chandan Kumar
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#🙏गुरु महिमा😇
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🙏गुरु महिमा😇 - `ವ 2 श्री राम चरित मानस चौपाई ।। I दैहिक दैविक भौतिक तापा राम काज नहिं काहुहिं व्यापा 0 जो व्यक्ति भगवान श्री राम के कार्य और भक्ति में लगा रहता है, उसे शरीर, प्रकृति और संसार से उत्पन्न दुख अधिक प्रभावित नहीं कर पाते। राम नाम और सेवा मन को ऐसा बल देते हैं कि विपत्तियाँ भी छोटी लगने लगती हैं। `ವ 2 श्री राम चरित मानस चौपाई ।। I दैहिक दैविक भौतिक तापा राम काज नहिं काहुहिं व्यापा 0 जो व्यक्ति भगवान श्री राम के कार्य और भक्ति में लगा रहता है, उसे शरीर, प्रकृति और संसार से उत्पन्न दुख अधिक प्रभावित नहीं कर पाते। राम नाम और सेवा मन को ऐसा बल देते हैं कि विपत्तियाँ भी छोटी लगने लगती हैं। - ShareChat
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🙏गुरु महिमा😇 - छल कपट और पाप उतना ही करना जितना परिणाम भूगत पाओ किसी के दिल की जगह आत्मा दुख गई तो मुक्ति नहीं मिल पाएगी  छल कपट और पाप उतना ही करना जितना परिणाम भूगत पाओ किसी के दिल की जगह आत्मा दुख गई तो मुक्ति नहीं मिल पाएगी - ShareChat
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🙏गुरु महिमा😇 - श्रीमद भगवदगीता अध्याय ०७ श्लोक २२ युक्तस्तस्याराधनमीहते সভ্ভ্রমা स   तया 7 लभते च ततः कामान्मयैव विहितान्हि तान् Il शिब्दार्थ श्रीकृष्ण बोले हे अर्जुन तथा वह भगवान से युक्त हुआ उस देवता के पुरुष उस श्रद्धा पूजन की चेष्टा करता है,और उस देवता से किए मेरे द्वारा ही विधान हुए उन इच्छित भोगों को निःसंदेह प्राप्त होता है। মন মনানন श्रीमद भगवदगीता अध्याय ०७ श्लोक २२ युक्तस्तस्याराधनमीहते সভ্ভ্রমা स   तया 7 लभते च ततः कामान्मयैव विहितान्हि तान् Il शिब्दार्थ श्रीकृष्ण बोले हे अर्जुन तथा वह भगवान से युक्त हुआ उस देवता के पुरुष उस श्रद्धा पूजन की चेष्टा करता है,और उस देवता से किए मेरे द्वारा ही विधान हुए उन इच्छित भोगों को निःसंदेह प्राप्त होता है। মন মনানন - ShareChat
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🙏गुरु महिमा😇 - शायरी की डायरी 44 मोह লকিন সস কমনা ট 3মী जानते हो मोह में हम उड़ने दो अगर वो सच में किसी को कस के पकड़ तुम्हारा है तो वो लौटकर लेते हैं डर होता है कि जरूर आयेगा ! कहीं खो ना जाएँ ! शायरी की डायरी 44 मोह লকিন সস কমনা ট 3মী जानते हो मोह में हम उड़ने दो अगर वो सच में किसी को कस के पकड़ तुम्हारा है तो वो लौटकर लेते हैं डर होता है कि जरूर आयेगा ! कहीं खो ना जाएँ ! - ShareChat
