#🙏🏻आध्यात्मिकता😇 16, 17 फरवरी को संत रामपाल जी महाराज जी के बोध दिवस के उपलक्ष्य में सभी सतलोक आश्रमों में संत गरीबदास जी महाराज जी की अमर वाणी का अखंड पाठ चल रहा है। साथ ही विशेष कार्यक्रम जैसे नशा मुक्त अभियान, दहेज मुक्त शादियां, रक्तदान शिविर का आयोजन, शुद्ध देसी घी द्वारा निर्मित भंडारा इत्यादि की व्यवस्था चल रही है। जिसमें संपूर्ण विश्व को आमंत्रित किया गया है।
##सुविचार गणेश जी को प्रसन्न करने का वास्तविक मंत्र क्या है?
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🎈 वह आदि गणेश कौन है जिसे पाने के बाद हमारा जन्म-मरण का रोग सदा के लिए समाप्त हो जाएगा तथा हमें शाश्वत स्थान मिलेगा।
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##सुविचार रामपाल जी महाराज जी का उद्देश्य है धरती होगी स्वर्ग समान (हर गरीब को मिलेगा रोटी कपड़ा, शिक्षा और मकान)।
अब न होगा गरीब कभी परेशान। संत रामपाल जी महाराज के पास है हर समस्या का समाधान। संत रामपाल जी महाराज जी की अन्नपूर्णा मुहिम है गज़ब की जिसने गरीब परिवारों के जीवन में भर दी खुशियां।
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#TrueDevotion_BringsHappiness जब किसी की मौत होती है तो यम के दूत उसे लेने आते हैं और उसे दंडित करते हैं कर्म आधार पर। जबकि सतगुरु संत रामपाल जी महाराज की भक्ति करने से यमदूतों से भी रक्षा हो रही है। संत गरीबदास जी बताते हैं-
सतगुरु जो चाहे सो करही, चौदह कोटि दूत जम डरहीं।
ऊत भूत जम त्रास निवारे, चित्र गुप्त के कागज फारै ।।
#❤️जीवन की सीख सुनते आए हैं कि परमात्मा अंधों को आँख, कोढ़ी को काया, बाँझन को पुत्र और निर्धन व्यक्ति को धन देता है। वर्तमान समय में यह सर्व सुख संत रामपाल जी महाराज द्वारा बताई गई सतभक्ति करने से लोगों को मिल रहे हैं जोकि स्वयं पूर्ण परमात्मा कबीर साहेब जी के अवतार हैं। कबीर साहेब जी ने भी कहा है -
मम संत मुझे जान, मेरा ही स्वरूपं।




![🙏🏻आध्यात्मिकता😇 - বিংব ফ शुभचिंतक परम संत रामपाल जी महाराज कोविड- १९ संकट काल में बने रक्षक! महामारी के दौरान जब दुनिया डरी थील जी के आश्रम बने अस्पताल | संत रामपाल को भोजन और दवा लोगों கeisi बचाई अनगिनत जानें | पहुँचाकर को घर घर जाकर बांटा राशन নমনমরন अपत মানাণd 29 द३् म ठोराना परा) 31418 तमनी फत। 31 దిచాా T 01 64 तफद्षाऊ्न नळ सपमन राजी- रोटी ठी লীীণী ক্রী বহাল মাeল 818 13 '11 जररतमद अनुयायी ] বলদাল ক दससमस्या ठासमनान " ।जिल भाडिया ठो- आटिनेटर तिए स।मपात अनुवखिया ने पर-पर पदचन खममिषडदीह 17471 கியா #7ஈபHம ।