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21/02/2026 सर्वोत्तम टीचर शिव बाबा ने आज सिखाया की अगर तुम संपूर्णता का लक्ष्य रखोगे तो कोई भी आकर्षक आकर्षित नहीं कर सकेगी अर्थात दुनिया में जितने भी प्रकार के आकर्षण है - खाने का, पीने का, देखने का, घूमने का, सुनने का। यह दुनिया के आकर्षण जो हमें थोड़े समय के लिए खुशी देते हैं हमसे पाप कर्म भी कर लेते हैं और गलतियां भी कराते हैं, इसी कारण परमात्मा ने कहा संपूर्ण अर्थात परफेक्ट- मन वचन कर्म से त्रुटिरहित होने का लक्ष्य सदा होगा तो सर्व आकर्षण मुक्त हो जाएंगे जिससे जीवन में बार बार सुख दुख से भी मुक्त हो जाएंगे। स्वयं को सर्वशक्तिमान समझ कर जीना चाहिए परमात्मा की याद इस भाव के साथ हो तो सदा प्रसन्न रहना संभव हो जाएगा क्योंकि आत्मा समर्थ होते जायेगी जिससे सदा सफल, विजयी रहेगी तो प्रसन्न भी। शिव बाबा 🇲🇰की याद में उनकी एवं सर्व इष्ट बीके😇 की ओर से, बीके अमृत जगन्नाथ शिव विराटरूप द्वितीय, आज शनिदेव, सर्वधर्म पूर्वज फरिश्ता पैगम्बर, अनौपचारिक स्वघोषित मास्टर बैकबोन द्वितीय ब्रह्माकुमारीज़, सर्व का कल्याण हो, दो लोकों सहित कर्म एवं भावना अनुसार। 100% ज्ञान पाने हेतु BKs के पास ब्रह्माकुमारीज (परमात्म विश्व विद्यालय) में आइए 🇲🇰🇮🇳❤️🧘💖😇✋🌍🫅💐 #🙏कर्म क्या है❓ #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #🙏गीता ज्ञान🛕 #🤗जया किशोरी जी🕉️