ShareChat
click to see wallet page
search
#🖋ग़ालिब की शायरी #📖 कविता और कोट्स✒️ #✒ गुलज़ार की शायरी 🖤 #🎙️मशहूर शायरों की शायरी✍️ #_alone_creator
🖋ग़ालिब की शायरी - ना मेरी नीयत बुरी थी, ना उसमे कोई ೫, बुराई ೫.. Il जुदाई सब मुक़द्दर का खेल था बस किस्मत में ना मेरी नीयत बुरी थी, ना उसमे कोई ೫, बुराई ೫.. Il जुदाई सब मुक़द्दर का खेल था बस किस्मत में - ShareChat