हिंदी साहित्य के कुछ प्रमुख महत्वपूर्ण तथ्य : परीक्षोपयोगी UGC-NET-JRF रेती के फूल - रामधारी सिंह दिनकर अशोक के फूल - हजारी प्रसाद द्विवेदी कमल के फूल - भवानी प्रसाद मिश्र शिरीष के फूल - हजारी प्रसाद द्विवेदी कागज के फूल - भारत भूषण अग्रवाल जूही के फूल - रामकुमार वर्मा गुलाब के फूल - उषा प्रियवंदा नीम के फूल - गिरिराज किशोर खादी के फूल - हरिवंशरायबच्चन जंगल के फूल - राजेंद्र अवस्थी दुपहरिया के फूल - दुर्गेश नंदिनी डालमिया चिता के फूल - रामवृक्ष बेनीपुरी सेमल के फूल - मारकंडे सुबह के फूल - महीप सिंह रक्त के फूल - योगेश कुमार खादी के गीत - सोहनलाल उसने कहा था - चंद्रधर शर्मा गुलेरी उसने नहीं कहा था - शैलेश मटियानी तुमने कहा था - नागार्जुन मैंने कब कहा - सर्वेश्वर दयाल सक्सेना तुमने क्यों कहा कि मैं सुंदर हूँ - यशपाल उसकी कहानी - महेंद्र वशिष्ट उसका विद्रोह - मृदुला गर्ग उस रात की गंध - धीरेंद्र अस्थाना नव भक्तमाल - राधाचरण गोस्वामी उत्तरार्द्ध भक्तमाल - भारतेंदु भक्तमाल - नाभा दास भक्त नामावली - ध्रुवदास हिंदी साहित्य की प्रमुख त्रयी- रीतिकालीन कवि त्रयी - केशव, बिहारी, भूषण प्रगतिशील त्रयी - शमशेर बहादुर सिंह, नागार्जुन, त्रिलोचन छायावाद की वृहद त्रयी - जयशंकर प्रसाद(ब्रह्मा), सुमित्रानंदन पंत (विष्णु), सूर्यकांत त्रिपाठी निराला(महेश) छायावाद की लघुत्रयी या वर्मा त्रयी - महादेवी वर्मा, रामकुमार वर्मा, भगवतीचरण वर्मा मिश्रबंधु की वृहदत्रयी - तुलसीदास, सूरदास, देव मिश्र बंधु की मध्य त्रयी - बिहारी, भूषण, केशव मिश्रबंधु की लघुत्रयी – मतिराम, चंद्रवरदाई, हरिश्चंद्र शतक त्रयी – नीतिशतक, श्रंगार शतक, वैराग्य शतक नई कहानी आंदोलन की यशस्वी त्रयी - राजेंद्र यादव, कमलेश्वर, मोहन राकेश भारतीय पत्रकारीता त्रयी - राजेंद्र माथुर, मनोहर श्याम जोशी, अज्ञेय ०त्रयी पुस्तक के लेखक आचार्य जानकी बल्लभ शास्त्री है!! युगधारा - नागार्जुन युगधारा - सोहनलाल द्विवेदी कवि कुल कल्पतरु - चिंतामणि कवि कल्पद्रुम - द्विजदेव कवि कुल कंठाभरण - दूल्ह कविक विकल्पद्रुम कल्पद्रुत् - श्रीपति कल्पनिरुक्त - विनयचंद सूरी एक पत्नी के नोट्स - ममता कालिया एक पति के नोट्स - महेंद्र भल्ला पेरिस के नोट्स - रामकुमार वर्मा एकलव्य के नोट्स - फणीश्वर नाथ रेणु एक कस्बे के नोट्स - निलेश रघुवंशी काव्यलोक - रामदरश मिश्र काव्य विवेक - चिंतामणि काव्यप्रकाश - चिंतामणि काव्य सरोज - श्रीपति काव्य निर्णय - भिखारीदास काव्य कलाधर - रघुनाथ काव्य विलास - प्रताप शाही काव्य विनोद - प्रताप शाही काव्य रसायन - देव शब्द रसायन - देव काव्य सिद्धांत - सुरती मिश्र धूप के धान (काव्य) - गिरिजा कुमार माथुर धूप की उंगलियों के निशान( कथा संग्रह) - महीप सिंह धूप कोठरी के आइने में खड़ी( काव्य) - शमशेर बहादुर सिंह सीढ़ियों पर धूप (काव्य ) - रघुवीर सहाय धूप में जगरूप सुंदर( काव्य) - त्रिलोचन साए में धूप (गजल) - दुष्यंत कुमार धूप के हस्ताक्षर( ग़ज़ल) - ज्ञान प्रकाश विवेक पक गई धूप( काव्य) - रामदरश मिश्र उभरती हुई धूप (उपन्यास) - गोविंद मिश्र टहनियों पर धूप (कहानी ) - मेहरून्निसा परवेज धूप की तलवार (कविता) - केदारनाथ अग्रवाल बाहर धूप खड़ी है - विज्ञान व्रत हवा में हस्ताक्षर - कैलाश बाजपेई श्रंगार निर्णय - भिखारीदास श्रंगार विलाश - सोमनाथ श्रंगार मंजरी - चिंतामणि श्रृंगार मंजरी - प्रताप शाही श्रंगार शिरोमणि - प्रताप साही श्रृंगार मंजरी - यशवंत सिंह श्रृंगार भूषण - बेनी प्रवीन श्रंगार लतिका - द्विज देव श्रृंगार चालीसा - द्विज देव श्रृंगार बत्तीसी - द्विजदेव श्रृंगार लता - सुखदेव श्रृंगार सोरठा - रहीम श्रंगार सागर - मोहनलाल मिश्र श्रंगार रस माधुरी - कृष्णभट्ट देव ऋषि बिहारी और देव - भगवानदीन देव और बिहारी - कृष्ण बिहारी प्राकृत पैंगलम ग्रंथ - लक्ष्मीधर प्राकृत पैंगलम की टीका - वंशीधर भरतेश्वर बाहुबली रास - शालिभद्र सूरि भरतेश्वर बाहुबली घोर रास - ब्रिजसेन सूरी गुनाहो की देवी - याद्वेन्द्र शर्मा गुनाहों का देवता - धर्मवीर भारती फूलों का गुच्छा - भारतेंदु फूलों का कुर्ता - यशपाल हार की जीत - सुदर्शन हार जीत - भगवती प्रसाद बाजपेई शरणदाता, शरणार्थी - स. हीरानंद वात्स्यायन अज्ञेय शरणागत - वृंदावन लाल Jitendrakumar.2016@yahoo
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3 months ago
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