Rajeev Tomar
3K views 16 days ago
भरत तिवारी की मांगें व्यक्तिगत हित के लिए नहीं, बल्कि समाज और जनहित के मुद्दों से जुड़ी थीं। दुर्भाग्य से कुछ लोगों ने उन्हें समझने के बजाय उन्हें विक्षिप्त या पागल कहकर नजरअंदाज किया। इतिहास गवाह है कि समाज और राष्ट्र के लिए सोचने वाले लोग अक्सर अपने समय में गलत समझे जाते हैं। भरत भूषण तिवारी की स्मृति को विनम्र श्रद्धांजलि। 🙏 #rip #bihar #बिहार #अपना बिहार #भरत तिवारी 🇮🇳
33 likes
28 shares

More like this