chandan Kumar
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#🙏गुरु महिमा😇
🙏गुरु महिमा😇 - LOe 09 .ಲ 9223166666  00 ^   01@ MBOn1802222 ` 033527 70 76 4 18464001 923*392895 01 . 04442220004 88866141 60  0]0 4 H!n0znn3  ALn41 3939 HOLC     180703332 13011135953 0 00 60015555 VFUD2RAಣಢ0   LOe 09 .ಲ 9223166666  00 ^   01@ MBOn1802222 ` 033527 70 76 4 18464001 923*392895 01 . 04442220004 88866141 60  0]0 4 H!n0znn3  ALn41 3939 HOLC     180703332 13011135953 0 00 60015555 VFUD2RAಣಢ0 - ShareChat
#🙏गुरु महिमा😇
🙏गुरु महिमा😇 - शिवमे शक्ति औरशक्तिमे शिव भगवानशिव ओर अर्धनारिश्वार शक्ति काये स्वरूपभक्तोंकी मानोकामाना को पुरा करने वाला है॰. शिवमे शक्ति औरशक्तिमे शिव भगवानशिव ओर अर्धनारिश्वार शक्ति काये स्वरूपभक्तोंकी मानोकामाना को पुरा करने वाला है॰. - ShareChat
#🙏गुरु महिमा😇
🙏गुरु महिमा😇 - "सब्र रखा है मैंने , क्योंकि मेरा न्याय महादेव करेंगे। " "सब्र रखा है मैंने , क्योंकि मेरा न्याय महादेव करेंगे। " - ShareChat
#🙏गुरु महिमा😇
🙏गुरु महिमा😇 - हरि शरणं या ददाति सतां शम्भुः कैवल्यमपि दुर्लभम् दण्डकृद्योडसौ शंकरः शं तनोतु मे खलानां जो सत् कैवल्यमुक्ति तक दे डालते को अत्यंत दुर्लभ gout हैं और जो दुष्टों को दण्ड देने वाले हैं॰ वे कल्याणकारी श्री शम्भु मेरे कल्याण विस्तार करें का हरि शरणं या ददाति सतां शम्भुः कैवल्यमपि दुर्लभम् दण्डकृद्योडसौ शंकरः शं तनोतु मे खलानां जो सत् कैवल्यमुक्ति तक दे डालते को अत्यंत दुर्लभ gout हैं और जो दुष्टों को दण्ड देने वाले हैं॰ वे कल्याणकारी श्री शम्भु मेरे कल्याण विस्तार करें का - ShareChat
#🙏गुरु महिमा😇
🙏गुरु महिमा😇 - शायरी की डायरी जो आपके लिए तय हैं वो किसी को नहीं मिलेगा धैर्य रखो, समय आने दो. शायरी की डायरी जो आपके लिए तय हैं वो किसी को नहीं मिलेगा धैर्य रखो, समय आने दो. - ShareChat
#🙏गुरु महिमा😇
🙏गुरु महिमा😇 - सुमगल दायक खघुनायक गुन गान। सकल सुनहिं ते तरहिं भव सिंघु बिना जलजान I। सादर भावार् : श्री खघुनाथ जो का गुणगान समस्त मंगलों को देने वाला हें। साथ सुनते हें, जो लोग इते श्रवृढ़ा और आदर के वे बिना किसी अन्य साथन केही भवसागर से पारहो जाते हें। सुमगल दायक खघुनायक गुन गान। सकल सुनहिं ते तरहिं भव सिंघु बिना जलजान I। सादर भावार् : श्री खघुनाथ जो का गुणगान समस्त मंगलों को देने वाला हें। साथ सुनते हें, जो लोग इते श्रवृढ़ा और आदर के वे बिना किसी अन्य साथन केही भवसागर से पारहो जाते हें। - ShareChat
