ShareChat
click to see wallet page
search
#astro #🕵ASTRO TIPS
astro - मंगल ग्रह का अलग-्अलग भावों पर प्रभाव সথস সাণ जिन जातकों के लग्न भाव में मंगल ग्रह विराजमान होते हैं, उन्हें अपने जीवन में पारिवारिक समस्याओं है क्योंकि मंगल की का सामना करना पड़ सकता प्रबल ऊर्जा व्यक्ति को आक्रामक और चिड़चिड़ा बनाने का काम करती है। चौथा भाव ऐसे जातक जिनकी कुंडली के चौथे भाव पर मंगल ग्रह का प्रभाव होता है, उन्हें अपने जीवन में पर्याप्त मात्रा में धन-्धान्य की प्राप्ति होती है। साथ ही, समाज में लोकप्रियता और मान-सम्मान भी मिलता है। सातवां भावः यदि मंगल देव आपके सातवें भाव में उपस्थित होते हैं, तो जातकों को रिश्तों में समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। इस स्थिति में व्यक्ति अपने अतीत से बाहर नहीं निकल पाता है या फिर उसे जीवनसाथी की तलाश में कठिनाइयों से दो-चार होना पडता है। दसवां भाव कुंडली के दसवें भाव में मंगल महाराज के बैठे होने से जातक अपने कार्य के प्रति अत्यधिक समर्पित और जुनूनी हो सकता है। साथ ही , यह स्थिति सेना , राजनीति और इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग जैसे क्षेत्रों में भी सफलता दिलाने में सहायक होती है। मंगल ग्रह का अलग-्अलग भावों पर प्रभाव সথস সাণ जिन जातकों के लग्न भाव में मंगल ग्रह विराजमान होते हैं, उन्हें अपने जीवन में पारिवारिक समस्याओं है क्योंकि मंगल की का सामना करना पड़ सकता प्रबल ऊर्जा व्यक्ति को आक्रामक और चिड़चिड़ा बनाने का काम करती है। चौथा भाव ऐसे जातक जिनकी कुंडली के चौथे भाव पर मंगल ग्रह का प्रभाव होता है, उन्हें अपने जीवन में पर्याप्त मात्रा में धन-्धान्य की प्राप्ति होती है। साथ ही, समाज में लोकप्रियता और मान-सम्मान भी मिलता है। सातवां भावः यदि मंगल देव आपके सातवें भाव में उपस्थित होते हैं, तो जातकों को रिश्तों में समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। इस स्थिति में व्यक्ति अपने अतीत से बाहर नहीं निकल पाता है या फिर उसे जीवनसाथी की तलाश में कठिनाइयों से दो-चार होना पडता है। दसवां भाव कुंडली के दसवें भाव में मंगल महाराज के बैठे होने से जातक अपने कार्य के प्रति अत्यधिक समर्पित और जुनूनी हो सकता है। साथ ही , यह स्थिति सेना , राजनीति और इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग जैसे क्षेत्रों में भी सफलता दिलाने में सहायक होती है। - ShareChat