3.1....*टुटा हुआ विश्वास*
*और छूटा हुआ बचपन,*
*जिंदगी में कभी दुबारा वापस नहीं मिलता* !!
*" नफरतों में क्या रखा हैं ..,*
*मोहब्बत से जीना सीखो..,*
*क्योकि*
*ये दुनियाँ न तो हमारा घर हैं ...*
*और ...*
*न ही आप का ठिकाना ..,*
*याद रहे ! दूसरा मौका सिर्फ कहानियाँ देती हैं , जिन्दगी नहीं ...*
*🙏🙏🌹 शुभरात्रि 🌹🙏🙏*
#❤️Love You ज़िंदगी ❤️