#🙏गुरु महिमा😇
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🙏गुरु महिमा😇 - नप शिवगकर जप गगापर फरूणा कर करतार हर fig জতুনি] সণ কলায়ী; সব সণিনামী; মুতযাশি; মুত-মাবচ गपशमि शोणर जपरमररपर गप जप प्रमागार  जप पिपुरारी जप मदहारी अमित अन्त अपार हरे निर्गुण जप जप सगुण अनामप निराकार साकार हरे। पार्वती पति हरहरतम्भो पाहि पहि दातार हरे।।  णप रामेश्वर णप नागेश्वर वेषनाप केदारहरे मत्तिकार्जुन मोमनाप णप महाफात ओकारहरे फुरमेशवर भीमेश्वर णगतारार త్త గా कागी प्ति,शोिश्वनाप णप मगतमप अपारहर 1 a    =7-oa ~u ou পল্স্রসব mammaK Kml m7m7 ದix Ki मप महश णप णप भवेश णप आदिदेव मतादेव विभो  फिम मुखमे४ नुणातीत प्भुा तव अपार गुण वर्णन र 8 న गपभवकारक तारक हारक पातक यरक शिव शर्भी टीन ५ख ४र सर्व सखाकर प्रेम तपाकरकीजपहो a " फरतग़ायेभव सागरसे॰ सनकर करणाफरहर a পামনী এনি চ৫ ৫থাম্সা 9াটি পাটি ডনাব 63I  गप ननभावन गप अतिपावन शोकनतावन शिवशन्ी ue Ge 56 0u /7444704 744 பu446u ঐল Iয পাণ চেলে ৮৫ মনে মনন; এন শািণ 34e मलापर हय / मतपकरणगच mammnK K7l m7 m7 Oi771 న भोतानाप कृपात दपामप ओररयानी शिव पोगी  ೩ { a ப ८८५ अतिकरुणा मागर अकप -711 4 = 4 निमिपमारमेदेते 6 नवनिपिमन मानी शिव पोगी  भर्को पर सर्वस्य तटाफर बने मसानी शिव पोगी  सवपम अकिपन जनमनरजन परसि परम उदारहर। पार्वती पति हरहरशम्भ पाति पति दातार हरे। { आगनोपा ४्म मोह मवी निदा मे मखे णगा देना  1 fruui எரகி ரரபிபர ~ रूप सुपाकी एक बूद से णीवन मुर बना देना  a মিমে-সান; সমা-্কোল-এলৌ ক্ষী লশন লগা লো एकपार४्स मन मदिरमे कीमे पदसपारहर पावती पति ६५ ४२ यम्भो॰ पाहि पाहि दातार हर  ಮ दानीहदोभिधा मे अपनी अनपापनि भक्तिप्रभो शकिमानहीदो अविपत निषकाम प्रेमकीशक्तिपभो 8 असारसमारमे प्र्ण चिरफि फ््भो  7` m @; परमपिता हो॰यो तम अपने पर्णो " সনুকি সসা  स्यामी ते निज मेवक की सन नेना करुणा पुकार हरे।  [ पावती पति हसहरयमी पाति पति दातार हरे। a న तम बिन बेकत ( पाणेश्वर आजाओ भगवन्तहर m ann Kamr೫ [86; 0 विर्ह वधित 6 दीन दुवी ह दीन दपात जनन्तहर a तम मेरतगाओ आणाओ श्रीमत हर n मेरीरस दपनीपदया परकणतो करो विपारहरे 9471 4aஎ 4f" " नप शिवगकर जप गगापर फरूणा कर करतार हर fig জতুনি] সণ কলায়ী; সব সণিনামী; মুতযাশি; মুত-মাবচ गपशमि शोणर जपरमररपर गप जप प्रमागार  जप पिपुरारी जप मदहारी अमित अन्त अपार हरे निर्गुण जप जप सगुण अनामप निराकार साकार हरे। पार्वती पति हरहरतम्भो पाहि पहि दातार हरे।।  