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#SantRampalJiMaharajअधूरा ज्ञान खतरनाक क्या आपके धर्म गुरु जानते हैं कि विष्णु पुराण के तृतीय अंश, अध्याय 15 श्लोक 55-56 के अनुसार एक योगी (शास्त्र अनुकूल भक्ति करने वाला साधक) को भोजन कराना हज़ार ब्राह्मणों के श्राद्ध भोज से उत्तम है। #pitra Paksh shraddh #ज्योतिष #ईश्वर आस्था #कलयुग में सतयुग की शुरुआत #भक्ति भावनायें
pitra Paksh shraddh - = ( 1 8 ಕಷ 1 1 #ீ కడీ श्राद्ध करने वाले पुरोहित कहते हैं कि श्राद्ध करने से वह जीव एक वर्ष तक तृप्त हो जाता है। फिर एक वर्ष में श्राद्ध फिर करना है। विचार करेंः- जीवित व्यक्ति दिन में तीन बार भोजन करता था। अब एक दिन भोजन करने से एक वर्ष तक कैसे तृप्त हो सकता है? यदि प्रतिदिन छत पर भोजन रखा जाए तो वह कौवा प्रतिदिन ही भोजन खाएगा | सत साहेब जी = ( 1 8 ಕಷ 1 1 #ீ కడీ श्राद्ध करने वाले पुरोहित कहते हैं कि श्राद्ध करने से वह जीव एक वर्ष तक तृप्त हो जाता है। फिर एक वर्ष में श्राद्ध फिर करना है। विचार करेंः- जीवित व्यक्ति दिन में तीन बार भोजन करता था। अब एक दिन भोजन करने से एक वर्ष तक कैसे तृप्त हो सकता है? यदि प्रतिदिन छत पर भोजन रखा जाए तो वह कौवा प्रतिदिन ही भोजन खाएगा | सत साहेब जी - ShareChat