#🎙 स्वरचित साहित्य
🎙 स्वरचित साहित्य - . . कुछ लोगो को लगता है . . उनकी चालाकियाँ मुझे समझ नही आती . मैं बड़ी खामोशी से देखता हूँ . . . . . उनको अपनी नज़रों से गिरते हुए . . . - ShareChat
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27 दिन पहले
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