ShareChat
click to see wallet page
search
#adhura sa
adhura sa - मैं घर से दूर निकल आया कुछ खोने को॰ कुछ पाने को। कुछ साथी नए बनाएहै इस दुनिया को दिखलाने को। पर तन्हाई में बैठा हूँ और तकलीफ़ों से यारी है यह दर्द बहुत ही भारी है। जारी है॰. मैं घर से दूर निकल आया कुछ खोने को॰ कुछ पाने को। कुछ साथी नए बनाएहै इस दुनिया को दिखलाने को। पर तन्हाई में बैठा हूँ और तकलीफ़ों से यारी है यह दर्द बहुत ही भारी है। जारी है॰. - ShareChat