✒ शायरी - रूठने से भी जो न रूठे . . . . वो प्यार हो तुम . . छूटने से भी जो न छूटे . . . . वो साथ हो तुम . . . . यूं तो संजोई हैं मैंने कई यादें . . . . . पर भुलाए से भी न भूले . . वो याद हो . . . तुम . . - ShareChat
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1 महीने पहले
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