं करते, बातों में वक़्त ज़ाया नहीं करते। गुज़री अंधरों को ज़रूसत है रोशनी की, उजालों में दीपक जलाया नहीं करते। मिली है नई सुबह फिर नसीब से মলক পা লা মলিল 3াল ক তুলালা মী आन का सफ़र कल पर मत टाली उलझाओ अपनी लिंदगी सवालों मे। 9 - ShareChat

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