पिच वताय ि तोलष्ठाऊन तुफवार ठो जिता जरूरतमद तोगी छो सुखे राशा बाटनै ठन = எரன1 जवळवर दस आनत O आहिनटर रणवीर दास. सेशल मीरिय जरूरतमदा छोरशन दटाा 9767' ससानम 41 64 4 Youlube SA News Channel FBB Book SA NEWS Channel | @SatlokAshramNewsChannel 7496801825 7 173M subscribers বিংব ফ शुभचिंतक परम संत रामपाल जी महाराज कोविड- १९ संकट काल में बने रक्षक! महामारी के दौरान जब दुनिया डरी थील जी के आश्रम बने अस्पताल | संत रामपाल को भोजन और दवा लोगों கeisi बचाई अनगिनत जानें | पहुँचाकर को घर घर जाकर बांटा राशन নমনমরন अपत মানাণd 29 द३् म ठोराना परा) 31418 तमनी फत। 31 దిచాా T 01 64 तफद्षाऊ्न नळ सपमन राजी- रोटी ठी লীীণী ক্রী বহাল মাeল 818 13 '11 जररतमद अनुयायी ] বলদাল ক दससमस्या ठासमनान " ।जिल भाडिया ठो- आटिनेटर तिए स।मपात अनुवखिया ने पर-पर पदचन खममिषडदीह 17471 கியா #7ஈபHம ।पिच वताय ि तोलष्ठाऊन तुफवार ठो जिता जरूरतमद तोगी छो सुखे राशा बाटनै ठन = எரன1 जवळवर दस आनत O आहिनटर रणवीर दास. सेशल मीरिय जरूरतमदा छोरशन दटाा 9767' ससानम 41 64 4 Youlube SA News Channel FBB Book SA NEWS Channel | @SatlokAshramNewsChannel 7496801825 7 173M subscribers - ShareChat 🙏🏻आध्यात्मिकता😇 - বিংব ফ शुभचिंतक परम संत रामपाल जी महाराज कोविड- १९ संकट काल में बने रक्षक! महामारी के दौरान जब दुनिया डरी थील जी के आश्रम बने अस्पताल | संत रामपाल को भोजन और दवा लोगों கeisi बचाई अनगिनत जानें | पहुँचाकर को घर घर जाकर बांटा राशन নমনমরন अपत মানাণd 29 द३् म ठोराना परा) 31418 तमनी फत। 31 దిచాా T 01 64 तफद्षाऊ्न नळ सपमन राजी- रोटी ठी লীীণী ক্রী বহাল মাeল 818 13 '11 जररतमद अनुयायी ] বলদাল ক दससमस्या ठासमनान " ।जिल भाडिया ठो- आटिनेटर तिए स।मपात अनुवखिया ने पर-पर पदचन खममिषडदीह 17471 கியா #7ஈபHம ।पिच वताय ि तोलष्ठाऊन तुफवार ठो जिता जरूरतमद तोगी छो सुखे राशा बाटनै ठन = எரன1 जवळवर दस आनत O आहिनटर रणवीर दास. सेशल मीरिय जरूरतमदा छोरशन दटाा 9767' ससानम 41 64 4 Youlube SA News Channel FBB Book SA NEWS Channel | @SatlokAshramNewsChannel 7496801825 7 173M subscribers বিংব ফ शुभचिंतक परम संत रामपाल जी महाराज कोविड- १९ संकट काल में बने रक्षक! महामारी के दौरान जब दुनिया डरी थील जी के आश्रम बने अस्पताल | संत रामपाल को भोजन और दवा लोगों கeisi बचाई अनगिनत जानें | पहुँचाकर को घर घर जाकर बांटा राशन নমনমরন अपत মানাণd 29 द३् म ठोराना परा) 31418 तमनी फत। 31 దిచాా T 01 64 तफद्षाऊ्न नळ सपमन राजी- रोटी ठी লীীণী ক্রী বহাল মাeল 818 13 '11 जररतमद अनुयायी ] বলদাল ক दससमस्या ठासमनान " ।जिल भाडिया ठो- आटिनेटर तिए स।मपात अनुवखिया ने पर-पर पदचन खममिषडदीह 17471 கியா #7ஈபHம ।