Rajkumar  .S.  Vishwakarma
ShareChat
click to see wallet page
@179496787
179496787
Rajkumar .S. Vishwakarma
@179496787
जय श्री महाकाल 🙏🙏🙏🌹🚩🌹💐 🔔
#🇮🇳 देशभक्ति #🕉️सनातन धर्म🚩 #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #👍मोटिवेशनल कोट्स✌ #😇 जीवन की प्रेरणादायी सीख
🇮🇳 देशभक्ति - allzzilcilzl शान्तिकुञ्ज हमें जानना चाहिये कि हर वर्तु समयसाध्य है और श्रमसाध्य भी। कोई मार्ग ऐसा नहीं जिसमें रुकावटें f؟ और बाधायें न हों। उन्हें हटाने के प्रयत्न भी करना पडता है और धैर्य पूर्वक प्रतीक्षा भी। अखण्ड ज्योति १९६४ जनवरी हम बदलेंगे- युग बदलेगा , हम सुधरेंगे - युग सुधरेगा वंदनीया माताजी की जन्म शताब्दी வதய 192li ` "-J  दिव्य प्रकाश का महापर्व २०२६ awgpofficial uuWalgporg 8439014110 YoUfUBE Shantikunj Rishi Chintan allzzilcilzl शान्तिकुञ्ज हमें जानना चाहिये कि हर वर्तु समयसाध्य है और श्रमसाध्य भी। कोई मार्ग ऐसा नहीं जिसमें रुकावटें f؟ और बाधायें न हों। उन्हें हटाने के प्रयत्न भी करना पडता है और धैर्य पूर्वक प्रतीक्षा भी। अखण्ड ज्योति १९६४ जनवरी हम बदलेंगे- युग बदलेगा , हम सुधरेंगे - युग सुधरेगा वंदनीया माताजी की जन्म शताब्दी வதய 192li ` "-J  दिव्य प्रकाश का महापर्व २०२६ awgpofficial uuWalgporg 8439014110 YoUfUBE Shantikunj Rishi Chintan - ShareChat
#🇮🇳 देशभक्ति #🕉️सनातन धर्म🚩 #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #👍मोटिवेशनल कोट्स✌ #😇 जीवन की प्रेरणादायी सीख
🇮🇳 देशभक्ति - allzzilcilzl शान्तिकुञ्ज जल्दबाज लोग कुछ थोड़ा-सा पूजा , पाठ , दर्शन , झाँकी , दान , दक्षिणा मात्र का सस्ता आधार लेकर जल्दी ही स्वर्ग प्राप्त कर लेना স্তুকি चाहते हैं। इन बेचारों को भला क्या कुछ्ठ हाथ लगता होगा अख्ण्ड ज्योति 1९६४ जनवरी हम बदलेंगे - युग बदलेगा , हम सुधरेंगे - युग सुधरेगा वंदनीया माताजी की जन्म शताब्दी வதய 192li ` 202& दिव्य प्रकाश का महापर्व २०२६ awgpofficial uuWalgporg 8439014110 YoUfUBE Shantikunj Rishi Chintan allzzilcilzl शान्तिकुञ्ज जल्दबाज लोग कुछ थोड़ा-सा पूजा , पाठ , दर्शन , झाँकी , दान , दक्षिणा मात्र का सस्ता आधार लेकर जल्दी ही स्वर्ग प्राप्त कर लेना স্তুকি चाहते हैं। इन बेचारों को भला क्या कुछ्ठ हाथ लगता होगा अख्ण्ड ज्योति 1९६४ जनवरी हम बदलेंगे - युग बदलेगा , हम सुधरेंगे - युग सुधरेगा वंदनीया माताजी की जन्म शताब्दी வதய 192li ` 202& दिव्य प्रकाश का महापर्व २०२६ awgpofficial uuWalgporg 8439014110 YoUfUBE Shantikunj Rishi Chintan - ShareChat
#🇮🇳 देशभक्ति #🕉️सनातन धर्म🚩 #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #👍मोटिवेशनल कोट्स✌ #😇 जीवन की प्रेरणादायी सीख
