ShareChat
click to see wallet page
search
#✍️ साहित्य एवं शायरी #📜मेरी कलम से✒️ #✍️ अनसुनी शायरी #📝 अधूरे अल्फाज़
✍️ साहित्य एवं शायरी - तुम्हारी मुस्कान तुम्हारी मुस्कान जैसे जादुई तान जैसे ओस की फुहार जैसे मन की मनुहार जैसे लहरों का गीत जैसे मन का संगीत साहिबI#neeraj krishna dwivedi तुम्हारी मुस्कान तुम्हारी मुस्कान जैसे जादुई तान जैसे ओस की फुहार जैसे मन की मनुहार जैसे लहरों का गीत जैसे मन का संगीत साहिबI#neeraj krishna dwivedi - ShareChat