. आज़ थोड़ा फ़ुरसत में था,
बस इस लिये ख़ुद को,
क़रीब से आईना में देखा,
तो ख़ुद को ही पहचानने में वक़्त लगा.
उम्र का असर दिखा,
थोड़े सफ़ेद बाल भी नज़र आये,
फ़िर थोड़ा गौर से देखा तो मेरे आईने में,
मुझे तजुर्बे दिखे जो ज़िन्दगी ने दिये,
जो रिश्तों को निभाते हुए मुझे मिले.
कभी शायद इतना वक़्त ही नहीं मिला
की ख़ुद के लिये भी सोच सकूँ
मेरा आईना मुझे देखा और मुस्कुराकर बोला.
तुम आज़ भी उतना ही सुन्दर हो
जब पहली बार ख़ुद को आईने में देखा था
और मैं दिल से मुस्कुरा उठा.
🪞 सुप्रभात 🪞
#🌞 Good Morning🌞

