ShareChat
click to see wallet page
search
wanna be a priority not an option #🥰दिल के अल्फ़ाज़
🥰दिल के अल्फ़ाज़ - में धीरे धीरे जा रही हूं, इसलिए नहीं कि होती ' 344' तुम्हारे ? লিং' मेरी भावनाएँ खत्म हो ग्ई हैं बल्कि इसलिए कि मुझे आखिरकार एहसास हो, गया है कि मैं वो नहीं हूँ जिसे तुम अपने जीवन में चाहते हो। में धीरे धीरे जा रही हूं, इसलिए नहीं कि होती ' 344' तुम्हारे ? লিং' मेरी भावनाएँ खत्म हो ग्ई हैं बल्कि इसलिए कि मुझे आखिरकार एहसास हो, गया है कि मैं वो नहीं हूँ जिसे तुम अपने जीवन में चाहते हो। - ShareChat