ShareChat
click to see wallet page
search
#🙏🏻गुरबानी
🙏🏻गुरबानी - जिस पिआरे नाल पिआर होवै अपना आपा भाव छड के अ उस दे सनमुख रहणा चाहीदा है संसार विच उस तों बेमुख  होके जीने नूं धिक्कार है। अ 23 जिसु पिआरे सिउ f आगे मरि चलीऐ।श्रिग जीवणु संसारि ता के पाछे जीवणा| (८2,sggs, गुरू अंगद देवजी ) Edit जिस पिआरे नाल पिआर होवै अपना आपा भाव छड के अ उस दे सनमुख रहणा चाहीदा है संसार विच उस तों बेमुख  होके जीने नूं धिक्कार है। अ 23 जिसु पिआरे सिउ f आगे मरि चलीऐ।श्रिग जीवणु संसारि ता के पाछे जीवणा| (८2,sggs, गुरू अंगद देवजी ) Edit - ShareChat