md subebe,,�� on Instagram: "जब रफ्तार मैक 1 (लगभग 1330 किमी/घंटा) को छू ले, तो सफर जमीन पर नहीं- आवाज़ की गति पर होता है यह कॉन्सेप्ट दिखाता है कि अगर जापान में ट्रेन सुपरसोनिक स्पीड से दौड़े, तो अनुभव कैसा होगा। फिलहाल सबसे तेज़ ट्रेनों की रफ्तार करीब 320 किमी/घंटा है, और मैग्लेव तकनीक टेस्टिंग में 600+ किमी/घंटा तक पहुँच चुकी है। लेकिन 1300+ किमी/घंटा पाने के लिए चाहिए उन्नत मैग्लेव सिस्टम, लगभग शून्य घर्षण ट्रैक और लो-प्रेशर टनल-ताकि एयर रेजिस्टेंस कम से कम हो सके। सोचिए... जो सफर आज घंटों लेता है, वो कुछ ही मिनटों में पूरा हो जाए ! भविष्य की यात्रा यहीं से शुरू होती है क्या आप इस स्पीड का अनुभव करना चाहेंगे?"
49K likes, 128 comments - mdsubebe on March 22, 2026: "जब रफ्तार मैक 1 (लगभग 1330 किमी/घंटा) को छू ले, तो सफर जमीन पर नहीं- आवाज़ की गति पर होता है
यह कॉन्सेप्ट दिखाता है कि अगर जापान में ट्रेन सुपरसोनिक स्पीड से दौड़े, तो अनुभव कैसा होगा। फिलहाल सबसे तेज़ ट्रेनों की रफ्तार करीब 320 किमी/घंटा है, और मैग्लेव तकनीक टेस्टिंग में 600+ किमी/घंटा तक पहुँच चुकी है।
लेकिन 1300+ किमी/घंटा पाने के लिए चाहिए उन्नत मैग्लेव सिस्टम, लगभग शून्य घर्षण ट्रैक और लो-प्रेशर टनल-ताकि एयर रेजिस्टेंस कम से कम हो सके।
सोचिए... जो सफर आज घंटों लेता है, वो कुछ ही मिनटों में पूरा हो जाए !
भविष्य की यात्रा यहीं से शुरू होती है
क्या आप इस स्पीड का अनुभव करना चाहेंगे?".