🌿प्रभु सर्वत्र है । कण-कण में उनकी सत्ता विद्यमान हैं ।मैं प्रभु का हूँ और प्रभु मेरे हैं। हर पल ऐसी भावना करो कि प्रभु तुम्हारे पास हैं।
प्रभु के अतिरिक्त अन्य सभी वस्तु पदार्थों से आसक्ति को सर्वथा हटाकर मन को केवल उन्हीं में तन्मय कर लेना चाहिए ।
अनुकूल प्रतिकूल कुछ भी नहीं है, बस सब प्रभु की लीला है । हर पल जो घटित हो रहा है, बस प्रभु की ही लीला है।ऐसा मानकर निश्चित हो जाओ। प्रभु का विस्मरण ही सभी क्लेशों का मूल है । सुख का मूल है — भगवद् स्मरण ।
हर पल प्रभु का नाम स्मरण करते रहो ।
🦚🦚श्रीराधावल्लभ हरिशरणम्🦚🦚
🦚🦚हरिओम्🦚🦚
🦚🦚श्रीहरिवंश 🦚🦚 हरिशरणम् 🦚🦚
🦚🦚श्रीराधावल्लभ हरिशरणम् 🦚 🦚
🦚🦚श्रीहरिवंश🦚🦚
#💐मेरे द्वारिका धीष 🙏🏻गोविन्द माधव💐💐🚩🕉️🦚🦚🌸🌹🌸🌹🌸🌹🌸🌹🌸🌹🌸🌹🌸🌹🌸🌹🌸🌹🌸🌹🌸 #GOVIND GOPAL🚩🕉️🦚🦚🌾💐🌾💐🌾💐🌾💐🌾💐🌾💐🌾💐🌾💐🌾💐🌾💐🌾 #श्री कृष्ण गोविंद हरे मुरारी हे नाथ नारायण वासुदेव। 🙏🙏🙏🙏🙏 ॐ श्रीं कृष्णाय: नमः 🙏🙏🙏🚩🕉️🦚🦚🌼🥀🌼🥀🌼🥀🌼🥀🌼🥀🌼🥀🌼🥀🌼🥀🌼🥀🌼🥀🌼 #🌺🌺🙏🏻जय जय राधा रमण हरि बोल 🌺🌺🙏🏻जय जय राधा रमण हरि बोल🙏🏻🚩🕉️🦚🦚🌷🌻🌷🌻🌷🌻🌷🌻🌷🌻🌷🌻🌷🌻🌷🌻🌷🌻🌷🌻🌷 #हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे🚩🕉️🦚🦚🌲🪻🌲🪻🌲🪻🌲🪻🌲🪻🌲🪻🌲🪻🌲🪻🌲🪻🌲🪻🌲🌾🌼🌾🌼🌾🌼🌾🌼🌾🌼🌾🌼🌾🌼🌾🌼🌾🌼🌾🌼🌾🌹🍂🌹🍂🌹🍂🌹🍂🌹🍂🌹🍂🌹🍂🌹🍂🌹🍂🌹🍂🌹
00:43