🇮🇳 देशभक्ति - आजं का सद्चितनं घरेलू  सुई चुभोकर भी निकाला जा सकता मित्रो फुन्सी का मवाद में घुसी गोली को निकालने के लिए कुशल है, पर मस्तिष्क या हृदय सर्जन और बहुमूल्य उपकरणों की जरूरत है। मकड़ी का पेट புளி` एक मक्खी से भर जाता है , पर हाथी को मनों गन्ना रोज चाहिए। घोँघे जलाशय की तली में जा बैठते हैं, पर समुद्र सोखने के लिए अगस्त्य ऋषि जैसा चुल्लू चाहिए। कुएँ से घड़ा भरकर पानी कोई भी निकाल है, पर स्वर्ग से गंगा का अवतरण धरती पर करने के लिए सकता भगीरथ जैसा तप और शिव जटाओं का आधार चाहिए वृत्रासुर वध के लिए ऊर्जामयी अस्थियों से वज बनाना पड़ा था| छोटे काम साधारण की साधारण हलचलों से, स्वल्प साधनों से बन पडते हैं, पर मनुष्यों महान कार्यों के लिए महान व्यवस्था बनानी पडती है | धरती की प्यास और समुद्र की सतह यथावत बनाए रखने के लिए बुझाते बादल सहस्त्रों नदियों की असीम जलराशि का निरन्तर समर्पित होते रहना आवश्यक होता है। YouTube) Shantikunj Rishi Chintan] अच्छा हो इस गोवर्द्धन को मिल-्जुलकर उठाया जाए 31ಪT ೯ ೯ समुद्र सेतु बाँधने की घडी में कंकड़ ्पत्थर ढोने मात्र से श्रेय लूटा और यशस्वी बना जाए परिजनों के लिए इस योजना में हाथ बॅंटाना प्रज्ञा उनके निज के हित में है, जो खोएँगे उससे हजार गुना अधिक पाएँगे बीज को कुछ क्षण ही गलने का कष्ट उठाना पडता है 3পহাল নী इसके बढ़ने , हरियाने और फूलने ्फलने का आनन्द ही आनन्द है, वैभव ही में जो अग्रगामी बने, वे मिनिस्टर बनने से darq కౌ स्वतन्त्रता सग्राम লক্য অনপ্সনা মনানিতী বালী ঐন্থান, মম্সান মভিন সাম ক্রয মক यह अवसर भी ऐसा ही है, जिसमें ली हुई भागीदारी मणिन्मुक्तकों की खदान कौड़ी मोल खरीद लेने के समान है | গীনন Shantikuni WhatsAPP.8439014110 a*1-Y8-7.66 यगदृष्टा का आजं का सद्चितनं घरेलू  सुई चुभोकर भी निकाला जा सकता मित्रो फुन्सी का मवाद में घुसी गोली को निकालने के लिए कुशल है, पर मस्तिष्क या हृदय सर्जन और बहुमूल्य उपकरणों की जरूरत है। मकड़ी का पेट புளி` एक मक्खी से भर जाता है , पर हाथी को मनों गन्ना रोज चाहिए। घोँघे जलाशय की तली में जा बैठते हैं, पर समुद्र सोखने के लिए अगस्त्य ऋषि जैसा चुल्लू चाहिए। कुएँ से घड़ा भरकर पानी कोई भी निकाल है, पर स्वर्ग से गंगा का अवतरण धरती पर करने के लिए सकता भगीरथ जैसा तप और शिव जटाओं का आधार चाहिए वृत्रासुर वध के लिए ऊर्जामयी अस्थियों से वज बनाना पड़ा था| छोटे काम साधारण की साधारण हलचलों से, स्वल्प साधनों से बन पडते हैं, पर मनुष्यों महान कार्यों के लिए महान व्यवस्था बनानी पडती है | धरती की प्यास और समुद्र की सतह यथावत बनाए रखने के लिए बुझाते बादल सहस्त्रों नदियों की असीम जलराशि का निरन्तर समर्पित होते रहना आवश्यक होता है। YouTube) Shantikunj Rishi Chintan] अच्छा हो इस गोवर्द्धन को