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#❤️जीवन की सीख #🙏सुविचार📿
❤️जीवन की सीख - छोटा सा जीवन है। लगभग ८० वर्ष। उसका आधा = ४० वर्ष तो रात को बीत जाता है। ব্রুনাঐ ম उसका आधा = २० वर्ष बचपन और बीत जाता है। बचा २० वर्ष। उसमें भी कभी योग , कभी वियोग , कभी पढ़ाई, कभी परीक्षा, नौकरी, व्यापार और अनेक चिंताएं व्यक्ति को घेर रखती है। अब बच्चा कितना ? ८ / १० वर्ष उसमें भी हम शांति से नहीं जी सकते? यदि g हम थोड़ी सी संपत्ति के झगड़ा करें, और छोड़ फिर भी सारी संपत्ति यही जाए तो इतना मूल्यवान मनुष्य जीवन प्राप्त करने का क्या लाभ हुआ ? छोटा सा जीवन है। लगभग ८० वर्ष। उसका आधा = ४० वर्ष तो रात को बीत जाता है। ব্রুনাঐ ম उसका आधा = २० वर्ष बचपन और बीत जाता है। बचा २० वर्ष। उसमें भी कभी योग , कभी वियोग , कभी पढ़ाई, कभी परीक्षा, नौकरी, व्यापार और अनेक चिंताएं व्यक्ति को घेर रखती है। अब बच्चा कितना ? ८ / १० वर्ष उसमें भी हम शांति से नहीं जी सकते? यदि g हम थोड़ी सी संपत्ति के झगड़ा करें, और छोड़ फिर भी सारी संपत्ति यही जाए तो इतना मूल्यवान मनुष्य जीवन प्राप्त करने का क्या लाभ हुआ ? - ShareChat