ShareChat
click to see wallet page
search
#❤️Love You ज़िंदगी ❤️
❤️Love You ज़िंदगी ❤️ - "भोजन और भजन" ShareChat ೫ (೪; 98 % ೩ೀ # ೫l೯x होकर भजन गा रहा था और खडा बदले में खाने को रोटी मांग रहा था। सेठानी काफी देर से उसको कह रही थी,आ रही हूँ। रोटी हाथ  मे थी पर फिर भी कह रही थी की रुको आ रही हूँ। भिखारी भजन गा रहा था और रोटी मांग रहा থা | মীঠ ঐ মন ঐতর ফা থা; पर समझ नही पा रहा था आखिर सेठानी से बोला, " रोटी हाथ में लेकर खडी हो॰ वो बाहर मांग रहा है उसे कह रही हो आ रही हूँ तो उसे रोटी क्यो नही दे रही हो ?"  सेठानी बोली, "हाँ रोटी दूँगी, पर क्या है ना की मुझे उसका " भजन बहुत प्यारा लग रहा हैं अगर उसको रोटी दूँगी तोवो आगे चला जायेगा। मुझे उसका भजन और सुनना है।" नही सुन रहे हैं तो यदि प्रार्थना के बाद भी भगवान आपकी समझना की उस सेठानी की तरह आपकी प्रार्थना प्यारी लग प्रभु को रही है, इसलिये इंतजार करो और प्रार्थना करते रहो।  #ftzq और कष्ट आये पर भक्ति मत छोड़िए।  जीवन मे कैेसा क्या कष्ट आता है तो आप भोजन करना छोड देते हैं ? क्या बीमारी आती है तो आप सांस लेना छोड देते हैं ? नही ना ? फिर जरा सी तकलीफ आने पर आप भक्ति करना क्यों छोड़ देते हो ? कभी भी दो चीज मत छोड़िये भजन और भोजन। भोजन छोड़ दोगे तो जिंदा नहीं रहोगे, भजन छोड़ दोगे तो कहीं के नही रहोगे। सही मायने में भजन और भोजन दोनों ही आवश्यक हैं। जय जय श्री राधे "भोजन और भजन" ShareChat ೫ (೪; 98 % ೩ೀ # ೫l೯x होकर भजन गा रहा था और खडा बदले में खाने को रोटी मांग रहा था। सेठानी काफी देर से उसको कह रही थी,आ रही हूँ। रोटी हाथ  मे थी पर फिर भी कह रही थी की रुको आ रही हूँ। भिखारी भजन गा रहा था और रोटी मांग रहा থা | মীঠ ঐ মন ঐতর ফা থা; पर समझ नही पा रहा था आखिर सेठानी से बोला, " रोटी हाथ में लेकर खडी हो॰ वो बाहर मांग रहा है उसे कह रही हो आ रही हूँ तो उसे रोटी क्यो नही दे रही हो ?"  सेठानी बोली, "हाँ रोटी दूँगी, पर क्या है ना की मुझे उसका " भजन बहुत प्यारा लग रहा हैं अगर उसको रोटी दूँगी तोवो आगे चला जायेगा। मुझे उसका भजन और सुनना है।" नही सुन रहे हैं तो यदि प्रार्थना के बाद भी भगवान आपकी समझना की उस सेठानी की तरह आपकी प्रार्थना प्यारी लग प्रभु को रही है, इसलिये इंतजार करो और प्रार्थना करते रहो।  #ftzq और कष्ट आये पर भक्ति मत छोड़िए।  जीवन मे कैेसा क्या कष्ट आता है तो आप भोजन करना छोड देते हैं ? क्या बीमारी आती है तो आप सांस लेना छोड देते हैं ? नही ना ? फिर जरा सी तकलीफ आने पर आप भक्ति करना क्यों छोड़ देते हो ? कभी भी दो चीज मत छोड़िये भजन और भोजन। भोजन छोड़ दोगे तो जिंदा नहीं रहोगे, भजन छोड़ दोगे तो कहीं के नही रहोगे। सही मायने में भजन और भोजन दोनों ही आवश्यक हैं। जय जय श्री राधे - ShareChat