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#शुभ रात्रि
शुभ रात्रि - मिली थी ज़िन्दगी किसी के '्कामा आने के लिए॰॰॰ पर वक़्त बीत रहाहै लिए॰॰ कागज़ के टुकड़े कमाने के क्या करोगे इतना पैसा कमा कर॰४ ना कफ़न में प्जेब॰ है और न कब्र में अलमारी॰ और ये मौत के फ़रिश्ते तो 'रिश्नत भी नहीं लेते. Good night मिली थी ज़िन्दगी किसी के '्कामा आने के लिए॰॰॰ पर वक़्त बीत रहाहै लिए॰॰ कागज़ के टुकड़े कमाने के क्या करोगे इतना पैसा कमा कर॰४ ना कफ़न में प्जेब॰ है और न कब्र में अलमारी॰ और ये मौत के फ़रिश्ते तो 'रिश्नत भी नहीं लेते. Good night - ShareChat