इंसान 150 साल तक जिंदा रहेगा? व्लादिमीर पुतिन के प्लान पर रूसी वैज्ञानिकों ने शुरू किया काम
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के 150 साल तक जीने और बुढ़ापा रोकने के कथित सपने को सच करने के लिए उनके देश के वैज्ञानिक एक विशेष एंटी-एजिंग जीन थेरेपी पर काम कर रहे हैं।
रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और चीनी प्रेसिडेंट शी जिनपिंग की बीते साल हुई एक चर्चा दुनिया में चर्चा का सबब बनी थी। दोनों नेता एक ऐसी दवा के बारे में कुछ बात कर रहे थे, जिससे इंसान 150 साल तक जी सकते हैं। इस बातचीत के कुछ महीनों के बाद अब पता चला है कि रूसी वैज्ञानिक बुढ़ापे को रोकने वाली 'दुनिया की पहली दवा' बना रहे हैं। यह रिसर्च सफल होती है तो इंसान की उम्र काफी ज्यादा बढ़ सकती है।
रूसी विज्ञान और शिक्षा मंत्री डेनिस सेकिरिंस्की ने दावा किया है कि उनके देश के शोधकर्ता दुनिया की पहली जीन-थेरेपी दवा बनाने की राह पर हैं। यह दवा RAGE (रिसेप्टर फॉर एडवांस्ड ग्लाइकेशन एंडप्रोडक्ट्स) जीन को ब्लॉक करने के लिए बनाई गई है। इस जीन के एक्टिवेट होने से कोशिकाओं का बुढ़ापा शुरू हो जाता है। यह ब्लॉक हो जाएगा तो कोशिकाओं का बूढ़ा होना रुक जाएगा।
दवा बनाने के क्षेत्र में काफी तरक्की'
डेनिस सेकिरिंस्की ने बुढ़ापा रोकने वाली दवा बनाने में तरक्की करने का दावा किया लेकिन उन्होंने इस महत्वपूर्ण दावे के लिए कोई ठोस सबूत नहीं दिया। क्रेमलिन से जुड़े टेक्नोक्रेट सेकिरिंस्की ने अपने बयान में कहा कि बुढ़ापे की जीन थेरेपी एक उम्मीद भरा क्षेत्र है और उम्मीद है कि इस क्षेत्र में बड़ी कामयाबी मिलेगी।
डेनिस सेकिरिंस्की का कहना है कि RAGE जीन एक रिसेप्टर है। इसके एक्टिवेट होने से कोशिकाओं का बुढ़ापा शुरू हो जाता है। इसके उलट इस जीन के ब्लॉक होने से कोशिकाओं की जवानी लंबे समय तक बनी रहती है। इसी सिद्धांत के आधार पर यह लक्ष्य तय किया गया है कि दुनिया की पहली जीन-थेरेपी दवा बनाकर इस रिसेप्टर को ब्लॉक किया जाए।
पुतिन खुद रख रहे नजर!
सेकिरिंस्की का कहना है कि इंसान की उम्र बढ़ाने से जुड़ा यह क्षेत्र आधुनिक जेनेटिक टेक्नोलॉजी पर निर्भर है और बुढ़ापे से लड़ने में सबसे उम्मीद भरे रास्तों में से एक है। यह काम इंस्टीट्यूट ऑफ बायोलॉजी ऑफ एजिंग एंड मेडिसिन के एक्सपर्ट की ओर से किया जा रहा है। इसने लंबी उम्र की दवा के विकास पर हो रहे काम को रफ्तार दी है।
इससे पहले यह बात सामने आई थी कि रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने वैज्ञानिकों को बुढ़ापे से लड़ने पर रिसर्च की जानकारी सौंपने का आदेश दिया था। डेली मेल ने एक रूसी सूत्र के हवाले से कहा कि बड़े बॉस (पुतिन) ने एक काम सौंपा है और अधिकारी जल्दी से जल्दी हर मुमकिन तरीके से उसे पूरा करने की कोशिश कर रहे हैं।
पुतिन ने जिनपिंग से जताई थी इच्छा
बीते साल बीजिंग में रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और चीन के नेता शी जिनपिंग के बीच सीक्रेट बातचीत माइक में रिकॉर्ड हुई थी। पुतिन, शी जिनपिंग और किम जोंग उन द्वितीय विश्व युद्ध की समाप्ति के 80 साल पूरे होने के उपलक्ष्य में बीजिंग में आयोजित सैन्य परेड में चल रहे थे।
पुतिन को यह कहते सुना गया कि जैव प्रौद्योगिकी विकसित हो रही है। मानव अंगों का निरंतर प्रत्यारोपण हो सकता है। आप लंबे समय तक जिंदा रहेंगे। यहां तक कि अमरत्व हासिल कर सकते हैं। इस पर जिनपिंग ने जवाब दिया कि लोगों का अनुमान है कि इंसान 150 साल जिंदा रह सकते हैं।
#रुस
00:30

