ShareChat
click to see wallet page
search
#😞बेवफा शायरी #बेहतरीन उर्दू शायरी✍️ #✨उर्दू शायरी #🖋ग़ालिब की शायरी #💔ब्रेकअप शायरी✍
😞बेवफा शायरी - wlthtkos withtko5 बहुत मजबूर होकर मैं तेरी आंखों से निकला, खुशी से कौन अपने मुल्क से बाहर रहा है गले मिलना या ना मिलना तो तेरी मर्जी है, लेकिन तेरे चेहरे से लग रहा है कि तेरा दिल कर रहा है तहज़ीब हाफ़ी wlthtkos withtko5 बहुत मजबूर होकर मैं तेरी आंखों से निकला, खुशी से कौन अपने मुल्क से बाहर रहा है गले मिलना या ना मिलना तो तेरी मर्जी है, लेकिन तेरे चेहरे से लग रहा है कि तेरा दिल कर रहा है तहज़ीब हाफ़ी - ShareChat