णप रामेश्वर णप नागेश्वर वेषनाप केदारहरे मत्तिकार्जुन मोमनाप णप महाफात ओकारहरे फुरमेशवर भीमेश्वर णगतारार త్త గా कागी प्ति,शोिश्वनाप णप मगतमप अपारहर 1 a    =7-oa ~u ou পল্স্রসব mammaK Kml m7m7 ದix Ki मप महश णप णप भवेश णप आदिदेव मतादेव विभो  फिम मुखमे४ नुणातीत प्भुा तव अपार गुण वर्णन र 8 న गपभवकारक तारक हारक पातक यरक शिव शर्भी टीन ५ख ४र सर्व सखाकर प्रेम तपाकरकीजपहो a फरतग़ायेभव सागरसे॰ सनकर करणाफरहर a পামনী এনি চ৫ ৫থাম্সা 9াটি পাটি ডনাব 63I  गप ननभावन गप अतिपावन शोकनतावन शिवशन्ी ue Ge 56 0u /7444704 744 பu446u ঐল Iয পাণ চেলে ৮৫ মনে মনন; এন শািণ 34e मलापर हय / मतपकरणगच mammnK K7l m7 m7 Oi771 న भोतानाप कृपात दपामप ओररयानी शिव पोगी  ೩ { a ப ८८५ अतिकरुणा मागर अकप -711 4 = 4 निमिपमारमेदेते 6 नवनिपिमन मानी शिव पोगी  भर्को पर सर्वस्य तटाफर बने मसानी शिव पोगी  सवपम अकिपन जनमनरजन परसि परम उदारहर। पार्वती पति हरहरशम्भ पाति पति दातार हरे। { आगनोपा ४्म मोह मवी निदा मे मखे णगा देना  1 fruui எரகி ரரபிபர ~ रूप सुपाकी एक बूद से णीवन मुर बना देना  a মিমে-সান; সমা-্কোল-এলৌ ক্ষী লশন লগা লো एकपार४्स मन मदिरमे कीमे पदसपारहर पावती पति ६५ ४२ यम्भो॰ पाहि पाहि दातार हर  ಮ दानीहदोभिधा मे अपनी अनपापनि भक्तिप्रभो शकिमानहीदो अविपत निषकाम प्रेमकीशक्तिपभो 8 असारसमारमे प्र्ण चिरफि फ््भो  7` m @; परमपिता हो॰यो तम अपने पर्णो " সনুকি সসা  स्यामी ते निज मेवक की सन नेना करुणा पुकार हरे।  [ पावती पति हसहरयमी पाति पति दातार हरे। a న तम बिन बेकत ( पाणेश्वर आजाओ भगवन्तहर m ann Kamr೫ [86; 0 विर्ह वधित 6 दीन दुवी ह दीन दपात जनन्तहर a तम मेरतगाओ आणाओ श्रीमत हर n मेरीरस दपनीपदया परकणतो करो विपारहरे 9471 4aஎ 4f" - ShareChat
#🙏गुरु महिमा😇
🙏गुरु महिमा😇 - हर हर महादेव ls ये कैसा इम्तिहान ले रहे हो " प्रभु ना जीत नसीब हो रही है, ना हारने दे रहे हो..!! हर हर महादेव ls ये कैसा इम्तिहान ले रहे हो " प्रभु ना जीत नसीब हो रही है, ना हारने दे रहे हो..!! - ShareChat
#🙏गुरु महिमा😇
🙏गुरु महिमा😇 - SSlR तुम्हें रोटी देता है, उस पर जो काम कभी शर्म मत करना , मेहनत से कमाया हर टुकड़ा इज्जत से बड़ा होता है। /4 </47 SSlR तुम्हें रोटी देता है, उस पर जो काम कभी शर्म मत करना , मेहनत से कमाया हर टुकड़ा इज्जत से बड़ा होता है। /4 </47 - ShareChat