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*આ વાતો આપણને 1447 વરસ પહેલા બતાવવામાં આવી છે. એ સમયે પણ સ્ત્રીઓ આવી વાતો પૂછવામાં સંકોચ કરતી ન હતી. અને સભ્યતાથી પૂછતી અને વર્ણવતી હતી. જરા વિચારો...* *Islam is practical,too...* #points to ponder #सोचने वाली बात #islam guide us in every field of life #*let us understand our religion #*આપણે વિચારીશું ખરા?*
points to ponder - 17999999)94199 (३) वैवाहिक प्रेम और साथ ** (Companionship) xx (रज़ियल्लाहु हज़रत उम्म सलमा अन्हा) से रिवायत हैः "जब मैं नबी (५६) के साथ एक ही ऊनी चादर के नीचे लेटी हुई थी, तो मुझे मासिक धर्म (Menses) शुरू हो गया। मैं से बाहर निकल गई और ತಳ gI मासिक धर्म के कपड़े पहन 3=#(;) gஅ, 'I तुम्हें निफास (मासिक धर्म) आ गया है?' मैंने जवाब दिया, 'हाँ।' फिर उन्होंने मुझे बुलाया और अपने साथ उसी चादर के नीचे सुला लिया।" *संदर्भः* सहीह अल-बुखारी २९८ * *प्रमुख बिंदुः* *सादगीः* पैगंबर ( le) का जीवन * सादगी से भरपूर था, जहाँ पति-पत्नी एक ही बर्तन से पानी साझा करते थे 17999999)94199 (३) वैवाहिक प्रेम और साथ ** (Companionship) xx (रज़ियल्लाहु हज़रत उम्म सलमा अन्हा) से रिवायत हैः "जब मैं नबी (५६) के साथ एक ही ऊनी चादर के नीचे लेटी हुई थी, तो मुझे मासिक धर्म (Menses) शुरू हो गया। मैं से बाहर निकल गई और ತಳ gI मासिक धर्म के कपड़े पहन 3=#(;) gஅ, 'I तुम्हें निफास (मासिक धर्म) आ गया है?' मैंने जवाब दिया, 'हाँ।' फिर उन्होंने मुझे बुलाया और अपने साथ उसी चादर के नीचे सुला लिया।" *संदर्भः* सहीह अल-बुखारी २९८ * *प्रमुख बिंदुः* *सादगीः* पैगंबर ( le) का जीवन * सादगी से भरपूर था, जहाँ पति-पत्नी एक ही बर्तन से पानी साझा करते थे - ShareChat