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#❤️अस्सलामु अलैकुम
❤️अस्सलामु अलैकुम - (৬;) ने इर्शाद फ़र्माया : रसूलुल्लाह जब इन्सान मर जाता है, तो उस के अमल का सिलसिला बन्द हो जाता है, सिवाए तीन चीज़ों के : एक सदक़ा जारिया है, दूसरा ऐसा इल्म है, जिस से लोग फ़ायदा उठाएँ और तीसरा नेक और सालेह औलाद है, जो उस के लिये दुआ करे। 4 1300+ तिर्मिज़ी १३७६ / ( (৬;) ने इर्शाद फ़र्माया : रसूलुल्लाह जब इन्सान मर जाता है, तो उस के अमल का सिलसिला बन्द हो जाता है, सिवाए तीन चीज़ों के : एक सदक़ा जारिया है, दूसरा ऐसा इल्म है, जिस से लोग फ़ायदा उठाएँ और तीसरा नेक और सालेह औलाद है, जो उस के लिये दुआ करे। 4 1300+ तिर्मिज़ी १३७६ / ( - ShareChat