पिच वताय ि तोलष्ठाऊन तुफवार ठो जिता जरूरतमद तोगी छो सुखे राशा बाटनै ठन = எரன1 जवळवर दस आनत O आहिनटर रणवीर दास. सेशल मीरिय जरूरतमदा छोरशन दटाा 9767' ससानम 41 64 4 Youlube SA News Channel FBB Book SA NEWS Channel | @SatlokAshramNewsChannel 7496801825 7 173M subscribers - ShareChat](https://cdn4.sharechat.com/bd5223f_s1w/compressed_gm_40_img_941464_2d1ee427_1770894937568_sc.jpg?tenant=sc&referrer=user-profile-service%2FrequestType50&f=568_sc.jpg)
![🙏🏻आध्यात्मिकता😇 - क्या श्राद्ध करना चाहिए? इस्कॉन संस्था वाले पितृ पूजा, भूत पूजा , श्राद्ध करवाते हैं! पवित्र गीता जी कहती हैकि ये नहीं करना चाहिए। फिर हम क्यों करते हैं२ गीता अध्याय 9 श्लोक २५ श्रीमदभगवत गीता के इस प्रमाण से यान्ति देववृत्तः देवान पितृन यान्ति पितृवृतः [' हुआ जो पितृ पूजा (श्राद्ध आदि) यान्ति भूतेज्याः यान्ति मध्याजिन्ह अपि मम মুনানি करते हैं वे मोक्ष प्राप्त नहीं कर पाते , ||25|| अनुवादः देववृताः ) देवताओं के उपासक (देवान देवताओं के पास (यांति) जाते हैें (पितृवृत्तः ) पितररों के वे यमलोक में (पितृन) पितरों कै पास (यांति) जाते है उपासक पितरों को प्राप्त (भूतेज्याः ) भूर्तों के उपासक ( भूतानि) भूत (यांति) जाते है तथा | मध्याजिनः ) डसी प्रकार मेरेजो भक्त शास्त्र होते हैं। विधि से पूजा करते हे॰वे मतानुसार अपि) को भी॰ (माम) मुझे (याति) प्राप्त करते है। (२५) मेरे अज़ीज़ हिंदुओं स्वयं पढ़ो अपने ग्रंथ जगतगुरू तत्त्वदर्शी संत रामपालजी महाराज हिन्दू साहेबान! नहीं समझे फो चुक PDF पाएं SUBSCRIBE சப்பகூ ailell శగ gI01 SownleadPPFf [fToMAPpRA] Factful Debates 7496801822 douTute क्या श्राद्ध करना चाहिए? इस्कॉन संस्था वाले पितृ पूजा, भूत पूजा , श्राद्ध करवाते हैं! पवित्र गीता जी कहती हैकि ये नहीं करना चाहिए। फिर हम क्यों करते हैं२ गीता अध्याय 9 श्लोक २५ श्रीमदभगवत गीता के इस प्रमाण से यान्ति देववृत्तः देवान पितृन यान्ति पितृवृतः [' हुआ जो पितृ पूजा (श्राद्ध आदि) यान्ति भूतेज्याः यान्ति मध्याजिन्ह अपि मम মুনানি करते हैं वे मोक्ष प्राप्त नहीं कर पाते , ||25|| अनुवादः देववृताः ) देवताओं के उपासक (देवान देवताओं के पास (यांति) जाते हैें (पितृवृत्तः ) पितररों के वे यमलोक में (पितृन) पितरों कै पास (यांति) जाते है उपासक पितरों को प्राप्त (भूतेज्याः ) भूर्तों के उपासक ( भूतानि) भूत (यांति) जाते है तथा | मध्याजिनः ) डसी प्रकार मेरेजो भक्त शास्त्र होते हैं। विधि से पूजा करते हे॰वे मतानुसार अपि) को भी॰ (माम) मुझे (याति) प्राप्त करते है। (२५) मेरे अज़ीज़ हिंदुओं स्वयं पढ़ो अपने ग्रंथ जगतगुरू तत्त्वदर्शी संत रामपालजी महाराज हिन्दू साहेबान! नहीं समझे फो चुक