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#ishu masih hi khuda hai
ishu masih hi khuda hai - परमेश्वर कहते हैं : ॰परमेश्वर मानवजाति से प्रेम करता है, मानवजाति की देखभाल करता है, लिए चिंता दिखाता है, मानवजाति के साथ ही साथ लगातार और इसके लिए आपूर्तियाँ करता है। वह कभी अपने हृदय  बिना रुके मानवजाति के में यह महसूस नहीं करता कि यह एक अतिरिक्त कार्य है या जिसे ढेर सारा  श्रेय मिलना चाहिए। न ही वह यह महसूस करता है कि मानवता को f आपूर्तियाँ करना, और उन्हें सब कुछ देना , मानवजाति बचाना, उनके बहुत बड़ा योगदान है। वह मानवजाति को अपने तरीके से লিব বন্ধ के और स्वयं के सार और जो वह स्वयं है और जो उसके पास है, उसके माध्यम से बस खामोशी से एवं चुपचाप प्रदान करता है। इससे कोई फर्क नहीं पड़ता कि मानवजाति को उससे कितना भोजन प्रबंध एवं कितनी सहायता प्राप्त होती है, परमेश्वर इसके बारे में कभी नहीं सोचता या श्रेय लेने की कोशिश नहीं करता। यह परमेश्वर के सार द्वारा निर्धारित होता है  बिलकुल सही अभिव्यक्ति भी है।॰ और साथ ही यह परमेश्वर के स्वभाव की परमेश्वर कहते हैं : ॰परमेश्वर मानवजाति से प्रेम करता है, मानवजाति की देखभाल करता है, लिए चिंता दिखाता है, मानवजाति के साथ ही साथ लगातार और इसके लिए आपूर्तियाँ करता है। वह कभी अपने हृदय  बिना रुके मानवजाति के में यह महसूस नहीं करता कि यह एक अतिरिक्त कार्य है या जिसे ढेर सारा  श्रेय मिलना चाहिए। न ही वह यह महसूस करता है कि मानवता को f आपूर्तियाँ करना, और उन्हें सब कुछ देना , मानवजाति बचाना, उनके बहुत बड़ा योगदान है। वह मानवजाति को अपने तरीके से লিব বন্ধ के और स्वयं के सार और जो वह स्वयं है और जो उसके पास है, उसके माध्यम से बस खामोशी से एवं चुपचाप प्रदान करता है। इससे कोई फर्क नहीं पड़ता कि मानवजाति को उससे कितना भोजन प्रबंध एवं कितनी सहायता प्राप्त होती है, परमेश्वर इसके बारे में कभी नहीं सोचता या श्रेय लेने की कोशिश नहीं करता। यह परमेश्वर के सार द्वारा निर्धारित होता है  बिलकुल सही अभिव्यक्ति भी है।॰ और साथ ही यह परमेश्वर के स्वभाव की - ShareChat