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🙏गुरु महिमा😇 - श्रीमद् भगवदगीता अध्याय॰७ श्लोक २१ यो यो यां यां तनुं भक्तः श्रद्धयार्चितुमिच्छति तस्याचलां   श्रद्धां तामेव विदधाम्यहम् Il గా शिब्दार्थ श्रीकृष्ण महाराज बोले कि हे अर्जुन जो भगवान जो सकामी भक्त जिस जिस देवता के स्वरूप को श्रद्धा से पूजना चाहता है,उस उस भक्त की मैं उस ही देवता के प्रति श्रद्धा को स्थिर करता हूं। श्रीमद् भगवदगीता अध्याय॰७ श्लोक २१ यो यो यां यां तनुं भक्तः श्रद्धयार्चितुमिच्छति तस्याचलां   श्रद्धां तामेव विदधाम्यहम् Il గా शिब्दार्थ श्रीकृष्ण महाराज बोले कि हे अर्जुन जो भगवान जो सकामी भक्त जिस जिस देवता के स्वरूप को श्रद्धा से पूजना चाहता है,उस उस भक्त की मैं उस ही देवता के प्रति श्रद्धा को स्थिर करता हूं। - ShareChat
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🙏गुरु महिमा😇 - श्रीरामचरितमानस| वा०का॰दो ०२०६चौ०३ पुनि चरननि मेले राम देखि मुनि देह बिसारी Il सुत चारी 7 भए मगन देखत मुख सोभा जनु चकोर पूरन ससि लोभा Il থনোথ गोस्वामी जी लिखते हैं कि फिर राजा ने चारों पुत्रों को मुनि के चरणों पर डाल दिया (उनसे प्रणाम श्रीरामचन्द्रजी को देखकर मुनि अपनी कराया) देह की सुधि भूल गये। वे श्रीरामजी के मुखकी शोभा देखते ही ऐसे मग्न हो गये, मानो चकोर पूर्ण चन्द्रमा को देखकर लुभा गया हो। श्रीरामचरितमानस| वा०का॰दो ०२०६चौ०३ पुनि चरननि मेले राम देखि मुनि देह बिसारी Il सुत चारी 7 भए मगन देखत मुख सोभा जनु चकोर पूरन ससि लोभा Il থনোথ गोस्वामी जी लिखते हैं कि फिर राजा ने चारों पुत्रों को मुनि के चरणों पर डाल दिया (उनसे प्रणाम श्रीरामचन्द्रजी को देखकर मुनि अपनी कराया) देह की सुधि भूल गये। वे श्रीरामजी के मुखकी शोभा देखते ही ऐसे मग्न हो गये, मानो चकोर पूर्ण चन्द्रमा को देखकर लुभा गया हो। - ShareChat
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🙏गुरु महिमा😇 - श्रीरामचरितमानस| चा॰का॰/ दो०२०६चौ०१ मुनि आगमन सुना जब राजा | मिलन गयउ लै बिप्र समाजा IIl करि दंडवत मुनिहि सनमानी | निज आसन बैठारेन्हि आनी Il शब्दार्थ गोस्वामी जी लिखते हैं कि राजा ने जब মুনিব্ধা आना के समाज को साथ लेकर मिलने सुना, तब वे সাম্মণী गये और दण्डवत् करके मुनि का सम्मान करते हुए उन्हें लाकर अपने आसन पर बैठाया। श्रीरामचरितमानस| चा॰का॰/ दो०२०६चौ०१ मुनि आगमन सुना जब राजा | मिलन गयउ लै बिप्र समाजा IIl करि दंडवत मुनिहि सनमानी | निज आसन बैठारेन्हि आनी Il शब्दार्थ गोस्वामी जी लिखते हैं कि राजा ने जब মুনিব্ধা आना के समाज को साथ लेकर मिलने सुना, तब वे সাম্মণী गये और दण्डवत् करके मुनि का सम्मान करते हुए उन्हें लाकर अपने आसन पर बैठाया। - ShareChat
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🙏गुरु महिमा😇 - भरोसा रखों ऊपर वाले पर में कुछ  ক্িসেন न कुछ अच्छा तो जरूरलिखा होगा , बस मिलता हमारे कर्म और मेहनत के अनुसार ही हैः समय आने पर हर हर महादेव जी भरोसा रखों ऊपर वाले पर में कुछ  ক্িসেন न कुछ अच्छा तो जरूरलिखा होगा , बस मिलता हमारे कर्म और मेहनत के अनुसार ही हैः समय आने पर हर हर महादेव जी - ShareChat