PDF पाएं SUBSCRIBE சப்பகூ ailell శగ gI01 SownleadPPFf [fToMAPpRA] Factful Debates 7496801822 douTute - ShareChat 🙏🏻आध्यात्मिकता😇 - क्या श्राद्ध करना चाहिए? इस्कॉन संस्था वाले पितृ पूजा, भूत पूजा , श्राद्ध करवाते हैं! पवित्र गीता जी कहती हैकि ये नहीं करना चाहिए। फिर हम क्यों करते हैं२ गीता अध्याय 9 श्लोक २५ श्रीमदभगवत गीता के इस प्रमाण से यान्ति देववृत्तः देवान पितृन यान्ति पितृवृतः [' हुआ जो पितृ पूजा (श्राद्ध आदि) यान्ति भूतेज्याः यान्ति मध्याजिन्ह अपि मम মুনানি करते हैं वे मोक्ष प्राप्त नहीं कर पाते , ||25|| अनुवादः देववृताः ) देवताओं के उपासक (देवान देवताओं के पास (यांति) जाते हैें (पितृवृत्तः ) पितररों के वे यमलोक में (पितृन) पितरों कै पास (यांति) जाते है उपासक पितरों को प्राप्त (भूतेज्याः ) भूर्तों के उपासक ( भूतानि) भूत (यांति) जाते है तथा | मध्याजिनः ) डसी प्रकार मेरेजो भक्त शास्त्र होते हैं। विधि से पूजा करते हे॰वे मतानुसार अपि) को भी॰ (माम) मुझे (याति) प्राप्त करते है। (२५) मेरे अज़ीज़ हिंदुओं स्वयं पढ़ो अपने ग्रंथ जगतगुरू तत्त्वदर्शी संत रामपालजी महाराज हिन्दू साहेबान! नहीं समझे फो चुक PDF पाएं SUBSCRIBE சப்பகூ ailell శగ gI01 SownleadPPFf [fToMAPpRA] Factful Debates 7496801822 douTute क्या श्राद्ध करना चाहिए? इस्कॉन संस्था वाले पितृ पूजा, भूत पूजा , श्राद्ध करवाते हैं! पवित्र गीता जी कहती हैकि ये नहीं करना चाहिए। फिर हम क्यों करते हैं२ गीता अध्याय 9 श्लोक २५ श्रीमदभगवत गीता के इस प्रमाण से यान्ति देववृत्तः देवान पितृन यान्ति पितृवृतः [' हुआ जो पितृ पूजा (श्राद्ध आदि) यान्ति भूतेज्याः यान्ति मध्याजिन्ह अपि मम মুনানি करते हैं वे मोक्ष प्राप्त नहीं कर पाते , ||25|| अनुवादः देववृताः ) देवताओं के उपासक (देवान देवताओं के पास (यांति) जाते हैें (पितृवृत्तः ) पितररों के वे यमलोक में (पितृन) पितरों कै पास (यांति) जाते है उपासक पितरों को प्राप्त (भूतेज्याः ) भूर्तों के उपासक ( भूतानि) भूत (यांति) जाते है तथा | मध्याजिनः ) डसी प्रकार मेरेजो भक्त शास्त्र होते हैं। विधि से पूजा करते हे॰वे मतानुसार अपि) को भी॰ (माम) मुझे (याति) प्राप्त करते है। (२५) मेरे अज़ीज़ हिंदुओं स्वयं पढ़ो अपने ग्रंथ जगतगुरू तत्त्वदर्शी संत रामपालजी महाराज हिन्दू साहेबान! नहीं समझे फो चुक PDF पाएं SUBSCRIBE சப்பகூ ailell శగ gI01 SownleadPPFf [fToMAPpRA] Factful Debates 7496801822 douTute - ShareChat](https://cdn4.sharechat.com/bd5223f_s1w/compressed_gm_40_img_522595_2dd1b483_1757949521090_sc.jpg?tenant=sc&referrer=user-profile-service%2FrequestType50&f=090_sc.jpg)


