ShareChat
click to see wallet page
search
#गुलजार शायरी
गुलजार शायरी - दिल चहीं लौटना चाहता है जहां दुबारा जाना मुमकिन नहीं बचपन , मासूमियत ar eR, पुराने UIIFI Hlf उम्र चाहे जितनी भी हो सुना है दिल पर कभी नहीं पड़ती झुर्रियां दिल चहीं लौटना चाहता है जहां दुबारा जाना मुमकिन नहीं बचपन , मासूमियत ar eR, पुराने UIIFI Hlf उम्र चाहे जितनी भी हो सुना है दिल पर कभी नहीं पड़ती झुर्रियां - ShareChat