#ना_जन्मा_ना_मरा
♦️बंदीछोड कबीर परमेश्वर जी सन् 1398 में काशी शहर में प्रकट होकर 120 वर्ष लीला करने के बाद सन् 1518 में मगहर (वर्तमान कबीर नगर जिला, उत्तरप्रदेश) से सशरीर सतलोक गए थे।
ऋग्वेद मण्डल 9 सूक्त 93 मंत्र 2, मण्डल 10 सूक्त 4 मंत्र 3 में यह प्रमाण हैं कि परमात्मा सशरीर आता है और सशरीर अपने अविनाशी धाम लौट जाता है।
![ना_जन्मा_ना_मरा - न जन्मा, नमरा মন্ীনা মাঘ থুবল দঃ নিথি বক্কানথী বি ম 1575, মনূ 1518 को परमेश्वर कबीर साहेब जी मगहर से सशरीर अपने अविनाशी सतलोक गए थे जिसका प्रमाण आज भी मगहर (वर्तमान धाम जिला कबीर नगर) में विद्यमान है। यही प्रमाण ऋग्वेद मंडल 9 सूक्त ९३ मंत्र 2 देता है कि परमात्मा सशरीर प्रकट होता है और सशरीर अपने निज लोक को चला जाता है। दौहूं के मध्य कबीर। TTa ' काया काशी मन मगहर काशी तज मगहर गया, पाया नहीं शरीर। । [ ऋग्वेद मण्डल 9 सूक्त ९३ मंत्र २ ] शिशुः वावशानः वृषा दधन्वे पुरुवरः अरिः मर्यः HTaf: 7 सम न योषाम् अभि निष्कृतम् यन्त् सम् गच्छते कलश उस्त्रियाभिः Sant Rampal Ji YOUTUBE fiee Buuk Maharaj CHANNEL 7496801825 IMLSIntILnITDLIIIIIFI न जन्मा, नमरा মন্ীনা মাঘ থুবল দঃ নিথি বক্কানথী বি ম 1575, মনূ 1518 को परमेश्वर कबीर साहेब जी मगहर से सशरीर अपने अविनाशी सतलोक गए थे जिसका प्रमाण आज भी मगहर (वर्तमान धाम जिला कबीर नगर) में विद्यमान है। यही प्रमाण ऋग्वेद मंडल 9 सूक्त ९३ मंत्र 2 देता है कि परमात्मा सशरीर प्रकट होता है और सशरीर अपने निज लोक को चला जाता है। दौहूं के मध्य कबीर। TTa ' काया काशी मन मगहर काशी तज मगहर गया, पाया नहीं शरीर। । [ ऋग्वेद मण्डल 9 सूक्त ९३ मंत्र २ ] शिशुः वावशानः वृषा दधन्वे पुरुवरः अरिः मर्यः HTaf: 7 सम न योषाम् अभि निष्कृतम् यन्त् सम् गच्छते कलश उस्त्रियाभिः Sant Rampal Ji YOUTUBE fiee Buuk Maharaj CHANNEL 7496801825 IMLSIntILnITDLIIIIIFI - ShareChat ना_जन्मा_ना_मरा - न जन्मा, नमरा মন্ীনা মাঘ থুবল দঃ নিথি বক্কানথী বি ম 1575, মনূ 1518 को परमेश्वर कबीर साहेब जी मगहर से सशरीर अपने अविनाशी सतलोक गए थे जिसका प्रमाण आज भी मगहर (वर्तमान धाम जिला कबीर नगर) में विद्यमान है। यही प्रमाण ऋग्वेद मंडल 9 सूक्त ९३ मंत्र 2 देता है कि परमात्मा सशरीर प्रकट होता है और सशरीर अपने निज लोक को चला जाता है। दौहूं के मध्य कबीर। TTa ' काया काशी मन मगहर काशी तज मगहर गया, पाया नहीं शरीर। । [ ऋग्वेद मण्डल 9 सूक्त ९३ मंत्र २ ] शिशुः वावशानः वृषा दधन्वे पुरुवरः अरिः मर्यः HTaf: 7 सम न योषाम् अभि निष्कृतम् यन्त् सम् गच्छते कलश उस्त्रियाभिः Sant Rampal Ji YOUTUBE fiee Buuk Maharaj CHANNEL 7496801825 IMLSIntILnITDLIIIIIFI न जन्मा, नमरा মন্ীনা মাঘ থুবল দঃ নিথি বক্কানথী বি ম 1575, মনূ 1518 को परमेश्वर कबीर साहेब जी मगहर से सशरीर अपने अविनाशी सतलोक गए थे जिसका प्रमाण आज भी मगहर (वर्तमान धाम जिला कबीर नगर) में विद्यमान है। यही प्रमाण ऋग्वेद मंडल 9 सूक्त ९३ मंत्र 2 देता है कि परमात्मा सशरीर प्रकट होता है और सशरीर अपने निज लोक को चला जाता है। दौहूं के मध्य कबीर। TTa ' काया काशी मन मगहर काशी तज मगहर गया, पाया नहीं शरीर। । [ ऋग्वेद मण्डल 9 सूक्त ९३ मंत्र २ ] शिशुः वावशानः वृषा दधन्वे पुरुवरः अरिः मर्यः HTaf: 7 सम न योषाम् अभि निष्कृतम् यन्त् सम् गच्छते कलश उस्त्रियाभिः Sant Rampal Ji YOUTUBE fiee Buuk Maharaj CHANNEL 7496801825 IMLSIntILnITDLIIIIIFI - ShareChat](https://cdn4.sharechat.com/bd5223f_s1w/compressed_gm_40_img_274094_2fbd7117_1769690272524_sc.jpg?tenant=sc&referrer=pwa-sharechat-service&f=524_sc.jpg)

