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कचौड़ी को बनाने में जितना समय लगता हैं उससे कम समय लगता हैं खाने में। सोच सोच के कभी कभी मन इतना बौखलाया करता हैं कि ना रहेगा चना सत्तू ना बनेगा कचौड़ी। लेकिन क्या करे मन ही हैं बहक जाता हैं बना के खाने के लिए ? बिहारी हैं बबुआ🥰 #😛कचौड़ी लवर😋 #बिहार #अपना बिहार #my #my favourite
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