ShareChat
click to see wallet page
search
राष्ट्रीय अध्यक्ष ने पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को आगामी 29 जून को लखनऊ कूच करने के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए बागपत पुलिस पर लगाया संवेदनहीनता का बड़ा आरोप मीडिया से रूबरू होते हुए चौधरी संजीव तोमर ने बागपत जनपद में कुछ दिनों पहले एक 3 वर्षीय मासूम बच्ची निवासी चरचिटा थाना सिधावली अहीर के साथ हुए दुष्कर्म की घटना पर गहरा दुख और आक्रोश व्यक्त किया आज बच्ची के परिजन भाकियू (तोमर) के राष्ट्रीय कार्यालय पर पहुंचे उन्होंने चौधरी संजीव तोमर से न्याय कि गुहार लगाई बच्ची के परिजनों ने बताया कि लोकल पुलिस द्वारा बहुत ज्यादा दबाव बनाया जा रहा और किसी उच्च अधिकारी से हमें मिलने नहीं दिया जा रहा है और ये बहुत बढी घटना है जिसे उन्होंने इसे पूरे देश और प्रदेश को झकझोर देने वाला शर्मनाक अपराध बताया। बागपत पुलिस की कार्यप्रणाली पर बड़ा खुलासा करते हुए चौधरी संजीव तोमर ने कहा:जिस समय मासूम बच्ची के साथ यह घोर अपराध हुआ, जब परिजन बदहवास हालत में थाने पहुंचे, तो वहां बच्ची को तत्काल मेडिकल सुविधाएं देना तो दूर, पुलिस एक एम्बुलेंस तक की व्यवस्था नहीं करा पाई। परिजनों को खुद अपने स्तर से सारी व्यवस्थाएं कर लड़की का उपचार कराना पड़ा। पुलिस की इस ढुलमुल और संवेदनहीन कार्रवाई से पीड़ित परिवार और पूरे क्षेत्र में भारी गम व आक्रोश का माहौल है।" भाकियू (तोमर) के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने बताया कि पुलिसिया कार्रवाई से असंतुष्ट होकर बीती 22 जून को लड़की के परिजन, संगठन के बागपत जिला अध्यक्ष देवेंद्र तोमर, सुमित उपाध्याय और पारित उपाध्यक्ष के साथ मिलकर ठोस कार्रवाई की मांग को लेकर बागपत के पुलिस अधीक्षक (SP) सूरज राय से मिलने पहुंचे थे। आरोप है कि मुलाकात के दौरान कप्तान ने लड़की के परिजनों और किसान नेताओं के साथ बेहद अभद्र व्यवहार किया और उन्हें कार्यालय से बाहर धकेल दिया, जिसके चलते सभी को बैरंग वापस लौटना पड़ा। इस पूरे मामले से अवगत होने के बाद राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी संजीव तोमर ने बागपत पुलिस के खिलाफ सीधा मोर्चा खोल दिया है और 29 जून को लखनऊ के लिए 'न्याय मार्च' का ऐलान कर दिया है। चौधरी संजीव तोमर ने स्पष्ट किया कि 30 जून को संगठन के हजारों कार्यकर्ता मुख्यमंत्री कार्यालय (लखनऊ) पहुंचेंगे और पीड़ित बच्ची को न्याय दिलाने के लिए मुख्यमंत्री के समक्ष अपनी मांगें रखेंगे। उन्होंने दो टूक कहा कि जब तक मांगें पूरी नहीं होंगी, किसान घर वापसी नहीं करेगा। इस पूरे मुकदमे की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में कराकर अपराधी को जल्द से जल्द सजा दिलाई जाए। पीड़ित परिवार को तत्काल पुख्ता पुलिस सुरक्षा मुहैया कराई जाए और ₹50 लाख का मुआवजा दिया जाए। केस में किसी भी तरह की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पुलिस तत्काल कोर्ट में पूरी पारदर्शिता के साथ चार्जशीट दाखिल करे। पीड़ित परिवार को आवश्यक चिकित्सा, मनोवैज्ञानिक परामर्श (काउंसलिंग) तथा अन्य सरकारी सहायता योजनाओं का लाभ तुरंत दिलाया जाए। घटना से जुड़े सभी तथ्यों की निष्पक्ष जांच कराकर दोषी पुलिसकर्मियों और अपराधियों के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई हो मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बयानों का हवाला देते हुए चौधरी संजीव तोमर ने कहा कि एक तरफ सरकार कहती है कि हमारी कानून व्यवस्था बेहद मजबूत है और अपराध करने वाले को अगले चौराहे पर यमदूत खड़े मिलेंगे, तो दूसरी तरफ बागपत पुलिस ने 3 साल की बच्ची के बलात्कारी पर अब तक कोई बड़ी और नजीर बनने वाली कार्रवाई क्यों नहीं की? उन्होंने कहा कि जब जिले के कप्तान ही पीड़ितों को अपमानित कर बाहर भगा रहे हों, तो संगठन के पास लखनऊ कूच करने के अलावा कोई रास्ता नहीं बचता। भाकियू (तोमर) प्रदेश के मुख्यमंत्री से मांग करता है कि इस मामले का तत्काल संज्ञान लेकर ऐसी कठोर कार्रवाई की जाए, जिससे भविष्य में उत्तर प्रदेश के भीतर कोई भी ऐसा जघन्य और आत्मघाती अपराध दोहराने की हिम्मत न कर सके इस मौके पर मुख्य रूप राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रतिनिधि पवन त्यागी कार्यकारिणी प्रदेश अध्यक्ष महबूब बालियान जिला अध्यक्ष निखिल चौधरी युवा जिला अध्यक्ष सोनू चौधरी महिला मौर्या युवा जिला अध्यक्ष रंजनी सुमित उपाध्यय शर्मा मुकेश गुर्जर अजय त्यागी विशाल चौधरी अंशुल उपाध्याय जावेद सलमानी अरुण कश्यप हीरा बालियान शानू पहलवान सोनू आकिल महबूब पुरकाजी फारुख अमित रवि अश्वनी आदि मौजूद रहै #भारतीय किसान यूनियन तोमर #लोकवाणी न्यूज बड़ौत बागपत Up #बागपत, दारोगा, दाढ़ी, यूपी पुलिस #🆕 ताजा अपडेट #📰 उत्तर प्रदेश अपडेट
भारतीय किसान यूनियन तोमर - ShareChat
01:06