मिल-्जुलकर उठाया जाए 31ಪT ೯ ೯ समुद्र सेतु बाँधने की घडी में कंकड़ ्पत्थर ढोने मात्र से श्रेय लूटा और यशस्वी बना जाए परिजनों के लिए इस योजना में हाथ बॅंटाना प्रज्ञा उनके निज के हित में है, जो खोएँगे उससे हजार गुना अधिक पाएँगे बीज को कुछ क्षण ही गलने का कष्ट उठाना पडता है 3পহাল নী इसके बढ़ने , हरियाने और फूलने ्फलने का आनन्द ही आनन्द है, वैभव ही में जो अग्रगामी बने, वे मिनिस्टर बनने से darq కౌ स्वतन्त्रता सग्राम লক্য অনপ্সনা মনানিতী বালী ঐন্থান, মম্সান মভিন সাম ক্রয মক यह अवसर भी ऐसा ही है, जिसमें ली हुई भागीदारी मणिन्मुक्तकों की खदान कौड़ी मोल खरीद लेने के समान है | গীনন Shantikuni WhatsAPP.8439014110 a*1-Y8-7.66 यगदृष्टा का - ShareChat
#🇮🇳 देशभक्ति #🕉️सनातन धर्म🚩 #😇 जीवन की प्रेरणादायी सीख #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #👍मोटिवेशनल कोट्स✌
🇮🇳 देशभक्ति - दो संत तीर्थयात्रा पर रहे थे। एक जा विशालकाय वृक्ष के नीचे उन्होंने आश्रय लिया और आगे बढ़े | पर्यटन के उपरांत अगले वर्ष जब वे वापस लौटे , तो उन्होंने पाया कि जिस सघन वृक्ष की छाया में उन्होंने भोजन किया था, विश्राम किया था, गिरा पड़ा है | पहले ने अपने से वरिष्ठ संत से पूछा, महात्मन्! यह कैसे हुआ कि इतनी अल्प अवधि में यह वृक्ष गिर गया है ? संत बोले, तात! यह वृक्ष छिद्रों कारण गिरा है के प्राण था इसका जीवन जो गोंद रूप में सतत बहता रहा। उसे 2 पाने की लालसा में मनुष्य ने उसमें छेदकर उसे खोखला बना दिया। खोखली वस्तु कभी खडी नहीं रह सकती | झंझावातों को सहन न कर पाने के कारण ही यह गति 5$81 इसकी दो संत तीर्थयात्रा पर रहे थे। एक जा विशालकाय वृक्ष के नीचे उन्होंने आश्रय लिया और आगे बढ़े | पर्यटन के उपरांत अगले वर्ष जब वे वापस लौटे , तो उन्होंने पाया कि जिस सघन वृक्ष की छाया में उन्होंने भोजन किया था, विश्राम किया था, गिरा पड़ा है | पहले ने अपने से वरिष्ठ संत से पूछा, महात्मन्! यह कैसे हुआ कि इतनी अल्प अवधि में यह वृक्ष गिर गया है ? संत बोले, तात! यह वृक्ष छिद्रों कारण गिरा है के प्राण था इसका जीवन जो गोंद रूप में सतत बहता रहा। उसे 2 पाने की लालसा में मनुष्य ने उसमें छेदकर उसे खोखला बना दिया। खोखली वस्तु कभी खडी नहीं रह सकती | झंझावातों को सहन न कर पाने के कारण ही यह गति 5$81 इसकी - ShareChat
#🇮🇳 देशभक्ति #🌳नेचर फोटोग्राफी📷
🇮🇳 देशभक्ति - ٨٧٨ ٨٧٨ - ShareChat
#🇮🇳 देशभक्ति #🌳नेचर फोटोग्राफी📷
🇮🇳 देशभक्ति - 0 0 - ShareChat
#🇮🇳 देशभक्ति #🌳नेचर फोटोग्राफी📷
🇮🇳 देशभक्ति - 0 0 - ShareChat
#🇮🇳 देशभक्ति #🕉️सनातन धर्म🚩 #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #👍मोटिवेशनल कोट्स✌ #😇 जीवन की प्रेरणादायी सीख
