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#☸️महाशिवरात्री व्रत, पुजा-विधी मुहुर्त🔯
☸️महाशिवरात्री व्रत, पुजा-विधी मुहुर्त🔯 - घर पर ऐसे करें शिवरात्रि की पूजा निवृत्त 7 शिवरात्रि के दिन सुबह जल्दी स्नानादि कर हो जाएं. घर के मंदिर में भोलेनाथ की पूजा अर्चना करें और व्रत কা সঁকল্প ল पूजा करते समय याद रखें कि आपका मुख পুর্ন যা @ 3T 3 दिशा की ओर होना चाहिए. ऊँ नमः शिवाय मंत्र का जाप कम से कम १०८ बार करें. शिवरात्रि के दिन आप पूरे दिन का व्रत भी रख सकते है॰ इस दिन व्रत निराहार ही रखें , पूरेदिन में आप केवल दूध, फल या जूस का सेवन कर सकते हैं॰. शाम के समय वापस स्नानादि करने के बाद घर के मंदिर में भोलेनाथ और शिवलिंग की पूजा करें . की शुरुआत गणेश जी से करें और उसके बाद शिव  ತೆ೯ನg 9ಾತ शुरू करें॰. रहें ये पूजा 4 पहर के समय ही करें. I भोलेनाथ को फल, फूल, चंदन , बिल्व पत्र, धतूरा, धूप व दीप से शिवजी की पूजा करनी चाहिए. शिवलिंग पर दूध, दही , घी, शहद और शक्कर से अलग-्अलग तथा सबको एक साथ मिलाकर पंचामृत से शिवलिंग को स्नान कराकर जल से अभिषेक करना चाहिए. आखिर में भोलेनाथ के इन आठ नामों शर्व, रूद्र, 4,_ पशुपति, उग्र, महान, भीम और ईशान को लेकर फूल अर्पित करें, साथ ही शिव जी की आरती और परिक्रमा करें . ऊँ नमः शिवायः सर्वमंगल मांगल्ये शिवे सर्वार्थ साधिके। घर पर ऐसे करें शिवरात्रि की पूजा निवृत्त 7 शिवरात्रि के दिन सुबह जल्दी स्नानादि कर हो जाएं. घर के मंदिर में भोलेनाथ की पूजा अर्चना करें और व्रत কা সঁকল্প ল पूजा करते समय याद रखें कि आपका मुख পুর্ন যা @ 3T 3 दिशा की ओर होना चाहिए. ऊँ नमः शिवाय मंत्र का जाप कम से कम १०८ बार करें. शिवरात्रि के दिन आप पूरे दिन का व्रत भी रख सकते है॰ इस दिन व्रत निराहार ही रखें , पूरेदिन में आप केवल दूध, फल या जूस का सेवन कर सकते हैं॰. शाम के समय वापस स्नानादि करने के बाद घर के मंदिर में भोलेनाथ और शिवलिंग की पूजा करें . की शुरुआत गणेश जी से करें और उसके बाद शिव  ತೆ೯ನg 9ಾತ शुरू करें॰. रहें ये पूजा 4 पहर के समय ही करें. I भोलेनाथ को फल, फूल, चंदन , बिल्व पत्र, धतूरा, धूप व दीप से शिवजी की पूजा करनी चाहिए. शिवलिंग पर दूध, दही , घी, शहद और शक्कर से अलग-्अलग तथा सबको एक साथ मिलाकर पंचामृत से शिवलिंग को स्नान कराकर जल से अभिषेक करना चाहिए. आखिर में भोलेनाथ के इन आठ नामों शर्व, रूद्र, 4,_ पशुपति, उग्र, महान, भीम और ईशान को लेकर फूल अर्पित करें, साथ ही शिव जी की आरती और परिक्रमा करें . ऊँ नमः शिवायः सर्वमंगल मांगल्ये शिवे सर्वार्थ साधिके। - ShareChat