🇮🇳 देशभक्ति - सदचित्तन शच्तफज चीडिपो @! 925%3 52222 दिनक zlolaoaG आज शारीर   का` रचियता कोई अपक ঔপন எி & 317 ೩೫ दूसरर 31144 रचिखता ह रचियता कोई ट्रूसरा` 4٨٥٧ की नही है अपने भीण्य कै विधाता विधात कै वचन ओप स्वेर है ठे बाक्ति है वही शक्त आपके वेचन ४ें ऐै | विशवास के साथ नो केहियेग , अवश्य` ४२ होगr 31603 ಉiಡ-೫೬ fಣ೩ ೮ ೧೬ awgpofficial Shantikunj Rishi Chintan Iuulg Shantikunj Vided Iulitg =WWW8WgJorg सदचित्तन शच्तफज चीडिपो @! 925%3 52222 दिनक zlolaoaG आज शारीर   का` रचियता कोई अपक ঔপন எி & 317 ೩೫ दूसरर 31144 रचिखता ह रचियता कोई ट्रूसरा` 4٨٥٧ की नही है अपने भीण्य कै विधाता विधात कै वचन ओप स्वेर है ठे बाक्ति है वही शक्त आपके वेचन ४ें ऐै | विशवास के साथ नो केहियेग , अवश्य` ४२ होगr 31603 ಉiಡ-೫೬ fಣ೩ ೮ ೧೬ awgpofficial Shantikunj Rishi Chintan Iuulg Shantikunj Vided Iulitg =WWW8WgJorg - ShareChat
#🇮🇳 देशभक्ति #🕉️सनातन धर्म🚩 #😇 जीवन की प्रेरणादायी सीख #👍मोटिवेशनल कोट्स✌
🇮🇳 देशभक्ति - allzzilcilzl शान्तिकुञ्ज सुख क्ी मादक मस्ती में मन्नुष्य के बुद्धि, विवेक, विचारशीलता नीति एवं सदाचार तिरेोहित థ GIId డ1 अखण्ड ज्योति १९६४ जनवरी हम बदलेंगे- युग बदलेगा , हम सुधरेंगे - युग सुधरेगा वंदनीया माताजी की जन्म शताब्दी வதய 192li ` "-J  दिव्य प्रकाश का महापर्व २०२६ awgpofficial uuWalgporg 8439014110 YoUfUBE Shantikunj Rishi Chintan allzzilcilzl शान्तिकुञ्ज सुख क्ी मादक मस्ती में मन्नुष्य के बुद्धि, विवेक, विचारशीलता नीति एवं सदाचार तिरेोहित థ GIId డ1 अखण्ड ज्योति १९६४ जनवरी हम बदलेंगे- युग बदलेगा , हम सुधरेंगे - युग सुधरेगा वंदनीया माताजी की जन्म शताब्दी வதய 192li ` "-J  दिव्य प्रकाश का महापर्व २०२६ awgpofficial uuWalgporg 8439014110 YoUfUBE Shantikunj Rishi Chintan - ShareChat
#🇮🇳 देशभक्ति #🕉️सनातन धर्म🚩 #🙏गीता ज्ञान🛕
🇮🇳 देशभक्ति - allzzilcilzl शान्तिकुञ्ज महाभारत में वेद-्व्यासजी ने लिखा है दुःख में ही दुःखियों के प्रति हमदर्दी पैदा होती है और मनुष्य भगवान चिन्तन करता है। ] ] का अखण्ड ज्योति 1९६४ जनवरी हम बदलेंगे- युग बदलेगा , हम सुधरेंगे - युग सुधरेगा वंदनीया माताजी की जन्म शताब्दी வதய 192li ` "-J  दिव्य प्रकाश का महापर्व २०२६ awgpofficial uuWalgporg 8439014110 YoUfUBE Shantikunj Rishi Chintan allzzilcilzl शान्तिकुञ्ज महाभारत में वेद-्व्यासजी ने लिखा है दुःख में ही दुःखियों के प्रति हमदर्दी पैदा होती है और मनुष्य भगवान चिन्तन करता है। ] ] का अखण्ड ज्योति 1९६४ जनवरी हम बदलेंगे- युग बदलेगा , हम सुधरेंगे - युग सुधरेगा वंदनीया माताजी की जन्म शताब्दी வதய 192li ` "-J  दिव्य प्रकाश का महापर्व २०२६ awgpofficial uuWalgporg 8439014110 YoUfUBE Shantikunj Rishi Chintan - ShareChat